LIVE | ...
बुधवार, 3 जून 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - RBI Gold Reserves Fake News: आरबीआई ने सोना बेचने की खबर को बताया झूठा

RBI Gold Reserves Fake News: आरबीआई ने सोना बेचने की खबर को बताया झूठा

Bloomberg की सनसनीखेज रिपोर्ट का PIB और RBI ने किया खंडन – 12 अरब डॉलर सोना बेचने का दावा निकला फर्जी, जानें पूरी सच्चाई

अभिनव कश्यप by अभिनव कश्यप
बुधवार, 3 जून 2026
in Breaking News, NEWS-TICKER, बिज़नेस
A A
0
RBI Gold Reserves Fake News
104
SHARES
695
VIEWS
ShareShareShareShareShare

RBI Gold Reserves Fake News: क्या भारतीय रिजर्व बैंक ने चुपचाप देश का सोना बेच दिया? क्या गिरते रुपये को बचाने के लिए आरबीआई को सोने का भंडार खाली करना पड़ रहा है? अमेरिकी मीडिया संस्थान Bloomberg की एक रिपोर्ट ने यह सनसनीखेज दावा किया और पूरे देश में हलचल मच गई। लेकिन अब सरकार और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया दोनों ने इस खबर को पूरी तरह से झूठा और भ्रामक बताया है।

2 जून को जब यह खबर सामने आई तो सोशल मीडिया पर तूफान आ गया। देखा जाए तो ब्लूमबर्ग जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान की रिपोर्ट पर लोग आसानी से विश्वास कर लेते हैं। लेकिन इस बार मामला अलग था। PIB Fact Check और Reserve Bank of India ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए साफ किया कि भारत के सोने के भंडार में कोई कमी नहीं आई है और यह दावा पूरी तरह से गलत है।

🔍 यह भी पढ़ें- बड़ा फैसला: Silver Import पर भारत सरकार का सख्त प्रतिबंध, Gold पर भी नई सीमा

Bloomberg ने क्या दावा किया था?

अमेरिकी मीडिया आउटलेट ब्लूमबर्ग ने 2 जून को एक विस्तृत रिपोर्ट प्रकाशित की जिसमें यह अंदेशा जताया गया कि आरबीआई ने 22 मई से बीते दो हफ्तों के भीतर करीब 12 अरब डॉलर (लगभग ₹1,04,000 करोड़) का सोना बेचा है।

समझने वाली बात है कि यह कोई छोटी रकम नहीं है। भारतीय रुपयों में इसकी कीमत करीब एक लाख चार हजार करोड़ रुपये बैठती है। संदर्भ के लिए बता दें कि भारत सरकार का पूरे साल का शिक्षा बजट लगभग ₹1.25 लाख करोड़ है। यानी लगभग पूरे शिक्षा बजट के बराबर सोना बेचने का दावा किया गया था।

रिपोर्ट में कहा गया कि ब्लूमबर्ग के सीनियर इकोनॉमिस्ट अभिषेक गुप्ता ने सार्वजनिक रूप से उपलब्ध आंकड़ों का विश्लेषण करके यह निष्कर्ष निकाला। अगर गौर करें तो इस दावे के पीछे एक तर्क दिया गया था – हाल ही में केंद्र सरकार ने सोने पर आयात शुल्क बढ़ाया था, जिससे सोने की कीमतें और आरबीआई के गोल्ड रिजर्व की वैल्यू बढ़नी चाहिए थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

🔍 यह भी पढ़ें- बड़ा खंडन: RBI Gold Reserve Sale की खबर गलत, वित्त मंत्रालय ने किया स्पष्ट

रिपोर्ट में और क्या-क्या कहा गया?

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट सिर्फ सोना बेचने तक सीमित नहीं थी। इसमें कई अन्य दावे भी किए गए थे जो भारतीय अर्थव्यवस्था की स्थिति को लेकर चिंताजनक तस्वीर पेश करते थे:

विदेशी मुद्रा खरीद: रिपोर्ट में दावा किया गया कि आरबीआई ने इसी दौरान 7.5 अरब डॉलर की विदेशी करेंसी (मुख्यतः अमेरिकी डॉलर) खरीदी।

रुपये को बचाने की कोशिश: कहा गया कि यह सब गिरती भारतीय रुपये की कीमतों को थामने के लिए किया गया।

ईरान संकट का असर: ईरान-इजराइल तनाव और स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज बंद होने की आशंका से तेल की कीमतें बढ़ीं, जिससे भारत का आयात बिल भी बढ़ा।

पूंजी का बहिर्गमन: लगातार विदेशी निवेशक भारत से पैसा निकाल रहे हैं (Capital Outflow)।

आरबीआई की प्राथमिकताएं: ब्लूमबर्ग ने लिखा कि आरबीआई की प्राथमिकता फिलहाल विदेशी मुद्रा भंडार बढ़ाना और गिरते रुपये को बचाना है।

दिलचस्प बात यह है कि रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि आरबीआई ब्याज दरें बढ़ाने और विदेशी निवेशकों से डॉलर जुटाने जैसे विकल्पों पर विचार कर रहा है। साथ ही सरकार ने तेल की कीमतें बढ़ाने और सोने पर आयात शुल्क दोगुना से भी अधिक करने का फैसला किया है।

🔍 यह भी पढ़ें- Gold Silver Price: सोने-चांदी में तेज गिरावट, 29 अप्रैल के US Fed फैसले पर टिकी निगाहें

PIB Fact Check ने तुरंत किया खंडन

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के कुछ घंटों बाद ही Press Information Bureau (PIB) की Fact Check यूनिट ने इस दावे को पूरी तरह से गलत बताया। PIB ने अपने आधिकारिक X (पूर्व में Twitter) अकाउंट पर स्पष्ट किया कि यह खबर फर्जी है और भारत के सोने का भंडार यथावत बना हुआ है।

PIB ने लिखा: “यह दावा पूरी तरह गलत है। देश का सोने का भंडार अभी भी यथावत बना हुआ है। भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी सितंबर 2025 के अंत में 13.92% से बढ़कर 31 मार्च 2026 को 16.70% हो गई है और 22 मई 2026 तक यह और बढ़कर 16.85% हो गई है।”

यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि PIB ने आंकड़ों के साथ साफ किया कि न केवल सोना बेचा नहीं गया, बल्कि विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी वास्तव में बढ़ी है। यह ब्लूमबर्ग के दावे के बिल्कुल विपरीत है।

RBI ने जारी की आधिकारिक प्रेस रिलीज

PIB के बाद खुद रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने भी एक विस्तृत प्रेस रिलीज जारी की। आरबीआई ने स्पष्ट शब्दों में कहा:

“मीडिया के कुछ हिस्सों में ऐसी रिपोर्ट्स मिली हैं जिनमें Reserve Bank of India की ओर से सोना बेचे जाने की बात कही गई है। आरबीआई स्पष्ट करता है कि यह रिपोर्ट सही नहीं है। सोने के फिजिकल स्टॉक की जानकारी आरबीआई के मासिक बुलेटिन में दी जाती है। आज की तारीख तक कुल स्टॉक 880.52 टन है। इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है।”

और बस यहीं से शुरू हुई असली कहानी। आरबीआई ने आगे अपील की कि “ऐसे मामलों में केवल बैंक की ओर से दी जाने वाली आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें। हमारी वेबसाइट पर सभी डेटा पारदर्शिता के साथ उपलब्ध है।”

समझने वाली बात है कि आरबीआई ने सिर्फ खंडन नहीं किया, बल्कि सटीक आंकड़े भी दिए। 880.52 टन सोने का भंडार बरकरार है और इसमें एक ग्राम की भी कमी नहीं आई है।

💡 यह भी पढ़ें- 8th Pay Commission 2026: Salary Hike से पहले Govt Employees को बड़ा Gift

सोने के भंडार में हिस्सेदारी बढ़ी, घटी नहीं

PIB और RBI दोनों ने जो आंकड़े दिए हैं, वे वास्तव में ब्लूमबर्ग के दावे को पूरी तरह से खारिज करते हैं। आइए इन आंकड़ों को तालिका में समझें:

समय अवधिविदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारीरुझान
सितंबर 2025 (अंत)13.92%बेसलाइन
31 मार्च 202616.70%↑ बढ़ी
22 मई 202616.85%↑ और बढ़ी

इससे साफ होता है कि न केवल सोना बेचा नहीं गया, बल्कि भारत के कुल विदेशी मुद्रा भंडार में सोने का अनुपात लगातार बढ़ रहा है। यह एक स्वस्थ अर्थव्यवस्था का संकेत है।

Bloomberg का विश्लेषण कहां चूका?

अब सवाल उठता है कि ब्लूमबर्ग जैसा प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान इतना बड़ा दावा करने में कैसे गलती कर सकता है? देखा जाए तो यह एक जटिल आर्थिक विश्लेषण का मामला था जिसमें कई चीजों को गलत तरीके से जोड़ दिया गया।

सोने पर आयात शुल्क: सरकार ने हाल ही में सोने पर आयात शुल्क बढ़ाया था। इससे स्वाभाविक रूप से सोने की कीमत और आरबीआई के रिजर्व की वैल्यू बढ़नी चाहिए थी।

वैल्यूएशन का तरीका: लेकिन आरबीआई सोने का मूल्यांकन अलग तरीके से करता है। यह सिर्फ बाजार मूल्य पर आधारित नहीं होता।

डेटा की गलत व्याख्या: संभवतः अभिषेक गुप्ता ने जो सार्वजनिक डेटा देखा, उसकी गलत व्याख्या की गई।

चिंता का विषय यह है कि जब किसी प्रतिष्ठित संस्थान से ऐसी खबर आती है, तो लाखों लोग बिना जांच-पड़ताल के उस पर विश्वास कर लेते हैं। और यही भ्रामक सूचना का खतरा है।

भारत का सोना भंडार – कितना और कहां?

आइए समझें कि भारत के पास वास्तव में कितना सोना है और यह कहां रखा जाता है। आरबीआई के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार:

कुल भौतिक स्टॉक: 880.52 टन (मेट्रिक टन)

भंडारण स्थान: आरबीआई के तिजोरियों में (मुख्यतः मुंबई), बैंक ऑफ इंग्लैंड की तिजोरियों में, और Bank for International Settlements में

उद्देश्य: विदेशी मुद्रा भंडार को मजबूती देना, आर्थिक संकट के समय सुरक्षा कवच के रूप में काम करना

दिलचस्पी बात यह है कि भारत दुनिया के शीर्ष 10 सोना धारक देशों में शामिल है। हालांकि अमेरिका (8,133 टन) और जर्मनी (3,355 टन) के मुकाबले यह कम है, लेकिन भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए यह पर्याप्त सुरक्षा कवच है।

रुपये की गिरावट की असली स्थिति

हालांकि सोना बेचने की खबर झूठी निकली, लेकिन ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में जो अन्य आर्थिक चुनौतियां गिनाई गई थीं, उन पर सरकार या आरबीआई ने कोई विस्तृत टिप्पणी नहीं की। यह सच है कि:

रुपया दबाव में है: अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया पिछले कुछ महीनों में कमजोर हुआ है

यह भी पढे़ं 👇

Punjab Employees Protest

Punjab Govt Employees Protest: ₹15000 करोड़ DA बकाया, कर्मचारी कोर्ट के सहारे

बुधवार, 3 जून 2026
Government Media Control

Government Media Control: विज्ञापन के जरिए मीडिया पर सरकारी नियंत्रण की पूरी कहानी

बुधवार, 3 जून 2026
UPSC Prelims Result 2026

UPSC Prelims Result 2026: यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षा का रिजल्ट 10 जून तक आ सकता है

बुधवार, 3 जून 2026
El Niño 2026 Alert

El Niño 2026 Alert: अलनीनो का खतरा मंडराया भारत पर, मानसून कमजोर रहने की आशंका

बुधवार, 3 जून 2026

तेल की कीमतें बढ़ी हैं: ईरान-इजराइल तनाव और वैश्विक भू-राजनीतिक स्थिति से कच्चे तेल की कीमतें बढ़ी हैं, जिससे भारत का आयात बिल भी बढ़ा है

पूंजी का बहिर्गमन: कुछ हद तक विदेशी निवेशक भारतीय बाजार से पैसा निकाल रहे हैं

लेकिन यह सामान्य आर्थिक उतार-चढ़ाव है। इसका मतलब यह नहीं कि भारत की आर्थिक स्थिति खराब है या आरबीआई को सोना बेचने की जरूरत पड़ रही है।

विदेशी मुद्रा भंडार की वास्तविक स्थिति

भारत का कुल विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserves) वर्तमान में लगभग $600 अरब से अधिक है। यह दुनिया में चौथा सबसे बड़ा विदेशी मुद्रा भंडार है। इसमें शामिल हैं:

घटकविवरण
विदेशी मुद्रा परिसंपत्तियांडॉलर, यूरो, पाउंड आदि
सोना880.52 टन (लगभग $60-65 अरब मूल्य)
SDR (Special Drawing Rights)IMF से प्राप्त विशेष आहरण अधिकार
IMF में रिजर्व ट्रांचअंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष में भारत की हिस्सेदारी

राहत की बात यह है कि भारत का विदेशी मुद्रा भंडार इतना मजबूत है कि यह लगभग 10-11 महीने के आयात को कवर कर सकता है। यह एक स्वस्थ संकेतक है।

सरकार की पारदर्शिता पर सवाल

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में जो अन्य आर्थिक मुद्दे उठाए गए थे – जैसे रुपये की कमजोरी, पूंजी का बहिर्गमन, तेल की बढ़ती कीमतों का असर – उन पर न तो आरबीआई और न ही वित्त मंत्रालय ने कोई विस्तृत स्पष्टीकरण दिया।

उम्मीद है कि सरकार पारदर्शिता के साथ सारी जानकारी देश के सामने रखेगी। जनता को यह जानने का अधिकार है कि देश की आर्थिक स्थिति वास्तव में क्या है। सोना न बेचने की बात साफ हो गई, लेकिन अन्य आर्थिक चुनौतियों पर भी स्पष्टता जरूरी है।

आयात शुल्क बढ़ाने के फैसले

यह सच है कि हाल ही में सरकार ने कुछ महत्वपूर्ण आर्थिक फैसले लिए हैं:

सोने पर आयात शुल्क बढ़ाया: पहले जो शुल्क था उसे दोगुना से भी अधिक कर दिया गया। इसका उद्देश्य सोने के आयात को कम करना और विदेशी मुद्रा की बचत करना है।

पेट्रोल-डीजल की कीमतें: कुछ राज्यों में ईंधन की कीमतों में वृद्धि की गई।

पूंजी प्रवाह नियंत्रण: विदेशी पूंजी के बहिर्गमन को नियंत्रित करने के उपाय।

समझने वाली बात है कि ये सभी कदम वैश्विक आर्थिक दबावों और युद्ध की स्थितियों के मद्देनजर उठाए गए सामान्य उपाय हैं। इसे संकट नहीं, बल्कि सतर्क प्रबंधन कहा जा सकता है।

सोशल मीडिया पर फैली अफवाहों का असर

जब ब्लूमबर्ग की यह रिपोर्ट आई, तो सोशल मीडिया पर तूफान आ गया। कई लोगों ने बिना जांच-पड़ताल के इसे शेयर करना शुरू कर दिया। “देश का सोना बेच दिया,” “आर्थिक संकट,” “सरकार की विफलता” जैसे नैरेटिव बनाए जाने लगे।

यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि डिजिटल युग में गलत सूचना कितनी तेजी से फैलती है। एक बार कोई सनसनीखेज दावा सामने आ जाए, तो लाखों लोग उसे बिना सत्यापन के आगे बढ़ा देते हैं।

राहत की बात यह है कि PIB Fact Check और RBI ने समय रहते हस्तक्षेप किया और सही जानकारी सामने रखी। लेकिन तब तक नुकसान हो चुका था – कई लोगों के मन में संदेह पैदा हो चुका था।

Bloomberg को जवाबदेह ठहराना जरूरी

सवाल उठता है कि क्या ब्लूमबर्ग को इस गलत रिपोर्ट के लिए जवाबदेह ठहराया जाएगा? क्या वे अपनी गलती स्वीकार करेंगे और सुधार प्रकाशित करेंगे?

अभी तक ब्लूमबर्ग की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण या माफी नहीं आई है। चिंता का विषय यह है कि अंतरराष्ट्रीय मीडिया संस्थान कई बार भारत के बारे में भ्रामक या अधूरी जानकारी प्रकाशित करते हैं, और बाद में उसे सुधारने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाते।

उम्मीद है कि ब्लूमबर्ग अपनी जिम्मेदारी समझेगा और इस मामले में पारदर्शिता दिखाएगा।

आम जनता के लिए सीख

यह पूरा प्रकरण हम सभी के लिए एक महत्वपूर्ण सीख है:

हर खबर पर तुरंत विश्वास न करें: चाहे कितना भी बड़ा मीडिया संस्थान क्यों न हो, हमेशा आधिकारिक स्रोतों से पुष्टि करें।

PIB Fact Check को फॉलो करें: सरकार की आधिकारिक Fact Check यूनिट ऐसी भ्रामक खबरों का खंडन करती है।

आरबीआई की वेबसाइट देखें: सभी महत्वपूर्ण आंकड़े – सोना भंडार, विदेशी मुद्रा भंडार आदि – आरबीआई की वेबसाइट पर नियमित रूप से अपडेट होते हैं।

सोशल मीडिया पर सतर्क रहें: हर वायरल पोस्ट सच नहीं होती। शेयर करने से पहले सोचें।

भारतीय अर्थव्यवस्था की वास्तविक तस्वीर

इस पूरे विवाद से एक बात साफ है – भारतीय अर्थव्यवस्था की स्थिति उतनी खराब नहीं है जितनी कुछ रिपोर्ट्स में दिखाने की कोशिश की जाती है। हां, चुनौतियां हैं – वैश्विक मंदी, भू-राजनीतिक तनाव, महंगाई – लेकिन भारत की आर्थिक बुनियाद मजबूत है।

880.52 टन सोना, $600 अरब से अधिक का विदेशी मुद्रा भंडार, और लगातार बढ़ती GDP – ये सभी संकेतक बताते हैं कि भारत सही दिशा में आगे बढ़ रहा है।

इससे साफ होता है कि तथ्यों पर आधारित चर्चा जरूरी है, न कि अटकलों और अफवाहों पर आधारित बहस।


मुख्य बातें (Key Points)

• Bloomberg ने 2 जून को दावा किया कि आरबीआई ने 12 अरब डॉलर (₹1.04 लाख करोड़) का सोना बेचा है, लेकिन PIB Fact Check और RBI दोनों ने इसे पूरी तरह झूठा बताया

• आरबीआई ने स्पष्ट किया कि भारत का सोने का भंडार 880.52 टन बरकरार है और इसमें एक ग्राम की भी कमी नहीं आई; विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी 13.92% से बढ़कर 16.85% हुई

• रिपोर्ट में रुपये की गिरावट, पूंजी बहिर्गमन और तेल की बढ़ती कीमतों का भी जिक्र था, लेकिन इन मुद्दों पर सरकार ने विस्तृत स्पष्टीकरण नहीं दिया

• यह प्रकरण भ्रामक सूचना के खतरे और आधिकारिक स्रोतों से सत्यापन की जरूरत को रेखांकित करता है


FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: क्या वास्तव में RBI ने सोना बेचा है?

नहीं, यह खबर पूरी तरह से गलत है। PIB Fact Check और Reserve Bank of India दोनों ने स्पष्ट किया है कि भारत का सोने का भंडार 880.52 टन बरकरार है। आरबीआई की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध मासिक बुलेटिन में यह जानकारी दी जाती है और इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है।

प्रश्न 2: Bloomberg की रिपोर्ट में क्या गलती हुई?

Bloomberg के इकोनॉमिस्ट ने संभवतः सार्वजनिक डेटा की गलत व्याख्या की। सोने पर आयात शुल्क बढ़ने के बाद सोने की वैल्यू में अपेक्षित वृद्धि न दिखने को आधार बनाकर यह अनुमान लगाया गया कि सोना बेचा गया। लेकिन RBI सोने का मूल्यांकन अलग तरीके से करता है और वास्तविक भौतिक स्टॉक में कोई बदलाव नहीं हुआ।

प्रश्न 3: भारत के पास कुल कितना सोना है और यह कहां रखा जाता है?

भारत के पास वर्तमान में 880.52 टन (मेट्रिक टन) सोना है। यह मुख्यतः RBI की तिजोरियों में (मुंबई), Bank of England की तिजोरियों में, और Bank for International Settlements में सुरक्षित रखा जाता है। यह विदेशी मुद्रा भंडार का लगभग 16.85% हिस्सा है।

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Delhi Restaurant Fire: मालवीय नगर के होटल में भीषण आग, 21 लोगों की मौत

Next Post

Daraxonrasib Cancer Pill: पैनक्रियाटिक कैंसर के लिए गेम चेंजर दवा, दिन में एक गोली से दोगुनी हो गई जिंदगी

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप 'The News Air' के संस्थापक और मुख्य संपादक (Chief Editor) हैं। डिजिटल मीडिया में उनके अनुभव में ग्राउंड रिपोर्टिंग, न्यूज़ डेस्क ऑपरेशन और एडिटोरियल लीडरशिप शामिल है। वे हर खबर की फैक्ट-चेकिंग और संपादन की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करते हैं। राजनीति, चुनाव विश्लेषण, सामाजिक मुद्दे और डिजिटल मीडिया ट्रेंड्स उनकी विशेषज्ञता के प्रमुख क्षेत्र हैं। अभिनव का संपादकीय सिद्धांत है "सनसनी नहीं, सच्चाई; तेज़ी नहीं, तथ्य।"

Related Posts

Punjab Employees Protest

Punjab Govt Employees Protest: ₹15000 करोड़ DA बकाया, कर्मचारी कोर्ट के सहारे

बुधवार, 3 जून 2026
Government Media Control

Government Media Control: विज्ञापन के जरिए मीडिया पर सरकारी नियंत्रण की पूरी कहानी

बुधवार, 3 जून 2026
UPSC Prelims Result 2026

UPSC Prelims Result 2026: यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षा का रिजल्ट 10 जून तक आ सकता है

बुधवार, 3 जून 2026
El Niño 2026 Alert

El Niño 2026 Alert: अलनीनो का खतरा मंडराया भारत पर, मानसून कमजोर रहने की आशंका

बुधवार, 3 जून 2026
Daraxonrasib cancer pill

Daraxonrasib Cancer Pill: पैनक्रियाटिक कैंसर के लिए गेम चेंजर दवा, दिन में एक गोली से दोगुनी हो गई जिंदगी

बुधवार, 3 जून 2026
Delhi Restaurant Fire

Delhi Restaurant Fire: मालवीय नगर के होटल में भीषण आग, 21 लोगों की मौत

बुधवार, 3 जून 2026
Next Post
Daraxonrasib cancer pill

Daraxonrasib Cancer Pill: पैनक्रियाटिक कैंसर के लिए गेम चेंजर दवा, दिन में एक गोली से दोगुनी हो गई जिंदगी

El Niño 2026 Alert

El Niño 2026 Alert: अलनीनो का खतरा मंडराया भारत पर, मानसून कमजोर रहने की आशंका

UPSC Prelims Result 2026

UPSC Prelims Result 2026: यूपीएससी प्रारंभिक परीक्षा का रिजल्ट 10 जून तक आ सकता है

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।