LIVE | ...
मंगलवार, 18 अगस्त 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - Punjab De-Silting Policy: NGT और High Court ने भगवंत मान की सरकार को घेरा, मान सरकार ने दी दलील

Punjab De-Silting Policy: NGT और High Court ने भगवंत मान की सरकार को घेरा, मान सरकार ने दी दलील

सतलुज, रावी, ब्यास नदियों से गाद निकालने की योजना पर NGT और हाई कोर्ट की रोक, सरकार की दलील—यह बाढ़ रोकने के लिए जरूरी

अभिनव कश्यप by अभिनव कश्यप
बुधवार, 10 जून 2026
in Breaking News, NEWS-TICKER, पंजाब, हरियाणा
A A
0
Middle East tension Punjab helpline
104
SHARES
693
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Punjab De-Silting Policy: पंजाब सरकार इन दिनों एक बड़ी कानूनी उलझन में फंस गई है। National Green Tribunal (NGT) और Punjab-Haryana High Court ने दरियाओं से गाद निकालने की नीति को माइनिंग गतिविधि करार दिया है। और बस यहीं से शुरू हुई असली मुश्किल।

अगर गौर करें तो मामला यह है कि पंजाब सरकार ने अप्रैल-मई 2026 में सतलुज, रावी, ब्यास और घग्गर नदियों से 79 साइटों पर डी-सिल्टिंग (गाद निकालने) के लिए टेंडर जारी किए थे। सरकार का तर्क था कि यह बाढ़ से बचाव के लिए जरूरी है। लेकिन NGT और High Court ने इसे “वाणिज्यिक रेत माइनिंग” मान लिया। और अब सरकार को पर्यावरण मंजूरी (environmental clearance) लेने के लिए कहा गया है।

दिलचस्प बात यह है कि मानसून शुरू होने वाला है और बाढ़ का खतरा बढ़ रहा है, लेकिन सरकार के हाथ बंधे हैं। यह पंजाब के लिए एक बेहद नाजुक स्थिति है।

🔍 यह भी पढ़ें- Panjab University Punjabi Signboard: मालविंदर कंग का बड़ा एक्शन, तुरंत झुका प्रशासन!

High Court ने क्या कहा?

Punjab और Haryana High Court ने रोपड़ जिले की सतलुज और स्वां नदी के कुछ स्थानों पर गैर-कानूनी माइनिंग के मुद्दे को लेकर माइनिंग गतिविधि पर तुरंत रोक लगाने के लिए कहा है।

High Court में पंजाब सरकार ने पक्ष रखा कि साइट पर कोई खनन नहीं की जा रही है, बल्कि मौजूदा पुलों की मजबूती के लिए काम चल रहा है। लेकिन Justice Sandeep Modgil की अगुवाई वाले बेंच ने इस दलील को मानने से इनकार कर दिया।

यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि हाई कोर्ट ने राज्य सरकार को हिदायत दी कि पुल की मजबूती के लिए लगाए गए टेंडरों आदि से संबंधित दस्तावेज रिकॉर्ड पर लाए जाएं। बेंच ने अगले आदेशों तक माइनिंग से संबंधित गतिविधियों पर रोक लगा दी है। मामले की अगली सुनवाई 16 जून को होगी।

🔍 यह भी पढ़ें- Punjab ED Raid: हिंदू व्यापारियों पर एक्शन, केजरीवाल का बड़ा खुलासा

NGT का फैसला—79 साइट्स पर रोक

इसी बीच, National Green Tribunal ने पंजाब सरकार द्वारा जारी किए गए 79 साइटों के टेंडरों पर रोक लगा दी है। NGT का साफ कहना है कि पंजाब सरकार तब तक रेत नहीं निकाल सकती जब तक वह पर्यावरण क्लीयरेंस (environmental clearance) नहीं ले लेती।

ट्रिब्यूनल ने निर्देश दिए कि पंजाब सरकार जिला सर्वेक्षण रिपोर्ट (District Survey Report) तैयार करे। समझने वाली बात यह है कि NGT ने बाढ़ के मद्देनजर दरियाओं की सफाई पर कोई रोक नहीं लगाई है। लेकिन यह भी शर्त लगाई है कि दरियाओं की सफाई सरकार अपने खर्चे पर या फिर सरकारी एजेंसियों के जरिए करवाए।

देखा जाए तो NGT की चिंता यह है कि ठेकेदारों को रेत चुकने की इजाजत देना व्यावसायिक माइनिंग को बढ़ावा देगा, जो पर्यावरण के लिए नुकसानदेह है।

🔍 यह भी पढ़ें- Punjab Startup Policy: 31 स्टार्टअप्स को 1.07 करोड़ की सीड ग्रांट, CM मान ने कहा – पंजाब बने स्टार्टअप हब

सरकार का तर्क vs विरोधी पक्ष

पंजाब सरकार का तर्क है कि हर साल बारिश के दौरान नदियों में गाद जमा हो जाती है, जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ता है। इसलिए डी-सिल्टिंग जरूरी है। सरकार का कहना है कि यह माइनिंग गतिविधि नहीं है, जिसके लिए पर्यावरण से संबंधित मंजूरी ली जाए।

यह भी पढे़ं 👇

Robert Redford Death

Robert Redford Death: हॉलीवुड के दिग्गज एक्टर का 18 अगस्त को निधन, 88 साल की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
IMD Weather Alert

IMD Weather Alert: ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
Breaking News Live Updates 18

Breaking News Live Updates 18 अगस्त 2026: Top Alerts, हर बड़ी खबर सबसे पहले

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
Aaj Ka Rashifal

18 August 2026 | Aaj Ka Rashifal: आज का राशिफल | Today Horoscope

मंगलवार, 18 अगस्त 2026

लेकिन दूसरी ओर, पर्यावरणविद और NGT का कहना है कि डी-सिल्टिंग की आड़ में यह वाणिज्यिक रेत माइनिंग है, जिसे बेचकर ठेकेदार मुनाफा कमाएंगे। और यहीं विरोधाभास है।

चिंता का विषय यह है कि मानसून शुरू होने वाला है और अगर नदियों की सफाई नहीं हुई, तो बाढ़ का खतरा गंभीर हो सकता है। लेकिन कानूनी पेचीदगियों ने सरकार को बांध दिया है।

क्या है डी-सिल्टिंग पॉलिसी?

पंजाब सरकार ने इस साल अप्रैल-मई में सतलुज, रावी, ब्यास और घग्गर नदियों से 79 साइटों पर डी-सिल्टिंग के लिए टेंडर जारी किए थे। इस योजना के तहत ठेकेदारों को नदियों से गाद और रेत निकालने की इजाजत दी जानी थी।

सरकार का कहना था कि यह काम बाढ़ रोकने के लिए जरूरी है। लेकिन NGT ने इसे माइनिंग गतिविधि मानते हुए पर्यावरण क्लीयरेंस को कानूनी तौर पर अनिवार्य करार किया।

हैरान करने वाली बात यह है कि NGT ने केंद्र सरकार और अन्य पक्षों को जवाब देने के लिए तीन हफ्ते का समय दिया है। यानी अभी और देरी होगी।

पंजाब के लिए मुश्किल का दौर

पंजाब सरकार के लिए यह कठिन घड़ी है क्योंकि मानसून शुरू होने वाला है और बाढ़ के खतरे के मद्देनजर नदियों की सफाई अहम है। लेकिन कानूनी रोक और NGT के निर्देशों ने स्थिति को जटिल बना दिया है।

राहत की बात यह है कि NGT ने सफाई पर पूरी तरह रोक नहीं लगाई—सरकार अपने खर्चे या सरकारी एजेंसियों के जरिए सफाई करवा सकती है। लेकिन यह प्रक्रिया धीमी और खर्चीली होगी।

सवाल उठता है कि क्या सरकार समय पर जरूरी कदम उठा पाएगी? या फिर बाढ़ का खतरा बढ़ेगा?

मुख्य बातें (Key Points):
  • NGT ने पंजाब सरकार की 79 साइट्स पर डी-सिल्टिंग के टेंडर पर रोक लगाई
  • Punjab-Haryana High Court ने रोपड़ की सतलुज और स्वां नदी पर माइनिंग रोकी
  • Justice Sandeep Modgil की अगुवाई वाले बेंच ने दस्तावेज मांगे, 16 जून को अगली सुनवाई
  • NGT का कहना—पर्यावरण क्लीयरेंस के बिना डी-सिल्टिंग नहीं हो सकती
  • सरकार का तर्क—यह बाढ़ रोकने के लिए जरूरी सफाई है, माइनिंग नहीं
  • मानसून से पहले नदियों की सफाई जरूरी, लेकिन सरकार कानूनी उलझन में
ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Delhi STP Penalty: DPCC ने 15 STP ऑपरेटरों पर ठोका ₹2.89 करोड़ का जुर्माना

Next Post

Mamata Banerjee Residence Raid: CID की छापेमारी, TMC में आई संकट में, जानें कैसे

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप 'The News Air' के संस्थापक और मुख्य संपादक (Chief Editor) हैं। डिजिटल मीडिया में उनके अनुभव में ग्राउंड रिपोर्टिंग, न्यूज़ डेस्क ऑपरेशन और एडिटोरियल लीडरशिप शामिल है। वे हर खबर की फैक्ट-चेकिंग और संपादन की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करते हैं। राजनीति, चुनाव विश्लेषण, सामाजिक मुद्दे और डिजिटल मीडिया ट्रेंड्स उनकी विशेषज्ञता के प्रमुख क्षेत्र हैं। अभिनव का संपादकीय सिद्धांत है "सनसनी नहीं, सच्चाई; तेज़ी नहीं, तथ्य।"

Related Posts

Robert Redford Death

Robert Redford Death: हॉलीवुड के दिग्गज एक्टर का 18 अगस्त को निधन, 88 साल की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
IMD Weather Alert

IMD Weather Alert: ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
Breaking News Live Updates 18

Breaking News Live Updates 18 अगस्त 2026: Top Alerts, हर बड़ी खबर सबसे पहले

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
Aaj Ka Rashifal

18 August 2026 | Aaj Ka Rashifal: आज का राशिफल | Today Horoscope

मंगलवार, 18 अगस्त 2026
Vimal Elaichi Ad

SRK, Ajay Devgn को FDA Notice: Vimal Elaichi Ad पर बड़ी कार्रवाई

सोमवार, 17 अगस्त 2026
LPG Cylinder

LPG Cylinder: e-KYC की Deadline खत्म, सब्सिडी पर बड़ा असर

सोमवार, 17 अगस्त 2026
Next Post
Abhishek Banerjee Attack Mamata

Mamata Banerjee Residence Raid: CID की छापेमारी, TMC में आई संकट में, जानें कैसे

Sensex Nifty Today

Sensex Nifty Today: ब्लू-चिप शेयरों ने बाजार को दी बड़ी रफ्तार

Naina Devi Temple Fire

Naina Devi Temple Fire: जंगल की आग में फंसे 350 श्रद्धालु सुरक्षित

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।