Punjab Assembly Monsoon Session को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है। पंजाब विधानसभा का मानसून सत्र अगस्त महीने के पहले हफ्ते बुलाए जाने की पूरी संभावना है। मुख्यमंत्री भगवंत मान एक-दो दिन में इसकी आधिकारिक सूचना साझा कर सकते हैं। अहम सूत्रों के मुताबिक, पंजाब सरकार करीब हफ्ते भर का सत्र बुलाने के मूड में है।
दिलचस्प बात यह है कि पहले चर्चा थी कि विशेष सत्र बुलाया जाएगा। लेकिन अब मानसून सत्र को ही अहम बनाने की तैयारी है। समझने वाली बात यह है कि यह सत्र 15 अगस्त से पहले खत्म करने की योजना है।
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‘एजेंडे पर विचार-विमर्श शुरू’
सीएम भगवंत मान ने सत्र के लिए विचार-विमर्श शुरू कर दिया है। सत्र में लाए जाने वाले बिजनेस पर मंथन जारी है। सबसे अहम एजेंडा है: जागत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी सतिकार (संशोधन) एक्ट 2026 में संशोधन।
अगर गौर करें तो यह मामला सिर्फ राजनीति का नहीं, बल्कि सिख समुदाय की धार्मिक भावनाओं से जुड़ा है। श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज ने 29 जून को आदेश दिए थे कि एक महीने के अंदर एक्ट में संशोधन किया जाए।
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‘अकाल तख्त की मोहलत का सवाल’
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि 29 जून को श्री अकाल तख्त साहिब पर सिख विधायक और मंत्री पेश हुए थे। सूत्र बताते हैं कि पंजाब सरकार अकाल तख्त सचिवालय से कुछ समय की मोहलत ले सकती है। एक्ट में संशोधन का समय 29 जुलाई को खत्म हो रहा है।
चिंता का विषय यह है कि अगर तय समय में संशोधन नहीं हुआ, तो सरकार को धार्मिक हलकों में जवाब देना भारी पड़ सकता है।
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‘फीस रेगुलेशन एक्ट भी लाइन में’
इसी तरह मानसून सत्र में ‘पंजाब रेगुलेशन ऑफ फीस ऑफ अन एडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (संशोधन) अध्यादेश-2026’ को भी एक्ट का रूप दिया जा सकता है। इसे हाल ही में पंजाब के राज्यपाल ने मंजूरी दी है। इसका मतलब है कि निजी स्कूलों की मनमानी फीस पर लगाम कसने की तैयारी अंतिम चरण में है।
‘आप सरकार का आखिरी मानसून सत्र’
राहत की बात यह है कि आम पाठक के लिए यह सत्र कई मायनों में अहम होगा। यह आम आदमी पार्टी सरकार के कार्यकाल का आखिरी मानसून सत्र होगा। इसमें पंजाब के मुद्दों की गूंज सुनाई देगी।
दूसरी ओर फिल्म ‘सतलुज’ का मामला भी इस सत्र में उठ सकता है। यह दर्शाता है कि सत्र सिर्फ रस्मी नहीं होगा, बल्कि इसमें कई गरमागरम बहसें देखने को मिलेंगी।
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‘जानें पूरा मामला’
पंजाब में अकाल तख्त साहिब के आदेश के बाद से ही सरकार पर गुरु ग्रंथ साहिब सतिकार एक्ट में संशोधन का दबाव है। बेअदबी की घटनाओं के बाद यह एक्ट सख्त बनाने की मांग सिख संगठनों की तरफ से लगातार उठ रही है। अब सरकार मानसून सत्र में इसे कानूनी रूप देने की कोशिश में है।
मुख्य बातें (Key Points)
- पंजाब विधानसभा का मानसून सत्र अगस्त के पहले हफ्ते संभावित।
- 15 अगस्त से पहले सत्र समाप्त करने की योजना।
- गुरु ग्रंथ साहिब सतिकार एक्ट में संशोधन बड़ा एजेंडा।
- आप सरकार के कार्यकाल का यह आखिरी मानसून सत्र होगा।













