Commercial LPG Price Hike: मजदूर दिवस की हार्दिक बधाई! लेकिन चाय, चाउमीन, रोटी, समोसा सब महंगा होने वाला है। इधर चुनाव खत्म हुए और उधर गैस सिलेंडर के रेट बढ़ गए हैं। 19 किलो वाले एलपीजी गैस सिलेंडर को ₹993 बढ़ा दिया गया है और 5 किलो वाला छोटू सिलेंडर ₹261 महंगा हो गया है।
माने ढाबे रेस्टोरेंट में खाना खाने जाएंगे तो लंबा चौड़ा बिल मिलेगा। पैसा बचाने के लिए सोचेंगे कि चलो घर पर ही कुछ पका लें तो वह भी महंगा पड़ेगा। खाएं तो खाएं क्या? जाएं तो जाएं कहां?
1 मई से नई दरें लागू
न्यूज़ एजेंसी ANI की रिपोर्ट में बताया गया कि आज यानी 1 मई से 19 किलो के कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में ₹993 की बढ़ोतरी हो गई है। 19 किलो के सिलेंडर की कीमत ₹3,071.50 होगी।
घरेलू सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। सूत्रों के हवाले से ANI ने आगे बताया आज से 5 किलो फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेंडरों की कीमतों में भी ₹261 प्रति सिलेंडर की बढ़ोतरी की गई है।
देखा जाए तो 19 किलो वाला सिलेंडर ₹3,071 का मिलेगा और 5 किलो वाला छोटा सिलेंडर ₹810 का मिलेगा। समझने वाली बात यह है कि कमर्शियल सिलेंडर में जो दाम बढ़ाए गए हैं, उसका सीधा-सीधा असर होटल्स और रेस्टोरेंट्स पर पड़ेगा।
प्रवासी मजदूर और छात्र प्रभावित
जबकि 5 किलो वाले में जो महंगाई की गई है, उसका बोझ सीधा-सीधा प्रवासी मजदूरों, स्टूडेंट्स, डेली वेज वर्कर्स और ठेला लगाने वाले छोटे दुकानदारों के कंधों पर आएगा।
कम आमदनी वाला यह वो तबका है जो अपनी लोकेशन बदलता रहता है। यह लोग छोटे सिलेंडर्स का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन अब छोटे सिलेंडर के लिए भी इन्हें बड़े दाम देने पड़ेंगे।
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि प्रवासी मजदूर जो दूसरे राज्यों में काम करने आते हैं, उनके लिए छोटा सिलेंडर ही एकमात्र विकल्प है। अब उनका खर्च और बढ़ जाएगा।
घरेलू सिलेंडर अनचेंज
अच्छा एक और जानकारी आई है कि 14.2 किलो वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है। उसके रेट सेम हैं। ऐसी जानकारी आई है।
तो अगर आप यह सोचकर खुश हो रहे हैं कि चलो कम से कम डोमेस्टिक सिलेंडर महंगा नहीं हुआ तो आप जरा सा फ्लैशबैक में चलिए। इसी साल मार्च में 14.2 किलो वाले डोमेस्टिक एलपीजी सिलेंडर को ₹60 महंगा किया गया था।
चिंता का विषय यह है कि हालांकि अभी घरेलू सिलेंडर नहीं बढ़ाया गया है, लेकिन पिछले कुछ महीनों में कई बार इसमें बढ़ोतरी हो चुकी है।
कांग्रेस का हमला
गैस के दाम में हुए इजाफे पर कांग्रेस ने कहा कि महंगाई का चाबुक दोबारा चल चुका है। सोशल मीडिया पर लिखा कि महंगाई वाले मोदी ने फिर से दाम बढ़ा दिए हैं।
पिछले 4 महीनों में सिलेंडर के दाम ऐसे बढ़े हैं:
- 1 मई: ₹993
- 1 अप्रैल: ₹218
- 7 मार्च: ₹115
- 1 मार्च: ₹31
- फरवरी: ₹50
- 1 जनवरी: ₹111
कुल बढ़ोतरी: ₹1,518
यानी सिर्फ 4 महीनों में कमर्शियल सिलेंडर ₹1,518 महंगा हो गया है। अभी साल के 8 महीने बाकी हैं। मोदी की महंगाई लगातार बढ़ रही है।
5 किलो सिलेंडर पर कांग्रेस
5 किलो वाले सिलेंडर के लिए कांग्रेस ने एक और पोस्ट शेयर किया। लिखा कि मोदी सरकार सिर्फ पैसे वसूलना जानती है। अब उन्होंने छोटे 5 किलो वाले सिलेंडर के दाम भी बढ़ा दिए हैं।
पहले आधार कार्ड से सिलेंडर बांटे और फिर उसके दाम बढ़ा दिए। यह लोग बहुत चालाकी से काम करते हैं। सवाल उठता है कि क्या विपक्ष के इन आरोपों में कोई दम है?
ग्राउंड रिपोर्ट: दिल्ली
India Today से जुड़े सुशांत मेहरा ने दिल्ली में कुछ रेस्टोरेंट मालिक और कस्टमर से बात की। एक रेस्टोरेंट मालिक ने कहा:
“जो एक आम आदमी है जो रोज अपना ₹50 से ₹100 अपना डेली का खाना कंज्यूम करता है, उसका इतना ही बजट है। सिलेंडर के रेट बढ़े हैं लेकिन उसकी सैलरी नहीं बढ़ी सर।”
“उसकी सैलरी उतनी ही है। उसका वही बजट है कि उसने ₹50-₹100 में खाना खाना है। अब वही ₹100 अगर रेस्टोरेंट्स अपने रेट बढ़ा देंगे क्योंकि उनको आगे से सामान बहुत महंगा मिल रहा है।”
हर चीज महंगी
“हर चीज में इनफ्लेशन आ रखा है। हर चीज महंगी है। सिलेंडर से लेके आप एक दही खरीदने जाओ हर चीज के रेट बढ़ गए हैं। तो ये सरकार को थोड़ा सा देखना चाहिए कि नहीं आम आदमी के ऊपर इतना प्रेशर मत डालो कि वो झेल ना पाए।”
एक कस्टमर ने कहा: “जाहिर सी बात है पहले कॉस्ट कम होता था। अब ज्यादा हो जाएगा। अब खाना है तो खाना तो पड़ेगा ही। चाहे महंगा हो चाहे सस्ता हो।”
दिलचस्प बात यह है कि लोग मजबूर हैं। उन्हें खाना तो पड़ेगा ही, चाहे महंगा हो या सस्ता।
सप्लाई का संकट
एक होटल मालिक ने कहा: “नहीं जो बढ़ा वो गलत था। पहले 25 दिन में मिलता था अब 45 डेज में मिल रहा है। रेट भी बढ़ा दिया इन्होंने। असर तो है ही।”
प्राइस हाई का एक बड़ा कारण वेस्ट-ईस्ट में चल रही जंग भी है। यूएस, इजराइल, ईरान युद्ध के बीच देश में गैस की सप्लाई को लेकर संकट की स्थिति है।
गैस शॉर्टेज की वजह से होटल और रेस्टोरेंट्स को अपना काम तक रोकना पड़ा। लेकिन अब इसका सीधा-सीधा असर आम आदमी की जेब तक आ गया।
भू-राजनीतिक कारण
उम्मीद की किरण यह है कि अगर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव कम होता है और कच्चे तेल की कीमतें स्थिर होती हैं, तो भविष्य में राहत मिल सकती है। लेकिन फिलहाल तो महंगाई का दौर जारी रहने वाला है।
मुख्य बातें (Key Points)
- 1 मई 2026 से 19kg कमर्शियल LPG सिलेंडर ₹993 महंगा (नई कीमत ₹3,071.50 दिल्ली में)
- 5kg फ्री ट्रेड LPG सिलेंडर ₹261 बढ़ा (अब ₹810)
- 14.2kg घरेलू LPG सिलेंडर की कीमत में कोई बदलाव नहीं
- पिछले 4 महीनों में कमर्शियल सिलेंडर कुल ₹1,518 महंगा हुआ
- होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे सीधे प्रभावित होंगे
- प्रवासी मजदूर, छात्र, डेली वेज वर्कर्स पर 5kg सिलेंडर बढ़ोतरी का बोझ
- चाय, खाना, समोसा सब महंगे होंगे
- कांग्रेस ने मोदी सरकार पर महंगाई का आरोप लगाया
- वेस्ट-ईस्ट युद्ध और गैस सप्लाई संकट भी कारण
- रेस्टोरेंट मालिकों ने कहा – सैलरी नहीं बढ़ी, महंगाई बढ़ी










