NRI Cell Punjab Complaints Resolution: पंजाब के एनआरआई मामलों के मंत्री डॉ. रवजोत सिंह ने बुधवार को मोहाली में आयोजित ‘एनआरआई मिलनी-2026’ के दौरान कहा कि प्रवासी पंजाबियों से संबंधित हर मामले का समाधान पूरी पारदर्शिता, योग्यता और निर्धारित समय सीमा के भीतर सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जनवरी 2022 से मई 2026 तक कुल 26,828 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 25,870 का निपटारा किया जा चुका है।
देखा जाए तो यह आंकड़े एनआरआई मामलों के समाधान के प्रति पंजाब सरकार की गंभीरता को दर्शाते हैं। लगभग 96.4% शिकायतों का निपटारा हो चुका है, जो एक उत्साहजनक संख्या है।
🔍 यह भी पढ़ें- NEET UG 2026 Exam Cancelled: Guess Paper Leak की वजह से 22 लाख छात्रों का भविष्य दांव पर
चार जिलों से जुड़े प्रवासियों ने उठाए मुद्दे
एमिटी यूनिवर्सिटी, मोहाली में आयोजित इस विशेष मिलनी में एसएएस नगर (मोहाली), रूपनगर, पटियाला और फतेहगढ़ साहिब जिलों से संबंधित बड़ी संख्या में प्रवासी पंजाबी शामिल हुए। इस अवसर पर एनआरआई मामलों के सचिव मोहम्मद तैयब, एडीजीपी एनआरआई विंग पंजाब आरके जैसवाल, कमिश्नर पटियाला डिवीजन-कम-चेयरमैन एनआरआई सभा जालंधर विनय बुबलानी, विशेष सचिव एनआरआई अमनदीप कौर, डिप्टी कमिश्नर एसएएस नगर कोमल मित्तल और एसएसपी रूपनगर मनिंदर सिंह सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
अगर गौर करें तो यह मिलनी केवल औपचारिकता नहीं बल्कि एनआरआई समस्याओं के त्वरित समाधान का एक प्रभावी मंच बन रही है।
🔍 यह भी पढ़ें- IRCTC Ticket Cancellation Rules: 1 अप्रैल से बदले नियम, जानें कितना कटेगा चार्ज
1,187 एफआईआर और 1,451 गिरफ्तारियां
डॉ. रवजोत सिंह ने मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि जनवरी 2022 से मई 2026 तक की अवधि में 1,187 एफआईआर दर्ज की गईं और 1,451 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। उन्होंने कहा, “ये आंकड़े एनआरआई मामलों के समाधान के प्रति पंजाब सरकार की गंभीरता और प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।”
समझने वाली बात यह है कि केवल शिकायतें सुनना ही नहीं बल्कि कानूनी कार्रवाई भी की जा रही है।
| अवधि | कुल शिकायतें | निपटारा | एफआईआर | गिरफ्तारियां |
|---|---|---|---|---|
| जनवरी 2022 – मई 2026 | 26,828 | 25,870 | 1,187 | 1,451 |
| निपटारा दर (%) | – | 96.4% | – | – |
मुख्य शिकायतें: संपत्ति, कब्जा और वैवाहिक विवाद
डॉ. रवजोत सिंह ने बताया कि प्रवासी पंजाबियों द्वारा मुख्य रूप से संपत्ति विवादों, जमीनों पर अवैध कब्जों, दस्तावेजी त्रुटियों तथा वैवाहिक मामलों से संबंधित शिकायतें दर्ज कराई जाती हैं। उन्होंने कहा कि हर वर्ष लगभग 5,000 से 6,000 शिकायतें प्राप्त होती हैं, जिनमें से बड़ी संख्या का निपटारा आपसी सहमति अथवा कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से किया जाता है।
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि विदेश में बसे पंजाबियों के साथ सबसे बड़ी समस्या उनकी अनुपस्थिति में उनकी संपत्तियों पर कब्जा करने की होती है।
🔍 यह भी पढ़ें- Air India IndiGo Flights Cancelled Dubai: खाड़ी देशों की उड़ानें रद्द, UAE एयरपोर्ट पर पाबंदियां
लंबित मामलों की विशेष निगरानी
एनआरआई मंत्री ने कहा कि जिन मामलों का निपटारा लंबे समय से लंबित है अथवा जिनकी सुनवाई की प्रक्रिया धीमी है, उनकी वे स्वयं निगरानी कर रहे हैं और संबंधित अधिकारियों के साथ नियमित समीक्षा करके समाधान सुनिश्चित कर रहे हैं।
दिलचस्प बात यह है कि मंत्री जी ने व्यक्तिगत रूप से इन मामलों में दिलचस्पी ली है, जो पीड़ितों के लिए राहत की बात है।
कॉन्ट्रैक्ट मैरिज: एक गंभीर राष्ट्रीय मुद्दा
कनाडा में ‘कॉन्ट्रैक्ट मैरिज’ तथा फर्जी दस्तावेजों के आधार पर वर्क परमिट या स्थायी निवास (पीआर) प्राप्त करने के मामलों संबंधी पूछे गए प्रश्न के उत्तर में डॉ. रवजोत सिंह ने कहा कि यह अत्यंत गंभीर और राष्ट्रीय स्तर का मुद्दा है। उन्होंने कहा, “इससे संबंधित कानूनी व्यवस्था संसद के अधिकार क्षेत्र में आती है, लेकिन पंजाब में बढ़ रहे ऐसे मामलों को देखते हुए पंजाब सरकार इस विषय पर गंभीरता से कार्य कर रही है तथा इसके स्थायी समाधान के लिए केंद्र सरकार के समक्ष पंजाब का पक्ष मजबूती से रखा जाएगा।”
चिंता का विषय यह है कि पंजाब के युवाओं को विदेश जाने के चक्कर में फर्जी शादियों और दस्तावेजों के झांसे में फंसाया जा रहा है।
विदेशों में बसे पंजाबियों से गहरा जुड़ाव
डॉ. रवजोत सिंह ने कहा कि विदेशों में बसे पंजाबी अपनी मिट्टी, संस्कृति और विरासत के साथ गहरा जुड़ाव रखते हैं तथा उन्होंने विश्वभर में पंजाब और भारत का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के दिशा-निर्देशों के अनुसार एनआरआई से संबंधित हर मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध सुनवाई तथा निपटारा सुनिश्चित किया जा रहा है।
उम्मीद की किरण यह है कि पंजाब सरकार ने प्रवासी पंजाबियों को अपना एक महत्वपूर्ण हिस्सा माना है और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं।
एनआरआई मिलनी का उद्देश्य
डॉ. रवजोत सिंह ने कहा कि इस विशेष मिलनी का उद्देश्य एनआरआई की समस्याओं को मौके पर सुनना और उनके समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों द्वारा तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करना है। यह एक सराहनीय पहल है जिससे प्रवासी पंजाबियों को राहत मिल रही है।
मुख्य बातें (Key Points)
- जनवरी 2022 से मई 2026 तक 26,828 एनआरआई शिकायतें प्राप्त, 25,870 का निपटारा
- इस अवधि में 1,187 एफआईआर दर्ज और 1,451 आरोपियों की गिरफ्तारी
- मुख्य शिकायतें संपत्ति विवाद, अवैध कब्जा, दस्तावेजी त्रुटि और वैवाहिक मामले
- कॉन्ट्रैक्ट मैरिज और फर्जी दस्तावेज मामलों पर केंद्र से बात करेगी पंजाब सरकार
- लंबित मामलों की व्यक्तिगत निगरानी कर रहे एनआरआई मंत्री डॉ. रवजोत सिंह












