Bikram Majithia Bhagwant Mann विवाद में एक नया और तीखा मोड़ आ गया है। शिरोमणि अकाली दल (SAD) के सीनियर नेता और पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया ने 24 मार्च 2026 को चंडीगढ़ में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर जबरदस्त हमला बोला है। डॉ. गगन रंधावा के पॉलिटिकल मर्डर केस की CBI जांच से CM भगवंत मान के साफ इनकार करने के बाद मजीठिया ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री अपने “गुंडे और भ्रष्ट मंत्री” को बचाने के लिए जांच से भाग रहे हैं।
मजीठिया बोले: CM ने अपने भ्रष्टाचार और घमंड का दिया सबसे बड़ा सबूत
Bikram Majithia ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बेहद सख्त लहजे में कहा कि “घमंडी मुख्यमंत्री भगवंत मान ने डॉ. गगन रंधावा के पॉलिटिकल मर्डर केस की CBI जांच कराने से मना करके, खुद अपने मंत्रियों की गुंडागर्दी, भ्रष्टाचार और दूसरी क्रिमिनल एक्टिविटीज में नीचे से नीचे तक शामिल होने के काफी सबूत दे दिए हैं।”
मजीठिया ने यह भी कहा कि CBI जांच से इनकार करके मुख्यमंत्री ने अपने भ्रष्ट मंत्री का पक्ष लिया है, जो उनके “भ्रष्टाचार, घमंड और पंजाब विरोधी” होने का सबसे बड़ा सबूत है। उनके इस हमले ने पंजाब की राजनीति में एक नई बहस छेड़ दी है।
‘गुंडे लालजीत को अंदर भेजा, अब AAP सरकार को बाहर भेजेगी पंजाब की जनता’
बिक्रम मजीठिया ने AAP मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि “जिस तरह पंजाब के बहादुर लोगों ने घमंडी और नशे में धुत मुख्यमंत्री के गुंडे लालजीत को अंदर भेजा है, उसी तरह वे सत्ता के नशे में अंधी AAP की घमंडी सरकार को सत्ता से बाहर फेंकने का आधार बना चुके हैं।”
मजीठिया ने लालजीत के बारे में कहा कि वह एक गुंडा और भ्रष्ट मंत्री है, जिसे जेल मंत्री रहते हुए अपने काले कारनामों, एक ईमानदार अफसर को बेरहमी से पीटने, बेइज्जत करने और उसे आत्महत्या करने पर मजबूर करने के संगीन जुर्मों के लिए जेल जाना पड़ा।
‘सत्ता के नशे में चूर CM को बच्चों, बूढ़ी मां और विधवा पत्नी का दर्द नहीं दिखता’
Bikram Majithia ने भावुक होते हुए कहा कि “नॉर्मल घरों की दुहाई देकर पंजाब के लोगों की भावनाओं से खेलकर सत्ता में आए घमंडी मुख्यमंत्री सत्ता के नशे में चूर हैं।” उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को मृतक गगन रंधावा के छोटे बच्चों का दर्द नहीं दिख रहा, बेटे के खोने से दुखी बुजुर्ग मां की पीड़ा नहीं दिख रही और उस विधवा पढ़ी-लिखी पत्नी का दर्द नहीं दिख रहा, जिसका पूरा परिवार इस “नकली क्रांतिकारी सरकार के गुंडे मंत्री” ने बर्बाद कर दिया।
मजीठिया ने एक बेहद तीखी बात और कही कि “सत्ता के नशे में अंधे मुख्यमंत्री ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पीड़ित परिवार के साथ खड़े होने और हमदर्दी दिखाने के लिए एक भी शब्द नहीं कहा, जिसने मुख्यमंत्री के जनविरोधी चेहरे को भी पूरी तरह नंगा कर दिया है।”
विजय सिंगला से लालजीत तक: मजीठिया ने गिनाए AAP मंत्रियों के ‘कारनामे’
बिक्रम मजीठिया ने भगवंत मान सरकार पर एक के बाद एक भ्रष्ट मंत्रियों को बचाने का आरोप लगाते हुए कहा कि “जिस तरह इस दोगले मुख्यमंत्री ने अपने भ्रष्ट मंत्रियों विजय सिंगला, फौजा सिंह सरारी और चरित्रहीन बताए गए मंत्रियों लाल चंद कटारूचक, रवजोत सिंह और ऐसे कई अन्य साथियों को क्लीन चिट दी है, जिनके भ्रष्टाचार, गुंडागर्दी और आपराधिक गतिविधियों में खुद मुख्यमंत्री भी बराबर के भागीदार हैं।”
उन्होंने आरोप लगाया कि अब मुख्यमंत्री अपने भ्रष्ट और गुंडा मंत्री लालजीत को बचाने और मामले को दबाने के लिए अपनी सरकार की पूरी ताकत लगा रहे हैं। लेकिन पूरा पंजाब अब इस घमंडी और सत्ता के नशे में चूर सरकार को सबक सिखाने के लिए तैयार है।
‘टिप्पी और अधक अब अंत बनकर खड़े हैं’: मजीठिया की केजरीवाल-मान को चेतावनी
Bikram Majithia ने एक दिलचस्प टिप्पणी करते हुए कहा कि “मुख्यमंत्री अक्सर पंजाबी गुरुमुखी में टिप्पी और अधक का जिक्र करते हैं, लेकिन अब वही टिप्पी और अधक ‘अंत’ बनकर उनके सामने खड़े हो गए हैं।” उन्होंने भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल दोनों को सीधी चेतावनी देते हुए कहा कि “पैसा, पावर, घमंड, पद और शोहरत जाने में बस कुछ ही मिनट लगते हैं, जिसका एक उदाहरण वे खुद हैं।”
AAP महिला विधायकों पर भी साधा निशाना: ‘एक विधवा का दर्द क्यों नहीं दिखता?’
मजीठिया ने AAP की महिला विधायकों पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने सवाल उठाया कि “विधानसभा में महिलाओं की इज्जत और सम्मान की दुहाई देने वाली AAP की महिला विधायक इस समय कहां हैं? उन्हें एक महिला का दर्द, एक परिवार की बर्बादी नहीं दिख रही, जिसका गुनहगार उनकी सरकार का गुंडा मंत्री है?”
यह सवाल AAP की आंतरिक राजनीति पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है। अगर पार्टी महिला सशक्तिकरण की बात करती है तो ऐसे संवेदनशील मामलों पर महिला विधायकों की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है।
‘किसी भी साझा मंच पर लड़ने को तैयार’: मजीठिया ने दिया इंसाफ का भरोसा
बिक्रम मजीठिया ने पीड़ित परिवार के साथ पूरी तरह खड़े होने का ऐलान करते हुए कहा कि “जिस परिवार के घर में भगवंत मान के गुंडे मंत्री ने सफेद चादर बिछा दी है, उसे इंसाफ दिलाने के लिए मैं किसी भी साझा मंच पर लड़ने को तैयार हूं।” उन्होंने कहा कि वे पीड़ित परिवार के साथ इंसाफ की लड़ाई हर मोर्चे पर लड़ेंगे और इस भ्रष्ट मंत्री को अदालत से सजा दिलवाएंगे।
FIR की कॉपी पर 80 रुपये चार्ज, फिरौती, फायरिंग: मजीठिया ने उठाए पंजाब के हालात पर सवाल
Bikram Majithia ने पंजाब के बिगड़ते कानून-व्यवस्था के हालात पर भी गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि “सिर्फ चार साल में पंजाब के हालात कितने बिगाड़ दिए गए हैं। पहले पुलिस के पास FIR की नकल फ्री में मिल जाती थी, लेकिन अब सरकार ने इसके ऊपर भी 80 रुपये का चार्ज लगा दिया है।”
उन्होंने कहा कि पंजाब में आतंक का राज हो चुका है। कहीं व्यापारियों के घर पर फायरिंग हो रही है, कहीं डॉक्टरों के घर पर गोलियां चल रही हैं, सरेआम फिरौती मांगी जा रही है और कहीं किसान खुदकुशी कर रहे हैं। मजीठिया ने तंज कसते हुए पूछा कि “क्या इसलिए हमने पंजाब सौंपा था?”
‘अत्याचारी सरकार का अंत बहुत करीब’: मजीठिया का बड़ा दावा
Bikram Majithia ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस के अंत में बड़ा दावा करते हुए कहा कि “पंजाब अब अत्याचारी और शराबी मुख्यमंत्री के घमंडी राज को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए पूरी तरह तैयार है। इस घमंडी सरकार के जुल्मों का अंत अब बहुत करीब है।”
यह बयान इस बात का संकेत है कि आने वाले समय में पंजाब की राजनीति और गर्म होने वाली है। DM केस की CBI जांच का मुद्दा अब सिर्फ एक कानूनी लड़ाई नहीं रहा, बल्कि यह AAP सरकार के खिलाफ विपक्ष का सबसे बड़ा राजनीतिक हथियार बन चुका है। अब देखना यह होगा कि भगवंत मान सरकार इन गंभीर आरोपों का कैसे जवाब देती है और पंजाब की जनता किसके साथ खड़ी होती है।
मुख्य बातें (Key Points)
- बिक्रम मजीठिया ने CM भगवंत मान पर DM केस की CBI जांच से इनकार करने पर जबरदस्त हमला बोला, कहा: गुंडे मंत्री को बचाने के लिए घमंडी मुख्यमंत्री भाग रहे हैं।
- मजीठिया ने AAP मंत्रियों विजय सिंगला, फौजा सिंह सरारी, लाल चंद कटारूचक, रवजोत सिंह और लालजीत को भ्रष्ट बताते हुए कहा कि CM खुद भी इनकी गतिविधियों में बराबर के भागीदार हैं।
- पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाने के लिए किसी भी साझा मंच पर लड़ने की घोषणा की और AAP महिला विधायकों की चुप्पी पर तीखे सवाल उठाए।
- पंजाब के बिगड़ते हालात पर सवाल उठाते हुए कहा कि FIR कॉपी पर 80 रुपये चार्ज, फायरिंग, फिरौती और किसानों की खुदकुशी से साफ है कि सरकार विफल हो चुकी है।













