Punjab Investors Summit 2026 CM Announcements: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने शनिवार, 14 मार्च 2026 को मोहाली में चल रहे प्रगतिशील पंजाब निवेशक सम्मेलन (PPIS) 2026 के दौरान विभिन्न सत्रों में उद्योगपतियों के साथ बातचीत करते हुए कई बड़े ऐलान और नीतिगत घोषणाएं कीं। सबसे बड़ी घोषणा यह रही कि पंजाब सरकार लुधियाना, न्यू चंडीगढ़ (मोहाली) और अमृतसर में दिल्ली के प्रगति मैदान की तर्ज पर तीन विश्वस्तरीय प्रदर्शनी केंद्र (Exhibition Centre) स्थापित करेगी।
तीन World-Class Exhibition Centre: पंजाब के उद्योग को मिलेगा बड़ा मंच
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में बड़े प्रदर्शनी केंद्र नहीं होने के कारण उद्योग के पास अपने उत्पाद प्रदर्शित करने के लिए उचित जगह नहीं है। इस कमी को दूर करने के लिए सरकार लुधियाना, न्यू चंडीगढ़ और अमृतसर में प्रगति मैदान जैसे विश्वस्तरीय प्रदर्शनी केंद्र बनाएगी, ताकि उद्योग को अपने उत्पाद प्रदर्शित करने और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने का मजबूत मंच मिले।
यह घोषणा इसलिए बेहद अहम है क्योंकि अभी तक उत्तर भारत में दिल्ली के अलावा कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय स्तर का प्रदर्शनी केंद्र नहीं है। अगर पंजाब के तीन प्रमुख शहरों में ये केंद्र बनते हैं, तो राज्य व्यापार मेलों, अंतरराष्ट्रीय एक्सपो और औद्योगिक प्रदर्शनियों का बड़ा केंद्र बन सकता है।
Food Processing में 125% सब्सिडी: किसानों की आय बढ़ाने का मास्टर प्लान
मुख्यमंत्री ने एक और बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि नई औद्योगिक नीति के तहत फूड प्रोसेसिंग उद्योगों के लिए सब्सिडी अब 125 प्रतिशत तक बढ़ा दी गई है। साथ ही फ्लोरीकल्चर (पुष्प कृषि) को बढ़ावा देकर इसे 16 प्रतिशत तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
मान ने कहा कि पंजाब में फूड प्रोसेसिंग की अपार संभावनाएं हैं। पठानकोट की लीची, होशियारपुर के आम और जालंधर के आलू जैसी फसलों में फूड प्रोसेसिंग के जरिए मूल्य संवर्धन (Value Addition) करने से किसानों की आय कई गुना बढ़ सकती है।
नाभा की Kisan Ketchup Plant: कृषि और उद्योग के सहयोग की सफल कहानी
मुख्यमंत्री ने नाभा की Kisan Ketchup Plant का प्रेरक उदाहरण देते हुए कहा कि जब यह प्लांट पहली बार शुरू हुआ था, तब टमाटर महाराष्ट्र से मंगवाए जाते थे। लेकिन आज लगभग 60 प्रतिशत टमाटर स्थानीय रूप से पंजाब से ही खरीदे जा रहे हैं, क्योंकि किसानों ने आवश्यक किस्में अपना लीं। यह इस बात का ठोस उदाहरण है कि कृषि और उद्योग मिलकर कैसे काम कर सकते हैं।
गेहूं-धान के चक्र से बाहर निकलना जरूरी: CM मान
मुख्यमंत्री ने कृषि विविधीकरण (Crop Diversification) को बेहद जरूरी बताते हुए कहा कि पंजाब के किसान गेहूं-धान के चक्र से बाहर निकलना चाहते हैं, लेकिन चुनौती यह है कि व्यावहारिक विकल्प कम हैं। फूड प्रोसेसिंग इसका समाधान है। अगर किसानों को मक्का जैसी फसलों से धान जितनी आय मिले, तो वे स्वेच्छा से इन फसलों को अपनाएंगे।
एक उत्साहजनक आंकड़ा साझा करते हुए मान ने बताया कि कुछ क्षेत्रों में सब्जी की खेती अपनाने से 0-4 मीटर की रेंज में भूजल स्तर में 57 प्रतिशत सुधार हुआ है। यह साबित करता है कि कृषि विविधीकरण किसानों और पर्यावरण दोनों के लिए फायदेमंद है।
7 अरब डॉलर का निर्यात और 14 लाख MSMEs: पंजाब Export Hub बनेगा
मुख्यमंत्री ने पंजाब की निर्यात क्षमता पर प्रकाश डालते हुए बताया कि राज्य वर्तमान में 7 अरब डॉलर से अधिक का निर्यात करता है। कृषि, इंजीनियरिंग गुड्स, टेक्सटाइल, ऑटो कंपोनेंट्स और फार्मास्यूटिकल्स में पंजाब की मजबूत उपस्थिति है। 14 लाख से अधिक MSMEs (सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम) पंजाब में रोजगार, निर्यात और औद्योगिक विकास में योगदान दे रहे हैं।
मान ने कहा कि सरकार की योजना पंजाब को उत्तर भारत का प्रमुख निर्यात केंद्र बनाने की है। उन्होंने निवेशकों को पंजाब की तुलना किसी भी अन्य राज्य से करने की चुनौती दी और कहा कि पंजाब निवेश के लिए सबसे बेहतर माहौल प्रदान करता है।
Industrial & Business Development Policy 2026: भारत की सबसे प्रगतिशील नीति
मुख्यमंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार ने हाल ही में Industrial & Business Development Policy 2026 लॉन्च की है, जिसे उन्होंने भारत में औद्योगिक विकास के लिए सबसे प्रगतिशील नीतिगत ढांचों में से एक बताया। Invest Punjab एक डेडिकेटेड वन-स्टॉप फैसिलिटेशन ऑफिस के रूप में काम कर रहा है, जो उद्योगों को अनुमोदन से लेकर प्रोजेक्ट कार्यान्वयन तक हर चरण में सहायता करता है।
पराली से ऊर्जा: Stubble Management का समाधान भी, आय का जरिया भी
मुख्यमंत्री ने स्वच्छ ऊर्जा की ओर पंजाब के बदलाव पर भी बात की। उन्होंने कहा कि पंजाब हर साल लगभग 2 करोड़ टन पराली (Paddy Straw) पैदा करता है। जो कभी चुनौती मानी जाती थी, अब उसे बायोमास पावर, कंप्रेस्ड बायोगैस और वेस्ट-टू-एनर्जी प्रोजेक्ट्स के जरिए अवसर में बदला जा रहा है।
मान ने कहा कि बायोएनर्जी से पराली प्रबंधन हल होगा, ग्रामीण आय बढ़ेगी, उद्योग को स्वच्छ ईंधन मिलेगा और एक सर्कुलर इकोनॉमी बनेगी जहां कृषि अवशेष ऊर्जा संसाधन में बदल जाएगा।
‘पंजाब की आबादी 2%, लेकिन देश के लिए कुर्बानी 90% से ज्यादा’
एक भावनात्मक बयान में मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब की आबादी देश की कुल आबादी का सिर्फ 2 प्रतिशत है, लेकिन देश के लिए पंजाबियों की कुर्बानी 90 प्रतिशत से अधिक है। उन्होंने कहा कि पंजाब क्रांतियों की धरती है और पंजाबी नए विचारों को तेजी से अपनाते हैं, इसीलिए दुनिया भर में हर क्षेत्र में आगे हैं।
मुख्य बातें (Key Points)
- CM भगवंत मान ने लुधियाना, मोहाली, अमृतसर में प्रगति मैदान जैसे3 World-Class Exhibition Centre बनाने का ऐलान किया।
- Food Processing उद्योग में सब्सिडी 125% तक बढ़ाई, नाभा Kisan Ketchup Plant का दिया सफल उदाहरण।
- पंजाब का $7 बिलियन निर्यात, 14 लाख MSMEs, राज्य को उत्तर भारत का Export Hub बनाने का लक्ष्य।
- Industrial Policy 2026 लॉन्च, Invest Punjab वन-स्टॉप फैसिलिटेशन ऑफिस के रूप में काम कर रहा है।
- 2 करोड़ टन पराली से बायोएनर्जी, सब्जी खेती से भूजल में 57% सुधार।







