Heatwave Alert India के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बुधवार को एक और डराने वाला अलर्ट जारी किया है। उत्तर प्रदेश से लेकर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, बिहार और झारखंड तक – अगले 4 से 5 दिनों में लू के ऐसे थपड़े पड़ने वाले हैं कि लोगों का घर से बाहर निकलना तक मुश्किल हो जाएगा।
अप्रैल के आखिरी हफ्ते में बदला मौसम का मिजाज
देखा जाए तो अप्रैल की शुरुआत में जब बारिश ने लोगों को राहत दी थी, तब किसी ने सोचा भी नहीं था कि महीने का अंत इतना भयानक होगा। मगर अब हालात पूरी तरह पलट चुके हैं। Heatwave Alert India के तहत IMD ने साफ कहा है कि उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के ज्यादातर हिस्सों में लू की स्थिति बनी रहने वाली है। तापमान सामान्य से 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर जा सकता है।
दिलचस्प बात यह है कि इस बार सिर्फ दिन नहीं, रातें भी गर्म रहेंगी। हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, ओडिशा, कोंकण और गोवा के कुछ इलाकों में “वार्म नाइट्स” की चेतावनी दी गई है। इसका मतलब है कि रात को भी शरीर को ठंडक नहीं मिलेगी, जो सेहत के लिए बेहद खतरनाक होता है।
किन राज्यों पर सबसे ज्यादा मार?
IMD ने राज्यवार जो तस्वीर पेश की है, वो काफी चिंताजनक है:
- पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली: 24 और 25 अप्रैल को भीषण लू की संभावना
- पश्चिमी उत्तर प्रदेश: 25 अप्रैल तक लू का प्रकोप
- पूर्वी उत्तर प्रदेश: 26 अप्रैल तक Heatwave Alert जारी
- राजस्थान: 24 से 26 अप्रैल के बीच भयंकर गर्मी
- मध्य प्रदेश: 26 अप्रैल तक लू की आशंका
- विदर्भ और छत्तीसगढ़: 24 से 27 अप्रैल तक प्रभाव
- गंगा तटीय बंगाल, बिहार और झारखंड: लू का असर बना रहेगा
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि UP में तो हालात सबसे भयावह बताए जा रहे हैं। IMD के मुताबिक यूपी में लू का ऐसा तांडव होगा कि लोगों का घर से निकलना लगभग नामुमकिन हो जाएगा।
दक्षिण भारत में उमस भरी गर्मी का कहर
सिर्फ उत्तर भारत ही नहीं, दक्षिण में भी IMD ने 25 अप्रैल तक कई इलाकों में गर्म और उमस भरे मौसम की चेतावनी दी है। ओडिशा, तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, गंगा तटीय बंगाल, तमिलनाडु, पुंडुचेरी, कराईकल, केरल, माहे, तटीय कर्नाटक और गुजरात के तटीय इलाके — सब जगह भीषण उमस रहेगी।
वहीं दूसरी ओर, उत्तर-पूर्व भारत की तस्वीर थोड़ी अलग है। यहां गरज और बिजली के साथ बारिश हो सकती है। कुछ जगहों पर तो अत्यधिक भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है। लेकिन बाकी देश के लिए राहत कहीं नजर नहीं आ रही।
मानसून भी इस बार देगा धोखा?
चिंता का विषय एक और है। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस बार मानसून की गतिविधि भी काफी कम रहने का अनुमान है। इसका सीधा मतलब यह है कि गर्मी का यह सिलसिला जल्दी थमने वाला नहीं। अगर गौर करें तो पिछले कुछ सालों में भारत में हीटवेव की तीव्रता और अवधि दोनों लगातार बढ़ रही हैं, और यह जलवायु परिवर्तन का सीधा असर है।
आम आदमी पर इसका सबसे बड़ा असर यह होगा कि दिहाड़ी मजदूर, रेहड़ी-पटरी वाले, किसान और बाहर काम करने वाले लोग सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे। बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतनी होगी।
कैसे बचें इस भीषण लू से?
- दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक घर से बाहर निकलने से बचें
- खूब पानी पिएं, ORS और नींबू पानी का सेवन करें
- हल्के और सूती कपड़े पहनें
- बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखें
- बाहर जाना जरूरी हो तो छाता, टोपी और सनस्क्रीन का इस्तेमाल करें
मुख्य बातें (Key Points)
- IMD ने अगले 4-5 दिनों के लिए उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत में भीषण Heatwave Alert जारी किया
- UP, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, बिहार, झारखंड सबसे ज्यादा प्रभावित रहेंगे
- कई राज्यों में रातें भी गर्म रहेंगी, जो सेहत के लिए खतरनाक
- इस बार मानसून की गतिविधि भी कम रहने का अनुमान है










