Ludhiana CASO Drug Raid के तहत शनिवार को शहर में नशे के खिलाफ एक बड़ा ऑपरेशन देखने को मिला। लुधियाना पुलिस ने एक साथ 8 जगहों पर कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन (CASO) चलाया, जिसमें 25 जीओ रैंक के अधिकारी खुद मैदान में उतरे। इस कार्रवाई में अब तक करीब 50 लोगों को नशे से जुड़े मामलों में पकड़ा जा चुका है।
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एक साथ 8 जगहों पर पुलिस का घेराव
शनिवार सुबह जब शहर के लोग अपने रोज़मर्रा के काम में व्यस्त थे, उसी वक्त पुलिस की टीमें शहर के 8 अलग-अलग इलाकों में पहुंच गईं। दिलचस्प बात यह है कि इस बार सिर्फ सिपाही या इंस्पेक्टर स्तर के अफसर नहीं, बल्कि पूरे 25 जीओ रैंक के अधिकारी खुद फील्ड में मौजूद रहे।
इससे साफ होता है कि प्रशासन इस बार नशे के मुद्दे को हल्के में नहीं ले रहा।
अब तक 50 लोग पकड़े, 20 के करीब केस दर्ज
पुलिस के मुताबिक अब तक इस ऑपरेशन में 15 से 20 मामले दर्ज किए जा चुके हैं। वहीं नशे से जुड़े करीब 50 लोगों को हिरासत में लिया गया है।
डीसीपी रूपिंदर सिंह ने बताया कि पकड़े गए लोगों में जो नशे के आदी हैं, उन्हें नशा छुड़ाओ केंद्रों में भेजा जाएगा। वहीं जो तस्करी में शामिल मिले, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी। राहत की बात यह है कि प्रशासन सिर्फ सजा ही नहीं, इलाज का रास्ता भी साथ-साथ अपना रहा है।
10 दिन पहले ही चुन लिए थे हॉटस्पॉट
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि यह कार्रवाई अचानक नहीं हुई। पुलिस ने करीब 10 दिन पहले ही इन हॉटस्पॉट की पहचान कर ली थी। उस वक्त सिविल प्रशासन और मेडिकल स्टाफ भी साथ था।
टीमों ने स्थानीय लोगों से बातचीत कर जरूरी इनपुट जुटाए थे। यानी यह पूरा ऑपरेशन महीनों की नहीं तो हफ्तों की तैयारी का नतीजा जरूर था।
उत्तरी, पूर्वी और केंद्रीय हलकों पर खास निगाह
डीसीपी रूपिंदर सिंह के अनुसार, उत्तरी, पूर्वी और केंद्रीय विधानसभा हलकों में नशे की ज्यादा बिक्री की सूचनाएं मिल रही थीं। इसी वजह से पुलिस ने इन इलाकों पर विशेष फोकस रखा।
समझने वाली बात है कि यह तीनों इलाके शहर के घनी आबादी वाले हिस्से माने जाते हैं, जहां निगरानी थोड़ी मुश्किल होती है।
बरामदगी का आंकड़ा जल्द होगा सार्वजनिक
पुलिस अधिकारियों ने साफ किया है कि ऑपरेशन के दौरान कितनी मात्रा में नशीला पदार्थ बरामद हुआ, इसकी पूरी जानकारी जल्द साझा की जाएगी। इसका मकसद साफ है: तस्करों पर शिकंजा कसना और नशे की गिरफ्त में फंसे लोगों को सही इलाज दिलाना।
नशे के खिलाफ जंग में बड़ा सवाल
देखा जाए तो पंजाब में नशे की समस्या सालों पुरानी है और सिर्फ एक दिन की छापेमारी से इसका समाधान नहीं निकल सकता। लेकिन 25 वरिष्ठ अधिकारियों का एक साथ फील्ड में उतरना यह दिखाता है कि इस बार प्रशासन का इरादा सिर्फ दिखावे का नहीं, बल्कि लगातार कार्रवाई का लग रहा है। आम जनता के लिए यह राहत की बात हो सकती है, बशर्ते यह अभियान सिर्फ एक दिन का स्टंट बनकर न रह जाए और आने वाले हफ्तों में भी इसकी निरंतरता बनी रहे।
मुख्य बातें (Key Points)
- लुधियाना में 8 जगहों पर पुलिस का CASO ऑपरेशन, 25 जीओ अफसर मैदान में उतरे।
- करीब 50 लोग नशे से जुड़े मामलों में पकड़े गए, 15-20 केस दर्ज।
- नशे के आदी लोगों को नशा मुक्ति केंद्र, तस्करों पर कानूनी कार्रवाई।
- हॉटस्पॉट 10 दिन पहले ही चिह्नित किए गए थे, उत्तरी-पूर्वी-केंद्रीय हलकों पर खास फोकस रहा।













