Heatwave Alert: उत्तर भारत में गर्मी ने अपना असली रूप दिखाना शुरू कर दिया है। तपती दोपहर में पारा 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है और लू के थपेड़े इतने तेज हैं कि बूढ़ों के साथ-साथ बच्चे भी परेशान हो रहे हैं। इस खतरनाक हीटवेव को देखते हुए उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, ओडिशा और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों ने अपने स्कूलों की टाइमिंग बदल दी है। कहीं तो स्कूल पूरी तरह बंद कर दिए गए हैं।
दरअसल, यह फैसला बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है। देखा जाए तो सरकार ने समय रहते सही कदम उठाया है, क्योंकि दोपहर की गर्मी में स्कूल जाना बच्चों के लिए खतरनाक हो सकता था।
उत्तर प्रदेश में स्कूल टाइमिंग हुई बदल
प्रचंड गर्मी को देखते हुए यूपी के नोएडा, गाजियाबाद, लखनऊ और बरेली में स्कूलों की टाइमिंग पूरी तरह बदल दी गई है। जिलाधिकारी द्वारा जारी किए गए आदेश के मुताबिक, सभी स्कूल अब सुबह 7:30 बजे से शुरू होंगे और दोपहर 12:30 बजे तक ही चलेंगे।
यह आदेश अगली सूचना आने तक जारी रहेगा। समझने वाली बात यह है कि यूपी में समर वेकेशन 20 मई से शुरू होना है, लेकिन उससे पहले ही यह कदम उठाना पड़ा।
गौतम बुद्ध नगर में तो स्थिति और भी गंभीर है। यहां अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जबकि न्यूनतम तापमान 27.8 डिग्री सेल्सियस होने से रात में भी गर्मी से कोई राहत नहीं मिल पा रही है।
उत्तराखंड में भी सख्त कदम
उत्तराखंड के हरिद्वार और देहरादून शहर में भी गर्मी की मार देखने को मिल रही है। इसके चलते कई जगहों पर स्कूलों की टाइमिंग बदल दी गई है। यहां भी स्कूल अब सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक चलेंगे।
दिलचस्प बात यह है कि कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों के लिए क्लासेस दोपहर 12:30 तक चलेंगी। यह आदेश 26 मई तक जारी रहेगा।
देहरादून के जिलाधिकारी के आदेश के मुताबिक, आज जिले के सभी सरकारी, गैर सरकारी, निजी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों को पूरी तरह बंद रखा गया है। यह फैसला अचानक लिया गया, जो गर्मी की गंभीरता को दर्शाता है।
ओडिशा में 27 अप्रैल से ही छुट्टियां शुरू
गर्मी को देखते हुए ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी ने राज्य के सभी स्कूलों में 27 अप्रैल 2026 से ही छुट्टियां घोषित कर दी हैं। वैसे तो यहां 6 मई से समर वेकेशन स्टार्ट होना था।
लेकिन हैरान करने वाली बात यह है कि गर्मी इतनी असहनीय हो गई कि राज्य सरकार को यह बड़ा फैसला 10 दिन पहले ही लेना पड़ा। इससे साफ होता है कि ओडिशा में गर्मी ने कहर बरपा रखा है।
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ का हाल
एमपी के भोपाल शहर में 30 अप्रैल तक स्कूलों में छुट्टियां कर दी गई हैं। वहीं छत्तीसगढ़ में भी 15 जून तक स्कूलों में छुट्टियां घोषित की गई हैं।
यह दर्शाता है कि मध्य भारत में भी स्थिति बेहद गंभीर है। सरकारें बच्चों की सुरक्षा को लेकर कोई रिस्क नहीं ले रही हैं।
बिहार में भी टाइमिंग बदली
बिहार के कई जिलों के स्कूलों में भी टाइमिंग चेंज कर दी गई है। पटना, गया और औरंगाबाद सहित कई जिलों में पांचवीं तक की कक्षाएं दोपहर 12:30 बजे तक ही चल रही हैं।
इसके अलावा छपरा में तो पांचवीं तक के स्कूल सुबह 11:30 बजे तक ही चल रहे हैं। अगर गौर करें तो छोटे बच्चों को विशेष रूप से बचाने की कोशिश की जा रही है, क्योंकि उनकी शारीरिक क्षमता कम होती है।
हीटवेव से कैसे बचें, जानें डॉक्टरों की सलाह
डॉक्टरों की सलाह है कि हीटवेव से बचाव बेहद जरूरी है। दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें। बासी और ज्यादा तेल-मसाले वाले भोजन का प्रयोग न करें।
चाय, कॉफी का सेवन कम करें। बच्चों और पालतू जानवरों को बंद वाहनों में कभी भी अकेले न छोड़ें, यह जानलेवा हो सकता है।
बाहर निकलते समय क्या रखें साथ
हीटवेव से बचाव के लिए घर से बाहर निकलते समय छाता, टोपी, गमछा और पानी की बोतल जरूर साथ रखें। फुल आस्तीन के हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें, क्योंकि ये गर्मी को कम सोखते हैं।
बाहर जाते समय गीले कपड़े को चेहरे, सिर और गर्दन पर रखें। ताजा और हल्का भोजन जैसे खीरा, ककड़ी, तरबूज खाएं।
क्या पीएं, क्या खाएं
लस्सी, नमक-चीनी-पानी का घोल पिएं, नींबू पानी पिएं, छाछ पिएं। आम का पन्ना और गन्ने का शुद्ध रस भी बहुत फायदेमंद है।
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि ये सभी चीजें शरीर में पानी की कमी को पूरा करती हैं और तुरंत ऊर्जा देती हैं।
हीटवेव के लक्षण और तुरंत क्या करें
हीटवेव में घबराहट, चक्कर आना, सिर दर्द, शरीर में भारीपन, उल्टी आना, मांसपेशियों में ऐंठन, बुखार, पसीना न आना और बेहोशी जैसे लक्षण दिखें तो तुरंत आराम करें।
पीड़ित को ठंडी जगह पर लिटाएं, ठंडे पानी की पट्टियां रखें और तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। देरी जानलेवा हो सकती है।
आम लोगों पर गर्मी का असर
सड़क पर पूरे दिन सन्नाटा पसरा हुआ है। लोग सुबह ठंडी हवा की उम्मीद में सैर पर निकल रहे हैं, लेकिन तब भी उन्हें गर्म हवाओं के थपेड़े झेलने पड़ रहे हैं।
इंसान के साथ-साथ जानवर और पक्षी भी गर्मी से त्रस्त हैं। दिन भर चल रही हीट वेव से लोगों का बुरा हाल है। जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
मुख्य बातें (Key Points)
• उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, ओडिशा, मध्य प्रदेश में स्कूल टाइमिंग बदली
• गौतम बुद्ध नगर में तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा
• ओडिशा में 27 अप्रैल से ही समर वेकेशन शुरू
• देहरादून में सभी स्कूल और आंगनबाड़ी आज पूरी तरह बंद
• दोपहर 12 से 3 बजे के बीच बाहर न निकलें, हल्के कपड़े पहनें और खूब पानी पिएं













