UP Budget 2026 में Yogi Adityanath सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी बजट पेश हुआ। वित्त मंत्री Suresh Kumar Khanna ने 9,12,000 करोड़ रुपये का बजट सदन में रखा। लड़कियों को शादी के लिए 1 लाख रुपये, 16 नए मेडिकल कॉलेज, 3 नए विश्वविद्यालय, 400 करोड़ की स्कूटी योजना और 10 लाख लोगों को रोजगार जैसे बड़े ऐलान किए गए।
चुनाव से करीब एक साल पहले आए इस बजट में युवाओं, महिलाओं, किसानों और छोटे उद्योगों पर खास जोर दिखा।
लड़कियों के लिए बड़ा पैकेज
शादी सहायता राशि 50 हजार की जगह बढ़ाकर 1 लाख रुपये कर दी गई है। अनुसूचित जाति और पिछड़े वर्ग की कन्याओं के विवाह के लिए 100 करोड़ और सामान्य वर्ग की कन्याओं के लिए 50 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं।
छात्राओं को स्कूटी देने के लिए 400 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। यह कदम उच्च शिक्षा और सुरक्षित आवागमन को बढ़ावा देने के संदेश के साथ आया है।
शिक्षा में विस्तार: मेडिकल कॉलेज और विश्वविद्यालय
राज्य में 16 नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। सरकार का लक्ष्य हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने की दिशा में आगे बढ़ना है।
तीन नए विश्वविद्यालय भी स्थापित किए जाएंगे, ताकि जिन शहरों में उच्च शिक्षा के अवसर सीमित हैं, वहां भी छात्रों को बेहतर विकल्प मिल सकें।
उच्च शिक्षा के बजट में 7% की बढ़ोतरी कर इसे 6,591 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
युवाओं के लिए रोजगार और स्टार्टअप सपोर्ट
10 लाख लोगों को रोजगार देने का ऐलान किया गया है। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के लिए 225 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
5 लाख रुपये तक का लोन अब बिना ब्याज और बिना गारंटी के उपलब्ध कराने का प्रावधान है। यह युवाओं और छोटे कारोबारियों के लिए बड़ा अवसर माना जा रहा है।
छात्रों को फ्री टैबलेट और स्मार्टफोन देने के लिए 2,374 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
AI मिशन और डिजिटल फोकस
राज्य में एआई मिशन की स्थापना के लिए 225 करोड़ रुपये रखे गए हैं। सरकार का मानना है कि आने वाले समय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस विकास की नई दिशा तय करेगा।
डिजिटल सशक्तिकरण के जरिए युवाओं को भविष्य की तकनीकों से जोड़ने की रणनीति स्पष्ट दिखती है।
स्वास्थ्य और कैंसर संस्थान
स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 37,956 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
लखनऊ स्थित कैंसर संस्थान के लिए 315 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। आयु सेवाओं के लिए 867 करोड़ रुपये दिए गए हैं।
MSME और बुनकरों पर फोकस
एमएसएमई सेक्टर के लिए 3,822 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। यह क्षेत्र बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन करता है।
अटल बिहारी वाजपेयी पावरलूम बुनकर विद्युत फ्लैट रेट योजना के लिए 423 करोड़ रुपये रखे गए हैं, जिससे बिजली दरों में राहत दी जाएगी।
धार्मिक और क्षेत्रीय विकास
अयोध्या के विकास के लिए 100 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
मेरठ, मथुरा, वृंदावन और कानपुर को 800 करोड़ रुपये का पैकेज दिया गया है।
मजदूरों और सुरक्षा बलों के लिए प्रावधान
मजदूरों के लिए लेबर अड्डे बनाए जाएंगे, जिससे उन्हें काम मिलना आसान होगा।
पुलिसकर्मियों के वाहन खरीदने के लिए 25 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है।
चुनाव से पहले संतुलित संदेश
यह बजट सिर्फ आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि एक राजनीतिक संदेश भी है। महिलाओं को आर्थिक सहायता, युवाओं को रोजगार, किसानों और छोटे उद्योगों को समर्थन—इन सबके जरिए सरकार ने हर वर्ग को साधने की कोशिश की है।
शादी सहायता राशि दोगुनी करना और स्कूटी योजना जैसे फैसले सीधे मतदाताओं को प्रभावित कर सकते हैं। मेडिकल कॉलेज और विश्वविद्यालय खोलने का ऐलान लंबी अवधि के विकास एजेंडे को भी रेखांकित करता है।
आने वाले एक साल में इन घोषणाओं का क्रियान्वयन किस गति से होता है, यही तय करेगा कि इसका चुनावी असर कितना गहरा होगा।








