Sunder Sham Arora ED Raid: होशियारपुर से कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री सुंदर शाम अरोड़ा के घर पर सोमवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कार्रवाई की। केंद्रीय एजेंसियों की टीम करीब 8 बजे जोधा मल रोड स्थित उनके आवास पहुंची।
अफसरों के साथ CRPF के जवान भी मौजूद थे। घर के आसपास सुरक्षा बल तैनात हैं और आवास को घेर लिया गया है।
🔍 यह भी पढ़ें- Akshaya Tritiya 2026: सोना नहीं खरीद सकते तो ये 5 चीजें लें, सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त और 12 राशियों का संपूर्ण फल
‘3-4 गाड़ियों में पहुंचे अफसर, जानकारी अब भी सीमित’
सुबह-सुबह जब 3-4 गाड़ियों का काफिला होशियारपुर की इस सड़क पर रुका, तो इलाके में हलचल मच गई। सुरक्षा जवानों ने घर को घेरा और बाहर पहरा बढ़ा दिया गया।
अभी तक इस कार्रवाई को लेकर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। यानी रेड किस मामले में है और अंदर क्या चल रहा है, यह फिलहाल साफ नहीं है।
’27 जनवरी की दबिश: तब भी चुप रही टीम’
यह पहली बार नहीं है। इससे पहले 27 जनवरी को भी ED ने इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के साथ अरोड़ा के घर पर दबिश दी थी और दस्तावेज खंगाले थे।
दिलचस्प बात यह है कि उस समय भी टीम ने यह नहीं बताया कि घर के अंदर से क्या मिला। यही चुप्पी इस बार भी सवाल खड़े कर रही है।
‘सुंदर शाम अरोड़ा पर चल रहे 2 बड़े मामले’
अरोड़ा का नाम पहले से दो बड़े मामलों में आता रहा है। नीचे दोनों की तुलना एक नज़र में है।
| बिंदु | मोहाली प्लॉट ट्रांसफर मामला | 50 लाख रिश्वत मामला |
|---|---|---|
| मामला | PSIEC के औद्योगिक प्लॉट को रियल एस्टेट कंपनी को ट्रांसफर करना | जांच में राहत के लिए विजिलेंस AIG को रिश्वत की पेशकश |
| मुख्य आरोप | 12 प्लॉट को बांटकर 125 प्लॉट बनाने की मंजूरी | AIG मनमोहन कुमार को एक करोड़ रुपये देने की पेशकश |
| कार्रवाई | जनवरी 2023 में विजिलेंस ने अरोड़ा, एक IAS अधिकारी और अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया | अक्टूबर 2022 में 50 लाख की पहली किस्त देते समय गिरफ्तारी |
| अदालत | दिसंबर 2024 में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने FIR रद्द की | हाईकोर्ट ने कार्यवाही पर रोक लगाई |
पहला मामला पंजाब स्मॉल इंडस्ट्रीज एंड एक्सपोर्ट कॉरपोरेशन (PSIEC) के एक औद्योगिक प्लॉट से जुड़ा था। आरोप था कि औद्योगिक जमीन को 12 प्लॉट से बांटकर 125 प्लॉट में बदलने की मंजूरी दी गई।
दूसरे मामले में आरोप था कि अरोड़ा ने अपने खिलाफ चल रही जांच में राहत पाने के लिए विजिलेंस के AIG मनमोहन कुमार को एक करोड़ रुपये देने की पेशकश की। उसमें से 50 लाख की पहली किस्त देते समय उन्हें गिरफ्तार किया गया।
‘पुराने मामलों में राहत, फिर भी फंदा क्यों?’
अगर गौर करें, तो दोनों मामलों में अदालत से किसी न किसी रूप में राहत मिल चुकी है। एक में FIR रद्द हुई, दूसरे में कार्यवाही पर रोक लगी। इसके बावजूद केंद्रीय एजेंसी का दोबारा दरवाजे पर पहुंचना बताता है कि जांच की फाइल अभी बंद नहीं हुई।
समझने वाली बात यह है कि ED ने अभी रेड का कारण साफ नहीं किया है। ऐसे में किसी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। पर राजनीतिक तौर पर होशियारपुर में कांग्रेस के एक पूर्व मंत्री का घर घिरना बड़ी चर्चा बन चुका है।
‘क्या है पृष्ठभूमि’
सुंदर शाम अरोड़ा होशियारपुर से कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री हैं। अक्टूबर 2022 में विजिलेंस ब्यूरो ने उन्हें गिरफ्तार किया था। जनवरी 2023 में प्लॉट ट्रांसफर के मामले में केस दर्ज हुआ और जनवरी में ED-इनकम टैक्स की दबिश भी हुई थी।
‘मुख्य बातें (Key Points)’
- सोमवार सुबह करीब 8 बजे ED टीम CRPF के साथ होशियारपुर में अरोड़ा के घर पहुंची।
- घर को घेर लिया गया है, पर कार्रवाई की विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई।
- 27 जनवरी को भी ED और इनकम टैक्स विभाग ने यहां दबिश दी थी।
- अरोड़ा पर प्लॉट ट्रांसफर और 50 लाख रिश्वत के दो पुराने मामले रहे हैं।











