Retail Inflation की असली मार इन दिनों किचन तक पहुंच चुकी है। सोना-चांदी की तेजी और गिरावट पर सबकी नजर रही, लेकिन इसी बीच रोजमर्रा के मसाले धनिया ने घर का बजट बिगाड़ दिया है। पिछले एक साल में धनिया की कीमतों में जोरदार उछाल आया है, जिससे आम उपभोक्ता से लेकर किसान तक हर कोई हैरान है।
पिछले एक महीने में धनिया के दाम करीब 10 फीसदी बढ़े हैं, जबकि एक साल में यह उछाल 43 फीसदी से ज्यादा का हो चुका है। बाजार में यह तेजी निवेश जैसी चर्चा नहीं, बल्कि सीधे थाली की लागत बढ़ाने वाली साबित हो रही है।
धनिया बना सबसे महंगा मसाला
कमोडिटी बाजार में धनिया ने नया रिकॉर्ड बनाया है। National Commodity and Derivatives Exchange यानी NCDEX पर धनिया का भाव ₹15,400 प्रति क्विंटल तक पहुंच गया, जो अब तक का ऑल-टाइम हाई है। वहीं 52 हफ्तों का निचला स्तर ₹6,780 रहा है। इसका मतलब है कि एक साल में धनिया के दाम करीब ₹5,254 प्रति क्विंटल बढ़ चुके हैं।
कम बुवाई ने बढ़ाई चिंता
खेती विशेषज्ञों के अनुसार धनिया की कीमतों में तेजी की सबसे बड़ी वजह कम बुवाई है। गुजरात में धनिया की बुवाई 3.78 फीसदी घटकर करीब 12,55,100 हेक्टेयर रह गई है। रकबा घटने से संभावित उत्पादन कम होने का संकेत मिला है, जिसने सप्लाई को लेकर बाजार की चिंता बढ़ा दी है।
मौसम बना बड़ा खतरा
राजस्थान के प्रमुख उत्पादक जिले अजमेर, जयपुर, दौसा और टोंक में मौसम ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी है। यहां पाला पड़ने और पाउडरी मिलड्यू बीमारी का खतरा बढ़ गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि फूल आने के समय अचानक तापमान गिरने से फूल झड़ सकते हैं, परागण प्रभावित हो सकता है और दाने छोटे रह सकते हैं।
उत्पादन घटने का डर
इन सभी कारणों से धनिया की पैदावार घटने की आशंका बनी हुई है। किसान ठंड से बचाव के लिए एहतियाती कदम जरूर उठा रहे हैं, लेकिन मौसम का जोखिम पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। यही वजह है कि बाजार में तेजी बनी हुई है और कीमतें नीचे आने के संकेत फिलहाल कमजोर दिख रहे हैं।
आम आदमी पर सीधा असर
धनिया जैसी रोजमर्रा की चीज के महंगे होने से किचन बजट सीधे प्रभावित हो रहा है। मसालों की बढ़ती कीमतें खुदरा महंगाई को और बढ़ाने का संकेत दे रही हैं, जिससे आम परिवारों पर दबाव साफ महसूस किया जा रहा है।
मुख्य बातें (Key Points)
- पिछले 1 साल में धनिया 43% से ज्यादा महंगा
- एक महीने में करीब 10% की तेजी
- NCDEX पर ₹15,400 प्रति क्विंटल का ऑल-टाइम हाई
- कम बुवाई और मौसम जोखिम से सप्लाई पर दबाव
- किचन बजट पर सीधा असर, रिटेल महंगाई बढ़ी













