Ketan Agarwal Murder Case: पुणे के हाईप्रोफाइल केतन अग्रवाल मर्डर केस में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि केतन की हत्या की आरोपी उसकी मंगेतर सिया गोयल ने हत्या से पहले केतन से ₹1 करोड़ रुपए लेकर अपने प्रेमी चेतन चौधरी को दिए थे।
यह रकम शादी की शॉपिंग के नाम पर ऐंठी गई थी। देखा जाए तो आरोप है कि सिया ने चेतन के साथ मिलकर केतन हत्याकांड को अंजाम दिया। 18 जून को दोनों ने मिलकर केतन को लोहागढ़ किले से नीचे खाई में धकेल दिया था।
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शादी के नाम पर ₹1 करोड़ की ठगी
पुलिस की जांच में सामने आया है कि सिया ने शादी की तैयारियों के नाम पर केतन से ₹1 करोड़ की रकम मांगी थी, जिसे उसने अपने प्रेमी चेतन को करियर और कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए दिए थे।
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि चेतन चौधरी आर्थिक रूप से कमजोर बैकग्राउंड से था। इसलिए उसने सिया से कहा था कि उसे स्टेबल होने में कम से कम 3 साल लगेंगे।
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3 साल बाद शादी का प्लान
अगर गौर करें तो चेतन और सिया के बीच कथित तौर पर यह तय हुआ था कि केतन की हत्या के बाद शक से बचने के लिए वह 3 साल तक शादी नहीं करेगी।
जांचकर्ताओं का कहना है: “यह टाइमलाइन जांच से बचने और आखिरकार गोयल के परिवार की मंजूरी पाने की प्लानिंग का हिस्सा थी। जब चौधरी आर्थिक रूप से मजबूत हो जाएगा और मामला लोगों की नजर से हट जाएगा, तब वह शादी करने वाले थे।”
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भाई ने जबरन कैब में बिठाया
इस मामले में कैब ड्राइवर वैभव जाधव ने भी चौंकाने वाला खुलासा किया है। जाधव वही कैब ड्राइवर है जिसकी कैब से सिया प्री-वेडिंग शूट के लिए मुंबई एयरपोर्ट गई थी।
जाधव ने बताया: “प्री-वेडिंग शूट के लिए बाली दौरे के लिए रवाना होने से पहले सिया का जो व्यवहार था, वह सामान्य नहीं था। वह कार में बैठने तक से इनकार कर रही थी। तभी उसके भाई ने उसे जबरन कैब में बिठाया था।”
समझने वाली बात यह है कि बाद में सिया ने केतन का पासपोर्ट छिपा लिया, जिसके बाद बाली दौरा कैंसिल करना पड़ा था।
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हत्या का डिटेल प्लान
पुलिस के अनुसार केतन की हत्या की प्लानिंग पहले से की गई थी। इसमें यह भी शामिल था कि किले से धक्का देते समय सिया केतन की पहुंच से दूर रहे।
इसके लिए दोनों ने प्लान किया था कि ऐसी स्थिति में वे एक-दूसरे को सिग्नल देंगे। एक अधिकारी ने बताया:
“प्लान के मुताबिक सिया को नीचे बैठकर सिग्नल देना था। जिसके बाद चौधरी को ऊपर आना था और अग्रवाल को धक्का देना था। दोनों ने तय किया था कि वह या तो पानी पीने के बहाने या जूते के फीते बांधने के बहाने नीचे बैठेंगी। नीचे बैठना ही सिग्नल था।”
पहली कोशिश 14 जून को नाकाम
दिलचस्प बात यह है कि रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलिस को यह भी पता चला है कि हत्या की योजना मई के आखिर में ही बना ली गई थी।
सिया ने सबसे पहले 14 जून को केतन को पहाड़ी से नीचे धकेलने की कोशिश की थी, लेकिन यह प्लान नाकाम रहा क्योंकि केतन ने एक झाड़ी पकड़कर खुद को बचा लिया था। इसके बाद सिया ने यह दावा करने के लिए कि उसने गलती से उसे धक्का दिया था, सांप वाली कहानी गढ़ी थी।
हत्या से 34 मिनट पहले सीक्रेट कॉल
जांच में यह भी पता चला कि सिया ने अपने मंगेतर को कथित तौर पर पहाड़ी से नीचे धकेलने से लगभग आधे घंटे पहले अपने प्रेमी को फोन किया था।
सूत्रों के अनुसार हत्या से ठीक 34 मिनट पहले सिया ने चौधरी से सीक्रेट कॉल पर बात की। उनके Call Detail Records (CDR) से यह जानकारी मिली है।
स्कूटर से 90 किमी की यात्रा
पुलिस ने बताया कि हत्या के दिन चौधरी ने अपनी मौजूदगी छिपाने का भी पूरा ध्यान रखा था। उसने जानबूझकर कार के बजाय स्कूटर से लोहागढ़ किले तक का सफर किया, जो लगभग 90 किलोमीटर का था।
मुख्य बातें (Key Points):
- सिया ने शादी के नाम पर केतन से ₹1 करोड़ ऐंठे
- प्रेमी चेतन को करियर के लिए दिए पैसे
- 3 साल बाद शादी करने का था प्लान
- 14 जून को पहली हत्या की कोशिश नाकाम, 18 जून को सफल










