रविवार, 19 अप्रैल 2026
The News Air
No Result
View All Result
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - क्या Modi Govt में बैंकों में रखा आपका पैसा सेफ है? जानिए Corporate का ‘खेल’

क्या Modi Govt में बैंकों में रखा आपका पैसा सेफ है? जानिए Corporate का ‘खेल’

भारत की जीडीपी से ज्यादा तेजी से बढ़ रही है कॉर्पोरेट की नेटवर्थ, बैंकों में जमा आम आदमी का पैसा बड़े उद्योगों को दिया जा रहा है, क्या यह एक बड़ा आर्थिक बुलबुला है?

The News Air Team by The News Air Team
शनिवार, 29 नवम्बर 2025
in Breaking News, NEWS-TICKER, बिज़नेस, राष्ट्रीय
A A
0
Modi government economic policies
106
SHARES
706
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Modi Govt Economic Policies and Public Money: भारत की अर्थव्यवस्था एक अजीब विरोधाभास से गुजर रही है। एक तरफ देश की जीडीपी बढ़ने की बात होती है, तो दूसरी तरफ कॉर्पोरेट जगत की नेटवर्थ जीडीपी की रफ्तार को भी पीछे छोड़ रही है। ऐसा लगता है कि देश की पूरी अर्थव्यवस्था अब कुछ गिने-चुने कॉर्पोरेट घरानों के इर्द-गिर्द सिमट कर रह गई है, और सरकार की आर्थिक नीतियां भी इन्हीं को ध्यान में रखकर बनाई जा रही हैं।

एक साल पहले रिजर्व बैंक (RBI) के आंकड़ों ने एक चौंकाने वाली तस्वीर पेश की थी। देश के बैंकों में आम लोगों का करीब 200 लाख करोड़ रुपये जमा है। लेकिन अगर इसमें से सिर्फ शीर्ष 10% अमीर लोगों का पैसा निकाल दिया जाए, तो बाकी 90% जनता का पैसा घटकर महज 17-18 लाख करोड़ ही रह जाता है। यह आंकड़ा देश में बढ़ती आर्थिक असमानता की एक झलक है।

जनता के पैसे से कॉर्पोरेट का विकास?

सरकार ने अपनी आर्थिक नीतियों की दिशा बदल दी है। अब सरकार का फोकस जनता के लिए स्कूल, अस्पताल या बुनियादी ढांचा खड़ा करने पर नहीं है, बल्कि उसने नेशनल मोनेटाइजेशन प्लान और प्राइवेटाइजेशन जैसे रास्तों को चुना है। 2025 से 2030 के बीच मोनेटाइजेशन से 10 लाख करोड़ और निजीकरण से 6 लाख करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य है।

मंत्रालयों को निर्देश दिए गए हैं कि वे बड़े कॉरपोरेट्स से संपर्क करें और उन्हें स्कूल, अस्पताल, सड़क, बिजली और संचार जैसे क्षेत्रों में निवेश के लिए तैयार करें। इन परियोजनाओं के लिए पैसा कहां से आएगा? जवाब है – सरकारी बैंकों से। बैंकों को निर्देश दिया जा रहा है कि वे इन बड़ी कंपनियों को कर्ज दें। यानी बैंकों में जमा जनता का पैसा, एलआईसी (LIC) का पैसा और अन्य वित्तीय संस्थानों का पैसा इन कॉरपोरेट्स के हाथों में सौंपा जा रहा है, ताकि वे अपना साम्राज्य और बड़ा कर सकें।

शेयर बाजार का बुलबुला और जनता का पैसा

सेंसेक्स 86,000 के पार पहुंच चुका है, लेकिन इस तेजी के पीछे विदेशी निवेशकों से ज्यादा घरेलू निवेशकों का हाथ है। और यह घरेलू निवेश भी जनता का ही पैसा है जो एसआईपी (SIP) और म्यूचुअल फंड के जरिए शेयर बाजार में आ रहा है।

यह भी पढे़ं 👇

Breaking News Live Updates 19 April 2026

Breaking News Live Updates 19 April 2026: Big Headlines, हर अपडेट सबसे तेज

रविवार, 19 अप्रैल 2026
Today in History April 19

Today in History April 19: अमेरिकी क्रांति से लेकर Oklahoma City Bombing तक, चौंकाने वाली घटनाएं

रविवार, 19 अप्रैल 2026
IMD Weather Alert

IMD Weather Alert: 10 राज्यों में Heat Wave का खतरा, पूर्वोत्तर में भारी बारिश की चेतावनी

रविवार, 19 अप्रैल 2026
Akshaya Tritiya 2026

Akshaya Tritiya 2026: सोना नहीं खरीद सकते तो ये 5 चीजें लें, सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त और 12 राशियों का संपूर्ण फल

रविवार, 19 अप्रैल 2026

आंकड़े बताते हैं कि भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने रिलायंस इंडस्ट्रीज में करीब 1,74,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है, जो कुल मिलाकर 2 लाख करोड़ तक पहुंच सकता है। सरकारी बैंकों का कुल निवेश रिलायंस में करीब 3.5 लाख करोड़ है। एलआईसी ने भी रिलायंस में 1.5 लाख करोड़ से ज्यादा और अडानी समूह की कंपनियों में 60-70 हजार करोड़ रुपये लगाए हैं।

कॉर्पोरेट कर्ज और एनपीए का खेल

एक तरफ जनता का पैसा शेयर बाजार में लग रहा है, तो दूसरी तरफ बैंक कॉरपोरेट्स को भारी-भरकम कर्ज दे रहे हैं। एक दौर था जब बैंकों का एनपीए (NPA) 12% तक पहुंच गया था, जिसे अब राइट-ऑफ (कर्ज माफी) के जरिए घटाकर 2.5% पर लाया गया है। करीब 10,700 कंपनियां एनसीएलटी (NCLT) के दरवाजे पर पहुंचीं, जिन पर बैंकों का ढाई से तीन लाख करोड़ का कर्ज था, लेकिन वसूली सिर्फ 30-35 हजार करोड़ की हो पाई। बाकी 2.5 लाख करोड़ का नुकसान बैंकों ने उठाया, जिसकी भरपाई अंततः जनता के पैसों से ही हुई।

यह एक खतरनाक चक्र बन चुका है। बैंकों का पैसा कॉरपोरेट्स के पास जा रहा है, उनकी नेटवर्थ भारत की जीडीपी से कई गुना तेजी से बढ़ रही है, लेकिन इसका लाभ आम जनता को नहीं मिल रहा है।

आम आदमी पर बढ़ता बोझ

इस पूरी प्रक्रिया में आम आदमी पर आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा है। 2014 के मुकाबले 2024 में टोल टैक्स की वसूली 13-14 हजार करोड़ से बढ़कर 72-75 हजार करोड़ हो गई है। आईआईटी, आईआईएम और केंद्रीय विश्वविद्यालयों की फीस में औसतन 85% की बढ़ोतरी हुई है।

किसानों की हालत यह है कि लागत तीन गुना बढ़ गई है, लेकिन उपज का सही दाम नहीं मिल रहा है। प्याज 20 पैसे किलो बेचने की नौबत आ गई है। शिक्षा, स्वास्थ्य, पानी और परिवहन जैसी बुनियादी सेवाओं का निजीकरण हो रहा है, जिससे इनकी कीमतें आसमान छू रही हैं। प्राइवेट अस्पतालों, स्कूलों और यहां तक कि पानी बेचने वाली कंपनियों का मुनाफा सरकारी बजट से कई गुना ज्यादा है।

क्या है भविष्य?

सरकार अब रेलवे और न्यूक्लियर पावर जैसे रणनीतिक क्षेत्रों को भी निजी हाथों में सौंपने की तैयारी में है। अमरावती जैसी नई राजधानियां बसाने के लिए बैंकों से हजारों करोड़ का कर्ज लिया जा रहा है। यह सब एक ऐसे आर्थिक मॉडल की ओर इशारा करता है जहां विकास का मतलब सिर्फ कुछ कॉरपोरेट्स का विकास है, और बाकी 90% जनता सिर्फ एक ‘लाभार्थी’ या ‘वोटर’ बनकर रह गई है।

यह एक बड़ा आर्थिक बुलबुला हो सकता है, जो जनता के पैसों पर टिका है। अगर यह फूटा, तो इसका खामियाजा भी उसी जनता को भुगतना होगा जिसका पैसा बैंकों और एलआईसी में जमा है।

मुख्य बातें (Key Points)
  • भारत में कॉर्पोरेट की नेटवर्थ जीडीपी से तेज रफ्तार से बढ़ रही है।

  • बैंकों में जमा 90% जनता का पैसा कुल जमा का सिर्फ 10-15% है।

  • सरकार मोनेटाइजेशन और प्राइवेटाइजेशन के जरिए कॉरपोरेट्स को बढ़ावा दे रही है।

  • बैंकों और एलआईसी का लाखों करोड़ रुपये रिलायंस और अडानी जैसे बड़े समूहों में लगा है।

  • कॉर्पोरेट कर्ज माफी (राइट-ऑफ) के कारण बैंकों का एनपीए कम दिख रहा है।

  • आम आदमी पर टोल टैक्स, फीस और महंगाई का बोझ लगातार बढ़ रहा है।

Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Bengal CAA vs SIR: मोतुआ कार्ड के नाम पर 800 रुपये की वसूली? बड़ा खुलासा

Next Post

SIR Form Process: ऐसे भरें फॉर्म, वरना वोटर लिस्ट से कटेगा नाम!

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

Breaking News Live Updates 19 April 2026

Breaking News Live Updates 19 April 2026: Big Headlines, हर अपडेट सबसे तेज

रविवार, 19 अप्रैल 2026
Today in History April 19

Today in History April 19: अमेरिकी क्रांति से लेकर Oklahoma City Bombing तक, चौंकाने वाली घटनाएं

रविवार, 19 अप्रैल 2026
IMD Weather Alert

IMD Weather Alert: 10 राज्यों में Heat Wave का खतरा, पूर्वोत्तर में भारी बारिश की चेतावनी

रविवार, 19 अप्रैल 2026
Akshaya Tritiya 2026

Akshaya Tritiya 2026: सोना नहीं खरीद सकते तो ये 5 चीजें लें, सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त और 12 राशियों का संपूर्ण फल

रविवार, 19 अप्रैल 2026
IPL 2026 SRH vs CSK

IPL 2026 SRH vs CSK: MS Dhoni फिर Playing XI से बाहर, फैंस की उम्मीदों को बड़ा झटका

शनिवार, 18 अप्रैल 2026
Chris Gayle

Chris Gayle IPL 2011: Lalit Modi ने सुनाया Rejection से Orange Cap तक का सफर

शनिवार, 18 अप्रैल 2026
Next Post
SIR Form Process

SIR Form Process: ऐसे भरें फॉर्म, वरना वोटर लिस्ट से कटेगा नाम!

Aadhaar Card update mobile number online

Aadhaar Card में बड़ा बदलाव, घर बैठे मिनटों में अपडेट करें Mobile Number, जानें तरीका

Cyclone Ditwah

Cyclone Ditwah: श्रीलंका में तबाही के बाद भारत में अलर्ट, तमिलनाडु-आंध्र प्रदेश पहुंचा तूफान

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।