मुख्यमंत्री खट्टर के खिलाफ 24 मई को किसानों का होगा प्रदर्शन


नई दिल्ली, 22 मई

हरियाणा के हिसार में मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर का विरोध कर रहे किसानों पर पुलिस ने हिंसक कार्रवाई की थी। इसमें अनेक किसानों को गहरी चोटें भी आई थी व कई किसानों को गिरफ्तार कर लिया गया था। उसी दिन किसानों के भारी विरोध के बाद पुलिस ने किसानों पर कोई केस न दर्ज करने का फैसला लिया था परंतु पुलिस ने 350 से अधिक किसानो के खिलाफ पुलिस केस दर्ज कर लिए। मुख्यमंत्री ने कोविड गाइडलाइंस को दरकिनार करते हुए अपने घमंड के लिए इस कार्यक्रम में भाग लिया था।

हरियाणा के किसान संगठनों ने फैसला किया है कि 24 मई 2021 को हिसार कमिश्नरी का घेराव किया जाएगा। इसके लिए सुबह 10 बजे सभी किसान क्रांतिमान पार्क में इकट्ठे होंगे। सयुंक्त किसान मोर्चा आसपास के किसानों से अपील करता है कि ज्यादा से ज्यादा संख्या में पहुंचे। किसानों की मांग है उन पुलिस अधिकारियों व पुलिसकर्मियों पर सख्त कार्रवाई हो जिन्होंने अमानवीय तरीके से किसानों पर हमले किये व लाठीचार्ज, आसूं गैस और पत्थरबाजी के सहारे किसानों के प्रदर्शन को रोका और मुख्यमंत्री के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो जिन्होंने कोविड गाइडलाइंस को दरकिनार करके यह कार्यक्रम किया। इस विरोध प्रदर्शन में पंजाब के सिनियर किसान नेताओ के साथ साथ सयुंक्त किसान मोर्चा के नेता भी पहुँचेंगे।

संयुक्त किसान मोर्चा ने 26 मई के दिन देश भर में विरोध दिवस मनाने का आह्वान किया है और सभी देशवासियों से अपने घर और वाहन पर काला झंडा लगाने और मोदी सरकार के पुतले जलाने की अपील की है। चूंकि इसी दिन भगवान बुद्ध के जन्म, निर्वाण और परिनिर्वाण का उत्सव “बुद्ध पूर्णिमा” भी पड़ता है, इसलिए संयुक्त किसान मोर्चा ने यह फैसला किया है कि उस दिन सभी मोर्चों और धरनों पर अपने अपने तरीके से बुद्ध पूर्णिमा मनाई जाएगी।

किसान आंदोलन के दिल्ली की सीमाओं पर 6 महीने पूरा होने पर व केंद्र की मोदी सरकार को 7 साल पूरा होने पर सयुंक्त किसान मोर्चा ने इस दिन मोदी सरकार के विरोध स्वरूप काले झंडे लगाने का फैसला किया है। इस दिन मोदी सरकार के पुतले जलाने का भी आह्वान किया गया है। इस दिन देशवासियों से अपील है कि अपने घरों, दुकानों, वाहनों समेत सोशल मीडिया पर काले झंडे लगाकर किसान विरोधी-जनता विरोधी मोदी सरकार का विरोध करें। इस मुहिम का देश की ट्रेड यूनियन, छात्र संगठन व तमाम जनवादी संगठन खुलकर समर्थन कर रहे है। हम एक बार पुनः देशवासियों से अपील करते है कि इस दिन मोदी सरकार के खिलाफ विरोध प्रकट करें ताकि सरकार जनता विरोधी फैसले वापस ले और अपनी जिम्मेदारी निभाये।

शहीद भगत सिंह के भाई कुलबीर सिंह के बेटे अभय संधू का निधन 15 मई को हो गया था। अभय सन्धु भी अपने जीवन मे अनेक आंदोलनों का हिस्सा रहें। वे किसान आंदोलन की भी एक महत्वपूर्ण आवाज थे। सयुंक्त किसान मोर्चा ने उन्हें पगड़ी संभाल दिवस पर सम्मानित किया था। कल मोहाली में उनके लिए अंतिम अरदास होगी व साथ ही दिल्ली के आसपास सभी धरना स्थलों पर किसानों द्वारा उनको श्रद्धांजलि दी जाएगी।


Leave a Comment