LIVE | ...
बुधवार, 5 अगस्त 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - Toll Tax और E20 Blending: डबल टैक्सेशन से परेशान आम आदमी, क्या टोल हटाना जरूरी?

Toll Tax और E20 Blending: डबल टैक्सेशन से परेशान आम आदमी, क्या टोल हटाना जरूरी?

E20 पेट्रोल से माइलेज में 6% की गिरावट, कार पर 50% टैक्स और फिर हर किलोमीटर पर टोल - आम भारतीय ड्राइवर की यही कहानी है।

अभिनव कश्यप by अभिनव कश्यप
बुधवार, 5 अगस्त 2026
in Breaking News, NEWS-TICKER, राष्ट्रीय
A A
0
Toll Tax E20 Impact
105
SHARES
697
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Toll Tax E20 Blending Impact – आपने महीने भर मेहनत करके सैलरी कमाई। उस पर ईमानदारी से टैक्स भरा। फिर कई सालों की बचत से परिवार के लिए एक गाड़ी खरीदी। उस कार पर हजारों-लाखों का इनडायरेक्ट टैक्स दिया। उसमें डलने वाले पेट्रोल पर भी भारी-भरकम टैक्स चुकाया। और जब उस कार को लेकर आप सड़क पर निकले, तो हर 60-70 किलोमीटर के बाद आपकी जेब से दोबारा पैसा कट गया – टोल के रूप में।

देखा जाए तो यह कहानी करोड़ों भारतीय ड्राइवरों की है। एक तरफ नेताओं की काफिला बिना एक पैसा दिए टोल प्लाजा क्रॉस कर जाती है। दूसरी तरफ आम आदमी हर बार “टुन” की आवाज के साथ फास्टैग का डिडक्शन मैसेज देखता है।

और अब जब सरकार E20 पेट्रोल को बढ़ावा दे रही है, तब तो यह बोझ और भी बढ़ गया है। क्योंकि E20 से आपकी गाड़ी का माइलेज लगभग 6% कम हो जाता है। यानी अब आपको ज्यादा पेट्रोल खरीदना पड़ेगा, उस पर ज्यादा टैक्स देना पड़ेगा, और फिर भी टोल चुकाना पड़ेगा।

🔍 यह भी पढ़ें- Delhi Meerut Expressway Toll Tax: 1 अप्रैल से सफर होगा महंगा, जानें नई दरें

वित्त वर्ष 2025-26: टोल कलेक्शन का रिकॉर्ड

समझने वाली बात यह है कि टोल का पैसा कितना बड़ा हो गया है। संसद में यूनियन ट्रांसपोर्ट मिनिस्ट्री ने जो आंकड़े पेश किए हैं, वे चौंकाने वाले हैं।

वित्त वर्ष 2025-26 में भारत का कुल टोल कलेक्शन:

विवरणराशि (करोड़ में)
पूरे भारत का टोल कलेक्शन₹70,278 करोड़
केवल उत्तर प्रदेश का टोल₹800 करोड़+
पिछले 4-5 वर्षों में वृद्धिदोगुना से अधिक

दिलचस्प बात यह है कि पिछले चार-पांच सालों में यह आंकड़ा डबल से भी ज्यादा हो चुका है। सरकार इसे “यूजर फी” कहती है, लेकिन असलियत में यह एक तरह का टैक्स ही है।

अगर गौर करें तो अकेले उत्तर प्रदेश का टोल कलेक्शन ही 800 करोड़ को पार कर गया है। यह वो राज्य है जहां सबसे ज्यादा हाईवे हैं और सबसे ज्यादा टोल प्लाजा भी।

कार खरीदना: पाप की तरह टैक्स

और बस यहीं से शुरू होती है असली कहानी। भारत में कार खरीदना किसी पाप से कम नहीं, क्योंकि इस पर सरकार आपको टैक्स के रूप में भारी पेनल्टी लगाती है।

कार खरीदने पर लगने वाले टैक्स:

टैक्स का प्रकारदरविवरण
जीएसटी (GST)28%सबसे ऊंची स्लैब
कंपनसेशन सेस1% से 22%कार के साइज और इंजन के अनुसार
कुल शोरूम टैक्सलगभग 50%कार बाहर निकलने से पहले
आरटीओ रजिस्ट्रेशन10-15%राज्य सरकार का हिस्सा
मैंडेटरी इंश्योरेंसअतिरिक्तहर साल देना होता है
फास्टैग + अन्य चार्जेसअतिरिक्त–

यहां ध्यान देने वाली बात है कि शोरूम से गाड़ी बाहर निकलने से पहले ही आप उस पर 50% तक का सेंट्रल टैक्स चुका चुके होते हैं।

ग्लोबली भारत उन देशों में शामिल है जहां कारों पर सबसे ज्यादा टैक्स वसूला जाता है। एक 10 लाख की कार पर आप लगभग 5 लाख रुपये सिर्फ टैक्स में देते हैं।

पेट्रोल पर टैक्स: 60% से ज्यादा

अब गाड़ी खरीद ली, टैक्स भर दिया। लेकिन असली खेल तो तब शुरू होता है जब आप उस गाड़ी में फ्यूल भरवाने पेट्रोल पंप पर जाते हैं।

पेट्रोल पर टैक्स की सच्चाई:

भारत में पेट्रोल और डीजल पर दुनिया के सबसे ऊंचे टैक्सों में से एक वसूला जा रहा है। सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी और स्टेट VAT को अगर मिला दें, तो:

विवरणराशि/प्रतिशत
₹100 के पेट्रोल में
वास्तविक पेट्रोल की कीमत₹30-35
सेंट्रल + स्टेट टैक्स₹60-69
कुल टैक्स प्रतिशत60-69%

समझने वाली बात यह है कि आप जो ₹100 में पेट्रोल खरीद रहे हैं, उसमें से ₹60-69 सिर्फ सरकार का टैक्स है। असल में वह ₹30-35 का ही पेट्रोल है।

E20 ब्लेंडिंग: माइलेज में 6% की गिरावट

दिलचस्प बात यह है कि अब सरकार पूरे देश में E20 पेट्रोल को रोल आउट कर रही है। E20 का मतलब है:

  • 20% इथेनॉल
  • 80% रेगुलर पेट्रोल

मैक्रो इकोनॉमिक स्तर पर देखें तो यह अच्छी पॉलिसी है:
✅ भारत का क्रूड ऑयल इंपोर्ट बिल कम होता है
✅ विदेशी मुद्रा बचती है
✅ प्रदूषण थोड़ा कम होता है

लेकिन इसकी कीमत कौन चुका रहा है?

आप! आम भारतीय ड्राइवर!

E20 की साइंस:

प्रकारएनर्जी डेंसिटी (मेगाजूल/लीटर)
प्योर पेट्रोल34.2
प्योर इथेनॉल24.0
E20 ब्लेंड (80:20)32.16
एनर्जी लॉस6% लगभग

यहां ध्यान देने वाली बात है कि इथेनॉल पूरे प्योर पेट्रोल के मुकाबले कम एनर्जी डेंस होता है। इसलिए E20 ब्लेंडेड पेट्रोल की एनर्जी डेंसिटी घटकर 32.16 मेगाजूल प्रति लीटर रह जाती है।

इसका सीधा मतलब: आपकी गाड़ी का फ्यूल माइलेज लगभग 6% कम हो जाएगा।

1500 किमी की ट्रिप: ₹640 का अतिरिक्त खर्च

अब इसका आपकी जेब पर क्या असर पड़ता है, यह समझते हैं:

कैलकुलेशन:

मान लीजिए आपने अपने परिवार के साथ 1,500 किलोमीटर की एक हाईवे ट्रिप निकाली।

विवरणनॉर्मल पेट्रोलE20 ब्लेंड
माइलेज15 km/L14.1 km/L
1500 km के लिए पेट्रोल100 लीटर106.4 लीटर
अतिरिक्त पेट्रोल–6.4 लीटर
@ ₹100/लीटर₹10,000₹10,640
अतिरिक्त खर्च–₹640

समझने वाली बात यह है कि आपने ₹640 एक्स्ट्रा सिर्फ इसलिए खर्च किए क्योंकि आप E20 फ्यूल इस्तेमाल कर रहे हैं और देश का ऑयल इंपोर्ट बिल बचाने में मदद कर रहे हैं।

लेकिन इसके बदले में क्या मिला?

  • आपने एक्स्ट्रा पेट्रोल खरीदा
  • उस पर 60% टैक्स दिया
  • और फिर उस 1500 किमी के लिए ₹3,000-4,000 का टोल अलग से चुकाया
डबल टैक्सेशन की समस्या

और बस यहीं पर सबसे बड़ा सवाल उठता है। आप पहले ही:

  • कार खरीदते वक्त 50% टैक्स दे चुके हैं
  • RTO को 15 साल का लाइफटाइम रोड टैक्स दे चुके हैं
  • रोजाना चलाने के लिए पेट्रोल पर 60% टैक्स दे रहे हैं

तो फिर हाईवे पर चलने के लिए दोबारा टोल क्यों?

यह डबल टैक्सेशन नहीं तो और क्या है?

जिस सड़क का पैसा आप पहले ही रोड टैक्स और पेट्रोल टैक्स के रूप में दे चुके हैं, उस पर चलने के लिए आपको दोबारा रेंट देना पड़े – यह कहां का न्याय है?

सड़कों का हाल: पहली बारिश में टूट जाती हैं

अब सरकार का तर्क है कि टोल इसलिए लेते हैं ताकि आपको वर्ल्ड क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर मिले और हाईवेज का रखरखाव टॉप क्लास रहे।

लेकिन असलियत क्या है?

एक आम मध्यमवर्गीय भारतीय जब अपनी जिंदगी भर की जमा पूंजी लगाकर एक घर बनाता है, तो वह घर पहली बारिश में नहीं धुलता। उसमें मजबूती होती है। वह 5-10 साल तक बिना किसी बड़े रखरखाव के खड़ा रहता है।

तो फिर ऐसी क्या वजह है कि:

  • सरकार और प्राइवेट कंपनियां मिलकर
  • हजारों करोड़ के टोल वाले एक्सप्रेसवे बनाती हैं
  • लेटेस्ट इंजीनियरिंग का इस्तेमाल करती हैं
  • लेकिन वे हाईवे पहली बारिश में ही टूटने लगते हैं
  • चांद के गड्ढों जैसे क्रेटर्स बन जाते हैं

बिहार की मिसाल तो सबको पता ही है। सड़कें पहली बारिश में कैसे धुल जाती हैं।

CAG रिपोर्ट का खुलासा: ₹180 करोड़ की ओवरचार्जिंग

यहां ध्यान देने वाली बात है कि टोल प्लाजा का फ्रॉड कितना बड़ा है।

इसी साल मार्च में कंट्रोलर एंड ऑडिटर जनरल (CAG) की एक रिपोर्ट संसद में टेबल हुई। उसने बताया:

CAG की रिपोर्ट:

  • एनएचएआई (NHAI) ने आम जनता से ₹180 करोड़ का एक्सेस टोल वसूला
  • कानून के हिसाब से जब हाईवे का कंसेशन पीरियड खत्म होता है, तो टोल फीस 40% घटानी चाहिए
  • लेकिन NHAI ने ऐसा नहीं किया
  • रोड यूजर्स को अनावश्यक बोझ उठाना पड़ा

समझने वाली बात यह है कि सड़कें टूटें या बचें, आपकी जेब से पूरा पैसा इफेक्टिवली वसूला जा रहा है। आप लिटरली प्रीमियम टोल दे रहे हैं उन खड्डों के लिए।

कोर्ट का हस्तक्षेप

जब एग्जीक्यूटिव सिस्टम बहरा हो जाता है और आम आदमी को सिर्फ एक रेवेन्यू स्ट्रीम समझना शुरू कर देता है, तब कोर्ट्स को बीच में आना पड़ता है।

जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट का लैंडमार्क फैसला:

जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट ने NH-44 पर लखनपुर और बन टोल प्लाजा पर टोल फीस को सीधे 80% कम करने का आदेश दिया।

कारण:

  • हाईवे का 70% हिस्सा अंडर कंस्ट्रक्शन था
  • जगह-जगह खड्डे थे
  • डायवर्जन लगे थे

कोर्ट ने साफ कहा: “टोल प्लाजा सिर्फ पैसे छापने की मशीन नहीं हो सकती। अगर सड़क खराब है तो पब्लिक से टोल वसूलना मॉरली और लीगली दोनों तरीके से गलत है।”

केरल हाई कोर्ट का फैसला:

केरल हाई कोर्ट ने पालियकरा टोल प्लाजा पर NHAI को टोल लेने से पूरी तरह रोक दिया।

जब मामला सुप्रीम कोर्ट तक गया, तो पिछले साल अगस्त में सुप्रीम कोर्ट ने क्लियरली कहा:

“कम्यूटर्स को एक अधूरी और गड्ढों से भरी सड़क पर चलने के लिए टोल पे करने पर मजबूर नहीं किया जा सकता।”

दिलचस्प बात यह है कि हमारी जुडिशरी का मैसेज क्लियर है: “No Good Roads = No Toll”

रोड एक्सीडेंट्स: हर दिन 377 मौतें

अगर गौर करें तो बात सिर्फ खड्डों की नहीं है। बात जिंदगी और मौत की भी है।

भारत में सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़े:

देशरोज की मौतेंटिप्पणी
भारत377 लोग/दिनदुनिया में सबसे ज्यादा
चीनकम (जनसंख्या के अनुपात में)बेहतर हाईवे डिजाइन

चीन ने पिछले कुछ सालों में हाईवे सेफ्टी डिजाइन इम्प्रूव करके अपनी रोड डेथ्स को 1/3 तक कम कर दिया है।

लेकिन भारत में सारा ब्लेम ह्यूमन एरर या ओवर स्पीडिंग के ऊपर थोप दिया जाता है।

हाईवे डिजाइन की खामियां:

  • बिना वार्निंग के स्पीड ब्रेकर
  • मिसिंग साइनेज
  • खराब बैंक्ड कर्व्स
  • हाईवे के बीच में अचानक आने वाले कैटल क्रॉसिंग

यहां ध्यान देने वाली बात है कि अगर एक ड्राइवर टोल हाईवे पर चलते हुए एक बड़े खड्डे से टकराकर अपनी जान गंवा दे, तो यह ह्यूमन एरर नहीं है। यह उस इंफ्रास्ट्रक्चर का फेलियर है जिसके लिए उसने टोल चुकाया था।

क्या होगा अगर टोल टैक्स खत्म हो?

समझने वाली बात यह है कि टोल टैक्स हटाने से सिर्फ आपके ₹500 नहीं बचेंगे। इसका मैक्रो इकोनॉमिक असर बहुत बड़ा होगा।

कमर्शियल व्हीकल्स पर असर:

आज जब एक ट्रक अपना सामान लेकर देश के एक कोने से दूसरे कोने तक जाता है, तो वह हजारों रुपये टोल टैक्स में देता है।

यह भी पढे़ं 👇

Kanwar Yatra History

Kanwar Yatra History: समुद्र मंथन से शुरू हुई कांवड़ यात्रा, जानें पूरी कहानी

बुधवार, 5 अगस्त 2026
RBI Repo Rate Unchanged

RBI Repo Rate Unchanged: रेपो रेट 5.25% पर बरकरार, होम लोन EMI में राहत

बुधवार, 5 अगस्त 2026
PM Modi Breakfast Meeting

PM Modi Breakfast Meeting: राघव चड्ढा, पाठक और साहनी समेत 43 नए राज्यसभा सदस्यों को PM ने बुलाया

बुधवार, 5 अगस्त 2026
Punjab Assembly

Punjab Assembly Session Live: वित्त मंत्री हरपाल चीमा के स्पष्टीकरण से सदन की कार्यवाई फिर शुरू

बुधवार, 5 अगस्त 2026

कमर्शियल व्हीकल्स पर एनुअल पास भी नहीं होता।

तो वह पैसा आखिर में किसकी जेब से निकलेगा? वह ट्रक वाले का थोड़ी न है। वह जो भी सब्जी, इलेक्ट्रॉनिक्स या कपड़े हैं, उनकी कीमतों में इनपुट कॉस्ट के रूप में जुड़ जाएगा।

और आप और मैं ही पे करेंगे उसको।

टोल टैक्स खत्म होने के फायदे:
✅ सीधे फ्रेट कॉस्ट कम होगी
✅ देश की इन्फ्लेशन (महंगाई) कम होगी
✅ चीजें सस्ती होंगी
✅ लॉजिस्टिक्स बेहतर होगी

सरकार की मोरल रिस्पांसिबिलिटी

और बस यहीं पर सबसे बड़ा सवाल उठता है।

जब सरकार जनता से उम्मीद करती है कि:

  • हम E20 पेट्रोल इस्तेमाल करें
  • 6% माइलेज का नुकसान उठाएं
  • देश का तेल इंपोर्ट बिल बचाएं

तो क्या सरकार की भी मोरल रिस्पांसिबिलिटी नहीं बनती कि वह हमें कुछ लीवरेज दे?

सेंटर फ्यूल पर VAT को आसानी से कम नहीं कर सकता क्योंकि:

  • यह स्टेट्स के टैक्स सोर्स का 15-20% हिस्सा है
  • राज्य इसे छोड़ने को तैयार नहीं होंगे

सो, द ओनली लॉजिकल एंड प्रैक्टिकल लीवर है: हाईवे टोल

निष्कर्ष: यह इकोनॉमिकली ऑप्रेसिव है

राहत की बात यह नहीं है, बल्कि चिंता का विषय यह है कि:

टोल टैक्स सिस्टम का कंटीन्यूएशन:

  • इकोनॉमिकली ऑप्रेसिव (आर्थिक रूप से दमनकारी)
  • एथिकली इनडिफेंसिबल (नैतिक रूप से अरक्षणीय)

यह कहना कि बिना टोल के सड़कें नहीं बन सकतीं – एक बहुत बड़ा झूठ है।

अगर सरकार:

  • एक कार पर 50% टैक्स ले रही है
  • फ्यूल पर 60% टैक्स ले रही है
  • RTO से 15 साल का रोड टैक्स एडवांस में ले रही है

तो रोड बनाने का पैसा आम आदमी पहले ही दे चुका है।

यह टोल टैक्स सिर्फ इनएफिशिएंसी को छुपाने का एक तरीका है।

मुख्य बातें (Key Points)
  • वित्त वर्ष 2025-26 में भारत का टोल कलेक्शन ₹70,278 करोड़ पहुंचा
  • केवल उत्तर प्रदेश का टोल कलेक्शन ₹800 करोड़ से अधिक
  • कार खरीदने पर लगभग 50% टैक्स (जीएसटी + सेस)
  • पेट्रोल पर 60-69% टैक्स लगता है
  • E20 ब्लेंडिंग से माइलेज में 6% की गिरावट
  • 1500 किमी की ट्रिप पर E20 से ₹640 का अतिरिक्त खर्च
  • CAG रिपोर्ट में NHAI पर ₹180 करोड़ ओवरचार्जिंग का आरोप
  • भारत में हर दिन 377 लोग सड़क दुर्घटनाओं में मारे जाते हैं
  • जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट ने टोल 80% कम करने का आदेश दिया
  • सुप्रीम कोर्ट ने कहा: खराब सड़क पर टोल लेना गैरकानूनी
  • डबल टैक्सेशन की समस्या – रोड टैक्स + टोल
  • टोल हटने से महंगाई कम होगी

 

FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: E20 पेट्रोल से माइलेज कितना कम होता है?

उत्तर: E20 पेट्रोल में 20% इथेनॉल और 80% पेट्रोल होता है। इथेनॉल की एनर्जी डेंसिटी कम होने के कारण माइलेज में लगभग 6% की गिरावट होती है। उदाहरण के लिए, अगर आपकी गाड़ी नॉर्मल पेट्रोल पर 15 km/L देती है, तो E20 पर यह घटकर 14.1 km/L हो जाएगी।

प्रश्न 2: 2025-26 में भारत में कितना टोल कलेक्शन हुआ?

उत्तर: वित्त वर्ष 2025-26 में भारत का कुल टोल कलेक्शन ₹70,278 करोड़ पहुंच गया। यह आंकड़ा पिछले 4-5 वर्षों में दोगुने से भी अधिक हो चुका है। केवल उत्तर प्रदेश का टोल कलेक्शन ₹800 करोड़ से ज्यादा रहा।

प्रश्न 3: क्या टोल टैक्स डबल टैक्सेशन है?

उत्तर: हां, यह डबल टैक्सेशन ही है। आप पहले से ही कार पर 50% टैक्स, पेट्रोल पर 60% टैक्स और RTO को 15 साल का लाइफटाइम रोड टैक्स दे चुके होते हैं। जिस सड़क का पैसा आप पहले ही चुका चुके हैं, उस पर चलने के लिए दोबारा टोल देना डबल टैक्सेशन ही है।

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

RBI Repo Rate Unchanged: रेपो रेट 5.25% पर बरकरार, होम लोन EMI में राहत

Next Post

Kanwar Yatra History: समुद्र मंथन से शुरू हुई कांवड़ यात्रा, जानें पूरी कहानी

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप

अभिनव कश्यप 'The News Air' के संस्थापक और मुख्य संपादक (Chief Editor) हैं। डिजिटल मीडिया में उनके अनुभव में ग्राउंड रिपोर्टिंग, न्यूज़ डेस्क ऑपरेशन और एडिटोरियल लीडरशिप शामिल है। वे हर खबर की फैक्ट-चेकिंग और संपादन की व्यक्तिगत रूप से निगरानी करते हैं। राजनीति, चुनाव विश्लेषण, सामाजिक मुद्दे और डिजिटल मीडिया ट्रेंड्स उनकी विशेषज्ञता के प्रमुख क्षेत्र हैं। अभिनव का संपादकीय सिद्धांत है "सनसनी नहीं, सच्चाई; तेज़ी नहीं, तथ्य।"

Related Posts

Kanwar Yatra History

Kanwar Yatra History: समुद्र मंथन से शुरू हुई कांवड़ यात्रा, जानें पूरी कहानी

बुधवार, 5 अगस्त 2026
RBI Repo Rate Unchanged

RBI Repo Rate Unchanged: रेपो रेट 5.25% पर बरकरार, होम लोन EMI में राहत

बुधवार, 5 अगस्त 2026
PM Modi Breakfast Meeting

PM Modi Breakfast Meeting: राघव चड्ढा, पाठक और साहनी समेत 43 नए राज्यसभा सदस्यों को PM ने बुलाया

बुधवार, 5 अगस्त 2026
Punjab Assembly

Punjab Assembly Session Live: वित्त मंत्री हरपाल चीमा के स्पष्टीकरण से सदन की कार्यवाई फिर शुरू

बुधवार, 5 अगस्त 2026
High Court

Punjab High Court DA Case: पंजाब हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, 14,191 करोड़ के DA बकाये 15 दिन में चुकाने होंगे

बुधवार, 5 अगस्त 2026
5 August History

5 August History: इस दिन हुए थे ये बड़े हादसे और क्रांतिकारी फैसले, Neil Armstrong का जन्मदिन भी

बुधवार, 5 अगस्त 2026
Next Post
Kanwar Yatra History

Kanwar Yatra History: समुद्र मंथन से शुरू हुई कांवड़ यात्रा, जानें पूरी कहानी

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।