Din Bhar Ki Khabar में आज कई बड़ी खबरों ने देश और दुनिया की सियासत को हिलाकर रख दिया। एक तरफ मिडिल ईस्ट में जारी भीषण जंग के 24वें दिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अचानक युद्धविराम के संकेत दिए, तो दूसरी तरफ भारत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विपक्ष के दबाव में आकर लोकसभा में LPG किल्लत पर सफाई देनी पड़ी। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने गुजरात के वड़ोदरा में आदिवासी सम्मेलन से मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा, तो अखिलेश यादव ने भी BJP पर हमला बोला। पश्चिम बंगाल में TMC और चुनाव आयोग के बीच टकराव और गहरा गया। आइए जानते हैं दिनभर की हर बड़ी खबर विस्तार से।
ईरान के आगे झुके ट्रंप, 5 दिन के लिए रुके हमले
मिडिल ईस्ट में जारी जंग ने पूरी दुनिया में हाहाकार मचा रखा है। ईरान द्वारा हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर लगाए गए पहरे ने वैश्विक तेल सप्लाई को बुरी तरह प्रभावित किया है, जिससे तमाम देशों पर ऊर्जा संकट खड़ा हो गया है। इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी (IEA) ने पहले ही चेतावनी दी थी कि यह ऊर्जा संकट 1970 के दशक के तेल संकट से भी बदतर है।
जंग के 24वें दिन ईरानी मिसाइलों ने इजराइल के शहरों और खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों पर भयंकर तबाही मचाई। UAE और सऊदी अरब में भी मिसाइल और ड्रोन दागे गए। ईरान की रक्षा परिषद ने धमकी दी कि अगर ईरान के तटों या द्वीपों पर हमला हुआ तो पूरे फारस की खाड़ी में बारूदी सुरंगें बिछा दी जाएंगी। यानी सिर्फ हॉर्मुज जलडमरूमध्य ही नहीं, बल्कि फारस की खाड़ी भी बंद हो सकती है, जिससे वैश्विक व्यापार को दोहरा झटका लगेगा।
ट्रंप ने ईरान को हॉर्मुज खोलने के लिए 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया था। लेकिन ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने साफ कहा कि अगर ईरान के बिजली संयंत्रों को निशाना बनाया गया, तो वे इजराइल और खाड़ी देशों में मौजूद उन बिजली संयंत्रों पर हमला करेंगे जो अमेरिकी ठिकानों को बिजली सप्लाई करते हैं। यानी ईरान ने अमेरिका और इजराइल की किसी भी धमकी के आगे झुकने से साफ इनकार कर दिया।
ट्रंप ने अचानक बदला सुर, दिए युद्धविराम के संकेत
ईरान की इस सख्ती के बाद ट्रंप का एक बयान आया जिसने पूरी जंग की तस्वीर बदल दी। ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका और ईरान ने मध्य पूर्व में सैन्य अभियान को पूरी तरह रोकने के लिए सार्थक बातचीत की है। उन्होंने कहा कि वार्ताओं के लहजे और स्वरूप के आधार पर उन्होंने युद्ध विभाग को ईरानी बिजली संयंत्रों और ऊर्जा ढांचे के खिलाफ सभी सैन्य हमलों को 5 दिनों के लिए रोकने का निर्देश दिया है, बशर्ते कि चल रही बैठकों और चर्चाओं की सफलता सुनिश्चित हो।
लेकिन ईरान की प्रतिक्रिया बिल्कुल अलग है। IRGC से जुड़ी ईरान की फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक ट्रंप के साथ कोई सीधा या अप्रत्यक्ष संपर्क नहीं है। एजेंसी के सूत्रों का कहना है कि जब ट्रंप ने सुना कि ईरान के निशाने पर पश्चिम एशिया के सभी पावर स्टेशन होंगे, तो वह पीछे हट गए।
चीन और रूस ने भी जताई गहरी चिंता
इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने दूसरे देशों से इस जंग में शामिल होने की अपील की, लेकिन अगर ऐसा हुआ तो यह तीसरे विश्व युद्ध का रूप ले सकती है। चीन ने चेताया कि अगर यह जंग और फैली तो पूरा इलाका ऐसे चक्र में फंस जाएगा जहां से निकलना मुश्किल होगा। वहीं रूस के क्रेमलिन प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने ईरान के बुशर परमाणु ऊर्जा संयंत्र के पास अमेरिका और इजराइल द्वारा किए गए हमलों को बेहद खतरनाक बताया और कहा कि ऐसे हमलों के अपूरणीय नतीजे हो सकते हैं।
Din Bhar Ki Khabar में यह सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय खबर रही। सवाल यह है कि क्या ट्रंप वाकई बैकफुट पर आ गए हैं? अगर उनका दावा सच है तो यह पूरी दुनिया के लिए राहत की खबर हो सकती है, लेकिन ईरान का रुख देखते हुए स्थिति अभी भी अनिश्चित बनी हुई है।
LPG संकट पर PM मोदी ने लोकसभा में दी सफाई
पश्चिम एशिया में जारी जंग की तबाही अब भारत की आम जनता की रसोई तक पहुंच चुकी है। देश में LPG की किल्लत इस कदर बढ़ गई है कि लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी अस्त-व्यस्त हो चुकी है। कांग्रेस बार-बार PM मोदी को इस मुद्दे पर घेर रही थी, जिसके बाद आखिरकार प्रधानमंत्री को लोकसभा में आकर सफाई देनी पड़ी।
PM मोदी ने कहा कि सरकार की कोशिश रही है कि पेट्रोल, डीजल और गैस की सप्लाई प्रभावित न हो। उन्होंने बताया कि भारत अपनी जरूरत का 60% LPG आयात करता है और सप्लाई में अनिश्चितता के कारण सरकार ने घरेलू उत्पादन को प्राथमिकता दी है। साथ ही देश में उत्पादन बढ़ाने पर काम किया जा रहा है।
ऊर्जा स्रोतों का विविधीकरण: 27 से 41 देशों तक पहुंचा आयात
PM मोदी ने दावा किया कि बीते 11 साल में भारत ने अपनी ऊर्जा जरूरतों की आपूर्ति का डायवर्सिफिकेशन किया है। पहले भारत 27 देशों से कच्चे तेल और गैस का आयात करता था, अब 41 देशों से ऊर्जा जरूरतों का आयात किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि भारत के पास आज 53 लाख मेट्रिक टन का स्ट्रैटेजिक रिजर्व है और 65 लाख मेट्रिक टन के रिजर्व पर काम चल रहा है।
PM मोदी ने यह भी कहा कि सरकार ने एक इंटरमिनिस्ट्रियल ग्रुप बनाया है जो हर दिन बैठक करता है और इंपोर्ट-एक्सपोर्ट पर चर्चा करता है। उनकी कोशिश है कि जहां से भी मुमकिन हो, तेल, गैस और फर्टिलाइजर के जहाज भारत तक सुरक्षित पहुंचें। PM मोदी के इस बयान को विपक्ष के लगातार सवालों का जवाब माना जा रहा है। लेकिन विपक्ष का कहना है कि PM मोदी को विपक्ष के दबाव में आकर सफाई देनी पड़ी, यही उनकी हार है।
TMC vs चुनाव आयोग: कोलकाता हाईकोर्ट में भिड़ंत
Din Bhar Ki Khabar में अगली बड़ी खबर पश्चिम बंगाल से आई जहां ममता बनर्जी सरकार और चुनाव आयोग के बीच टकराव और गहरा हो गया। विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच चुनाव आयोग ने बड़े पैमाने पर अधिकारियों के तबादले किए, जिसके खिलाफ TMC सांसद कल्याण बनर्जी ने कोलकाता हाईकोर्ट में याचिका दायर की।
कल्याण बनर्जी ने कोर्ट में TMC का पक्ष रखते हुए बताया कि अनुच्छेद 324 चुनाव आयोग को चुनाव संपन्न कराने की शक्ति तो देता है, लेकिन यह विधायिका द्वारा बनाए गए कानूनों के खिलाफ काम नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि राज्य को चलाने की पूरी शक्ति चुनाव आयोग के पास नहीं जा सकती।
63 पुलिस अधिकारी और 16 IAS अफसर हटाए गए
कल्याण बनर्जी ने कोर्ट को बताया कि अब तक सिर्फ पुलिस विभाग से ही 63 अधिकारियों को हटाया जा चुका है, जबकि 16 IAS अधिकारियों का भी तबादला किया गया है। उन्होंने चुनाव आयोग के दोहरे रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक तरफ कहा जा रहा है कि इन अधिकारियों को यहां चुनाव प्रक्रिया से नहीं जोड़ा जाएगा, और दूसरी तरफ उन्हें तमिलनाडु भेजा जा रहा है। कल्याण बनर्जी ने पूछा कि अगर चुनावी राज्यों से अधिकारी नहीं लेने थे तो बाकी राज्यों से भी बुलाए जा सकते थे।
उन्होंने कोर्ट को यह भी बताया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव लाया गया है और उन पर मनमाने ढंग से काम करने के आरोप लगे हैं। बनर्जी ने सवाल किया कि जो सालों से राज्य में कानून व्यवस्था की देखरेख कर रहा हो, अगर उसी का तबादला कर दिया जाए तो क्या होगा? उन्होंने कहा कि जब कोई चुनी हुई सरकार मौजूद हो तो क्या चुनाव आयोग उसमें दखल दे सकता है?
TMC की दलीलों ने चुनाव आयोग को कोर्ट में कटघरे में खड़ा कर दिया है। अब देखना होगा कि इस मामले में कोलकाता हाईकोर्ट क्या रुख अपनाता है।
राहुल गांधी का गुजरात से BJP पर बड़ा हमला
Din Bhar Ki Khabar में राजनीतिक मोर्चे पर सबसे बड़ा तूफान राहुल गांधी ने खड़ा किया। वह PM मोदी के गृह राज्य गुजरात के वड़ोदरा पहुंचे, जहां उन्होंने आदिवासी अधिकार संविधान सम्मेलन में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने आदिवासी समुदाय को संबोधित करते हुए उनके हक की बात की और मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा।
राहुल गांधी ने कहा कि RSS और BJP एक नया शब्द लेकर आए हैं: “वनवासी”। उन्होंने इसका मतलब समझाते हुए कहा कि वनवासी का मतलब है कि आप सिर्फ जंगल में रहते हैं, उसके मालिक नहीं हैं। जबकि “आदिवासी” का मतलब है कि यह देश आपका था, जल-जंगल-जमीन आपकी थी। राहुल ने आदिवासियों को जंगल का असली मालिक बताया और कहा कि मोदी सरकार ने आदिवासी शब्द के असली मतलब को पूरी तरह बदल दिया है।
“बिरसा मुंडा के सामने हाथ जोड़ते हैं, पर उनके विचारों पर हमला करते हैं”
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी और BJP के लोग बिरसा मुंडा की मूर्ति के सामने हाथ जोड़ते हैं, लेकिन वे उन्हीं विचारों पर हमला करते हैं जिनके लिए बिरसा मुंडा ने लड़ाई लड़ी और शहीद हुए। उन्होंने कहा कि जब BJP आदिवासियों की जल-जंगल-जमीन छीनती है, तो वह सिर्फ बिरसा मुंडा ही नहीं, संविधान पर भी हमला करती है।
राहुल ने कहा कि विकास के नाम पर आदिवासियों की जमीन छीनी जा रही है और मुआवजा भी नहीं दिया जाता। उन्होंने आरोप लगाया कि PM मोदी ने जंगल की जमीन औने-पौने दाम पर अपने दोस्त अडानी को दे दी है। राहुल ने जातिगत जनगणना का मुद्दा भी उठाया और कहा कि जब भी वह जातिगत जनगणना की बात करते हैं, BJP-RSS के लोग उन पर आक्रमण करते हैं।
उन्होंने सरकारी संस्थाओं के निजीकरण पर भी सवाल उठाए और कहा कि पहले पब्लिक सेक्टर में आदिवासियों, दलितों और पिछड़ों को रिजर्वेशन मिलता था, लेकिन अब BJP सरकारी संस्थाओं को प्राइवेटाइज कर रही है जिसमें कुछ चुनिंदा लोगों को ही जगह मिलेगी।
“मोदी का भाषण, अमेरिका के खिलाफ एक शब्द नहीं”
राहुल गांधी ने PM मोदी के लोकसभा में दिए भाषण पर भी तंज कसा और कहा कि उन्होंने 25 मिनट का भाषण तो दिया, लेकिन अमेरिका के खिलाफ एक शब्द नहीं बोला। उन्होंने PM मोदी पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के “100 परसेंट कंट्रोल” में होने का आरोप लगाया। राहुल के इन हमलों से BJP बुरी तरह घिर गई है और पीएम मोदी के गढ़ में ही विपक्ष की यह आक्रामकता सत्ता पक्ष के लिए चिंता का विषय बन गई है।
अखिलेश यादव का BJP पर चौतरफा हमला
Din Bhar Ki Khabar में अगली बड़ी खबर उत्तर प्रदेश से आई। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने 2027 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए BJP पर चौतरफा हमला बोला। शहीद दिवस यानी 23 मार्च के मौके पर अखिलेश सपा कार्यकर्ताओं के साथ लखनऊ के लोहिया पार्क में इकट्ठा हुए, जहां उन्होंने भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को याद किया।
अखिलेश ने सीएम योगी पर निशाना साधते हुए कहा कि सीएम को बताना चाहिए कि कागज पर लिखे विकास में कितनी सच्चाई है। उन्होंने सवाल उठाया कि लखनऊ में हुए डिफेंस एक्सपो और MOU के बाद जमीन पर कितना निवेश आया, किस इंडस्ट्रियल पॉलिसी के तहत आया, बजट में कितना धन रखा गया, और प्रति कारखाना कितने रोजगार दिए गए।
“LPG का फुल फॉर्म है लापता गैस”: अखिलेश
अखिलेश ने गोरखपुर में BJP नेता राजकुमार चौहान की जान जाने के मुद्दे पर भी सवाल उठाया और पूछा कि क्या कार्रवाई हुई, किसका नाम FIR से हटाया गया और किसको बचाया जा रहा है। उन्होंने जातीय जनगणना की भी जोरदार मांग उठाई और कहा कि संविधान है तो आबादी के हिसाब से हक और सम्मान दो।
LPG संकट पर अखिलेश ने सरकार पर तीखा तंज कसते हुए कहा कि LPG का फुल फॉर्म “लापता गैस” है। उन्होंने आगाह किया कि चुनाव तक तो कीमतें नहीं बढ़ाई गई हैं, लेकिन जैसे ही चुनाव खत्म होगा, कीमतें बढ़ाई जाएंगी। अखिलेश के इन हमलों को देखते हुए राजनीतिक जानकारों का कहना है कि वह 2027 के चुनाव की तैयारी में जनता के मुद्दों पर सरकार की घेराबंदी कर रहे हैं, जिसका फायदा उन्हें चुनाव में मिल सकता है।
संसद में बजट सत्र: वित्त विधेयक 2026 पेश, मोबाइल डेटा पर उठे सवाल
ईद और शनिवार-रविवार की लंबी छुट्टी के बाद संसद के बजट सत्र की कार्यवाही फिर शुरू हुई। लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान पर्यावरण मंत्रालय से अहम सवाल पूछे गए, जिनका जवाब केंद्रीय राज्य मंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने दिया। इसके बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त विधेयक 2026 पेश किया। यह काफी अहम कदम है क्योंकि इससे केंद्रीय बजट 2026-27 में पेश किए गए प्रस्तावों को कानूनी ढांचा मिलेगा।
राज्यसभा में जया बच्चन ने शून्यकाल के दौरान राष्ट्रीय राजधानी में रोड ब्लॉक्स और ट्रैफिक डायवर्जन की समस्या उठाई। उन्होंने कहा कि एम्बुलेंस भी ट्रैफिक में रोक दी गई, यह कल्चर बंद होना चाहिए।
राघव चड्ढा ने उठाया मोबाइल डेटा का मुद्दा
AAP सांसद राघव चड्ढा ने राज्यसभा में मोबाइल फोन यूजर्स से जुड़ा एक अहम मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि देश के करोड़ों मोबाइल यूजर्स रोजाना डेटा प्लान के जरिए अप्रत्यक्ष रूप से लूटे जा रहे हैं। उन्होंने समझाया कि उपभोक्ता से पैसा पूरा लिया जाता है, लेकिन रात 12 बजे तक बचा हुआ डेटा दिन खत्म होने के साथ ही समाप्त हो जाता है और अगले दिन नहीं मिलता, जबकि वह मेहनत की कमाई से खरीदा गया होता है।
राघव चड्ढा ने डेटा रोलओवर की व्यवस्था की मांग करते हुए कहा कि यह सिर्फ डेटा की नहीं बल्कि उपभोक्ता के अधिकार की बात है। यह मुद्दा करोड़ों आम लोगों से सीधे जुड़ा है और संसद में इसे उठाया जाना एक अहम कदम माना जा रहा है।
सुप्रीम कोर्ट पर अशोक स्तंभ: CJI सूर्यकांत ने दिए सकारात्मक संकेत
Din Bhar Ki Khabar में एक दिलचस्प मामला सुप्रीम कोर्ट से आया। सुप्रीम कोर्ट की इमारत पर राष्ट्रीय चिन्ह (अशोक स्तंभ) लगाने की मांग को लेकर एक याचिका दायर की गई थी। याचिकाकर्ता का कहना था कि देश की सबसे बड़ी अदालत की इमारत पर राष्ट्रीय प्रतीक होना चाहिए।
CJI सूर्यकांत की अगुवाई वाली बेंच ने सुनवाई के दौरान सकारात्मक संकेत दिए। कोर्ट ने कहा कि इस तरह की मांग के लिए याचिका दायर करने की जरूरत नहीं है, बल्कि चीफ जस्टिस को चिट्ठी लिखकर प्रशासनिक तरीके से इस पर विचार करने का अनुरोध किया जा सकता है।
CJI सूर्यकांत ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट की एक नई इमारत बन रही है और इस मुद्दे पर नई इमारत के संदर्भ में विचार किया जा सकता है। जब याचिकाकर्ता ने मौजूदा इमारत के बारे में पूछा तो कोर्ट ने भरोसा दिलाया कि उस पर भी विचार होगा, लेकिन यह मामला प्रशासनिक स्तर पर तय होगा।
याचिकाकर्ता ने बताया कि उन्होंने मई 2025 में भी इस बारे में चिट्ठी लिखी थी, जिस पर 27 नवंबर 2025 को जवाब मिला था कि सुप्रीम कोर्ट अपना खुद का प्रतीक इस्तेमाल करता है। इस पर CJI ने कहा कि वह जवाब उनके कार्यकाल से पहले दिया गया था। यानी साफ है कि सुप्रीम कोर्ट इस विचार के खिलाफ नहीं है।
कार्टूनिस्ट इरफान का तीखा तंज: 14.5 किलो का सिलेंडर, गैस सिर्फ 10 किलो
Din Bhar Ki Khabar के आखिर में जाने-माने कार्टूनिस्ट इरफान ने एक तीखा व्यंग्य किया। उन्होंने LPG संकट पर तंज कसते हुए कहा कि कच्चा तेल तो रूस से आ गया है और ट्रंप के यहां से LPG गैस भारत के लिए चलती भी है, तो गैस की कोई किल्लत नहीं होनी चाहिए। लेकिन “आपदा में अवसर” को अपनाने वाली सरकार ने तय किया कि 14.5 किलो वाले गैस सिलेंडर में गैस होगी सिर्फ 10 किलो। उन्होंने व्यंग्य में कहा कि “इसी को तो कहते हैं घर-घर मोदी”।
राहुल गांधी पर मानहानि केस: अगली सुनवाई 27 मार्च
आज की अन्य सुर्खियों में राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि केस की सुनवाई टल गई। यह मामला गृह मंत्री अमित शाह पर कथित टिप्पणी करने से जुड़ा है और अगली सुनवाई 27 मार्च को तय हुई है। वहीं पंजाब कांग्रेस के चार सांसदों ने अमित शाह को पत्र लिखकर DM रंदा की जान जाने के मामले में CBI जांच की मांग उठाई और आरोपियों के खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी करने की अपील की।
केरल BJP अध्यक्ष चंद्रशेखर की उम्मीदवारी रद्द करने की मांग भी तेज हुई। कांग्रेस ने बड़ा दावा किया कि चंद्रशेखर का बेंगलुरु में 200 करोड़ का बंगला है, जिसकी जानकारी हलफनामे में छुपाई गई है।
ममता सरकार को सुप्रीम कोर्ट की फटकार
सुप्रीम कोर्ट ने ममता सरकार को फटकार लगाते हुए कहा कि “आपके लिए विकास से ज्यादा त्यौहार जरूरी हैं।” कोलकाता मेट्रो परियोजना में देरी पर कोर्ट ने कहा कि “हम बहाना नहीं देंगे।” वहीं शेयर बाजार में भी गिरावट का दौर जारी रहा। Sensex 10,836 अंकों की गिरावट के साथ 72,696 पर बंद हुआ, जबकि Nifty 601 अंकों की गिरावट के साथ 22,512 पर बंद हुआ।
मुख्य बातें (Key Points)
- ईरान-अमेरिका जंग: डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर हमले 5 दिन के लिए रोकने के संकेत दिए, ईरान ने किसी भी बातचीत से इनकार किया और कहा कि ट्रंप पीछे हटे हैं।
- LPG संकट: PM मोदी ने विपक्ष के दबाव में लोकसभा में LPG किल्लत पर सफाई दी, बताया कि 41 देशों से ऊर्जा आयात हो रहा है और 53 लाख मेट्रिक टन का स्ट्रैटेजिक रिजर्व मौजूद है।
- TMC vs चुनाव आयोग: कल्याण बनर्जी ने कोलकाता हाईकोर्ट में चुनाव आयोग की मनमानी पर सवाल उठाए, 63 पुलिस अधिकारी और 16 IAS अफसरों के तबादले को चुनौती दी।
- राहुल गांधी: गुजरात में आदिवासी सम्मेलन से मोदी सरकार पर हमला, PM मोदी को ट्रंप के “100% कंट्रोल” में होने का आरोप लगाया।
- अखिलेश यादव: LPG को “लापता गैस” बताया, जातीय जनगणना की मांग उठाई और CM योगी से विकास का हिसाब मांगा।








