Punjab Women Scheme: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज कहा कि महिलाओं के लिए प्रति माह 1,000 रुपये की घोषणा पर विपक्षी पार्टियों द्वारा दिखाई जा रही निराशा स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि साल 2027 में आम आदमी पार्टी (आप) की पंजाब में सत्ता वापसी का डर है। पंजाब विधानसभा को संबोधित करते हुए भगवंत सिंह मान ने जोर देकर कहा कि जहां शिरोमणि अकाली दल, भाजपा और कांग्रेस जैसी पार्टियों ने अपने चुनावी वादों को नजरअंदाज करके लोगों के साथ बार-बार धोखा किया है, वहीं ‘आप’ सरकार ने अपने मेनिफेस्टो को पवित्र दस्तावेज माना है और सिर्फ चार सालों में आम लोगों के लिए हर गारंटी पूरी की है।
‘मुख्यमंत्री मांवा-धीयां सत्कार योजना’, मुफ्त बिजली, मुफ्त बस यात्रा, 10 लाख रुपये की स्वास्थ्य योजना के तहत मुफ्त इलाज, 63,943 युवाओं की पारदर्शी भर्ती और बुनियादी ढांचे व उद्योग में बड़े निवेश जैसी पहलों का जिक्र करते हुए भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब विकास के रास्ते पर मजबूती से आगे बढ़ रहा है और आने वाले सालों में विकास की गति और तेज होगी।
तलवंडी साबो से विधायक प्रोफेसर बलजिंदर कौर द्वारा राज्यपाल के भाषण पर पेश धन्यवाद प्रस्ताव पर बहस को समेटते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “वह समय भी था जब चुनाव मेनिफेस्टो को कोई पढ़ता तक नहीं था क्योंकि पारंपरिक पार्टियां चुनाव से कुछ दिन पहले मेनिफेस्टो जारी करके खानापूर्ति करती थीं। पारंपरिक पार्टियों के चुनाव मेनिफेस्टो में धर्म-जाति की बात होती थी, लेकिन आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ऐतिहासिक पहल करते हुए आम लोगों के लिए बेहतर स्वास्थ्य और शिक्षा को चुनाव मेनिफेस्टो का हिस्सा बनाया। पारंपरिक पार्टियों को भी अपने चुनाव मेनिफेस्टो में स्वास्थ्य-शिक्षा के क्षेत्रों को शामिल करने के लिए मजबूर होना पड़ा, जिसके लिए वे अरविंद केजरीवाल के आभारी हैं।”
चार सालों के कार्यकाल का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे परमात्मा के आभारी हैं जिन्होंने उन्हें राज्य की सेवा करने की शक्ति दी है।
‘मुख्यमंत्री मांवा-धीयां सत्कार योजना’ की बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना की घोषणा के बाद राज्य में खासकर महिलाओं में खुशी की लहर चल रही है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत सामान्य वर्ग की 18 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को हर महीने 1000 रुपये और एस.सी. वर्ग की महिलाओं को 1500 रुपये मिलेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि आम लोगों खासकर गरीबों की जिंदगी में 1000-1500 रुपये की बहुत बड़ी अहमियत होती है। उन्होंने कहा कि सरकार की यह राशि मां-बेटियों के लिए सम्मान है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि इस योजना से महिलाओं के चेहरों की खुशी उनके मन को सुकून देती है। उन्होंने कहा कि 13 अप्रैल से इस योजना का रजिस्ट्रेशन शुरू होगा।
पंजाब के हर परिवार के लिए पौष्टिक भोजन सुनिश्चित करने के लिए ‘मेरी रसोई’ योजना का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बहुत से परिवार अच्छा भोजन न मिलने से पोषक तत्वों से वंचित रह जाते हैं जिससे उनकी सेहत पर बुरा असर पड़ता है। उन्होंने कहा कि ‘मेरी रसोई’ योजना के तहत 40 लाख परिवारों को राशन में चीनी, दाल, सरसों का तेल, नमक मिलेगा। इस योजना के लिए 1000 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।
चार सालों में स्वास्थ्य क्रांति के तहत किए गए प्रयासों के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि 881 आम आदमी क्लीनिकों में लोगों का भरोसा बढ़ रहा है और क्लीनिकों की ओ.पी.डी. में आने वालों की संख्या 5 करोड़ से पार हो चुकी है जो अपने आप में रिकॉर्ड है। हर परिवार को मुफ्त इलाज देने के लिए ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ लागू की गई है और यह देश की पहली ऐसी योजना है जिसमें हर परिवार को 10 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा।
उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत सरकारी और प्राइवेट 900 अस्पताल सूचीबद्ध किए गए हैं। उन्होंने कहा कि लोगों को अस्पतालों की जानकारी देने के लिए सभी आम आदमी क्लीनिकों में सूची लगाई जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, “कनाडा जैसे विकसित देशों में भी इलाज के लिए स्वास्थ्य बीमा की किस्त भरनी पड़ती है लेकिन पंजाब में सारा इलाज मुफ्त दिया जा रहा है।” मुख्यमंत्री ने कहा कि लहिरागागा, संगरूर, मलेरकोटला, होशियारपुर और कपूरथला में मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि साल 2022 से सरकारी अस्पतालों के लिए 934 डॉक्टरों की रिकॉर्ड भर्ती की गई है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगशाला की सफलता का भी जिक्र किया।
शिक्षा क्षेत्र में किए गए सुधारों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में बेहतर शिक्षा देने के लिए 118 स्कूल ऑफ एमिनेंस स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रिंसिपलों और शिक्षकों को फिनलैंड, सिंगापुर और आई.आई.एम. अहमदाबाद में ट्रेनिंग के लिए भेजा जा रहा है। साल 2022 से अब तक 13,765 शिक्षकों की भर्ती हो चुकी है। उन्होंने कहा कि सभी पंजाबियों के लिए गर्व की बात है कि नेशनल अचीवमेंट सर्वे-2024 में पंजाब ने सर्वोत्तम स्थान हासिल किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाला समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (ए.आई.) का है और सरकार ए.आई. के बारे में बच्चों को जानकारी देने के लिए शिक्षकों को विश्व स्तर की ट्रेनिंग दे रही है।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि पहली बार खेतों के लिए दिन में बिजली मिलने लगी है जिससे किसानों का जीवन ही बदल गया है। उन्होंने कहा कि किसानों को देश में सबसे ज्यादा गन्ने का भाव दिया जा रहा है और इस समय 416 रुपये प्रति क्विंटल भाव मिल रहा है। उन्होंने कहा कि मालवा की जीवनधारा समझी जाने वाली फिरोजपुर फीडर नहर का नवीनीकरण किया गया और देश की आजादी के बाद पहली बार नई मालवा नहर बनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं को किताबों से जोड़ने के लिए गांवों में लाइब्रेरी बनाई जा रही हैं। गांवों में 3200 खेल मैदान विकसित किए जा रहे हैं।
पारदर्शी रोजगार मुहिम का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि अब तक राज्य के युवाओं को 63,943 सरकारी नौकरियां दी गई हैं और यह सारी भर्ती बिना किसी सिफारिश और रिश्वत के की गई है। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों में वह समय था जब आम घरों के युवा सरकारी नौकरी के लिए धक्के खाते थे क्योंकि उस समय ‘अटैची कल्चर’ चलता था जिससे धनाढ्य लोग रिश्वत देकर नौकरियां ले जाते थे।
उन्होंने कहा कि लुधियाना में 3200 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित देश के दूसरे सबसे बड़े टाटा स्टील मैन्युफैक्चरिंग प्लांट का उद्घाटन 20 मार्च को किया जा रहा है जिससे सीधे तौर पर 4000 युवाओं को रोजगार मिलेगा। उन्होंने कहा कि उद्योगिक निवेश के लिए दुनिया भर के उद्योगपतियों को आकर्षित करने के लिए 13-15 मार्च तक मोहाली में पंजाब प्रोग्रेसिव इन्वेस्टमेंट सम्मेलन करवाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने जापान, दक्षिण कोरिया आदि देशों के औद्योगिक दौरे का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि जापान की कंपनी जी.आई.सी.के. पंजाब में 1300 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
बिजली क्षेत्र की बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 90 प्रतिशत घरों को मुफ्त बिजली दी जा रही है। उन्होंने कहा कि राज्य के लोगों पर वित्तीय बोझ कम करने के लिए कुछ दिन पहले बिजली के रेट 70 पैसे से 1.50 रुपये प्रति यूनिट तक घटाए गए हैं। उन्होंने कहा कि पहली बार सरकार ने जी.वी.के. कंपनी का प्राइवेट थर्मल प्लांट खरीदा है और इसका नाम श्री गुरु अमर दास जी के नाम पर रखा है। ‘रौशन पंजाब’ मुहिम के तहत 5000 करोड़ रुपये खर्च करके बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है जिसमें अंडरग्राउंड तारें भी बिछाई जाएंगी। सड़क सुरक्षा फोर्स का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एस.एस.एफ. के गठन से पंजाब में सड़क हादसों में मौत दर में 48 प्रतिशत कमी आई है।
भ्रष्टाचार के प्रति कोई लिहाज न बरतने की नीति को दोहराते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि रिश्वतखोरी पर अंकुश लगाने के लिए भ्रष्टाचार विरोधी एक्शन लाइन नंबर-95012-00200 जारी किया गया है और अब तक 1000 से अधिक गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।
पिछले साल भारी बाढ़ से हुए नुकसान की भरपाई के लिए उठाए कदमों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पीड़ित परिवारों को फसलों, घरों और पशुधन का मुआवजा दिया गया। उन्होंने बताया कि किसानों के लिए ‘जिसदा खेत, उसदी रेत’ योजना लागू की गई जिससे किसानों को बहुत फायदा हुआ। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित किसानों को 33 करोड़ 96 लाख रुपये की लागत से 84 हजार 889 क्विंटल गेहूं का बीज मुफ्त वितरित किया गया।
भगवंत सिंह मान ने कहा कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना से कुछ बुजुर्गों को धार्मिक स्थानों के दर्शन पहली बार करने का मौका मिला। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा श्रद्धालुओं को राज्य से बाहर सिखों के दो पवित्र तख्त साहिबान तख्त श्री पटना साहिब (बिहार) और तख्त श्री हजूर साहिब (महाराष्ट्र) के दर्शन करवाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों को जमीन-जायदाद की रजिस्ट्री करवाने में आने वाली परेशानी को हमेशा के लिए दूर करने के लिए ईजी रजिस्ट्री और ईजी जमाबंदी की व्यवस्था लागू की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 44,920 किलोमीटर सड़कों का नवीनीकरण किया जा रहा है और इस प्रोजेक्ट पर 16,209 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं जिसमें से 14,328 करोड़ रुपये सड़कों के नवीनीकरण और 1,880 करोड़ रुपये सड़कों के 5 सालों के रख-रखाव के लिए हैं।
लोगों के लिए राहत का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब में 19 टोल प्लाजा बंद कर दिए गए हैं जिससे आम आदमी की जेब से टोल फीस के रोजाना 64 लाख रुपये की बचत हो रही है। उन्होंने कहा कि पावन ग्रंथ ले जाने वाले वाहनों का टैक्स माफ किया गया जबकि पिछली सरकारों ने इस बारे में कभी सोचा भी नहीं।
पंजाब को अंधाधुंध लूटने के लिए अकाली दल पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के लोगों ने अकाली नेता सुखबीर सिंह बादल के पिता प्रकाश सिंह बादल को पांच बार मुख्यमंत्री बनाया लेकिन इस परिवार ने अपना विकास तो किया लेकिन पंजाब के लिए कुछ नहीं किया जिसके लिए लोग कभी अकालियों को माफ नहीं करेंगे।
सदन से वॉकआउट करने के लिए कांग्रेस विधायकों को आड़े हाथों लेते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आपसी कलह का शिकार हुई कांग्रेस को 2027 में बहुत बुरी हार का सामना करना पड़ेगा और कांग्रेस की हालत ऐसी होगी कि पंजाब के लोगों ने सदन में विपक्षी बेंच पर बैठने के लिए एक विधायक भी नहीं जीता कर भेजना।
अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार आने वाले समय में इसी समर्पित भावना, लगन और ध्यान से लोगों की सेवा करती रहेगी ताकि पंजाब को शहीदों के सपनों का पंजाब बनाया जा सके।








