Mojtaba Khamenei Supreme Leader: ईरान–इजराइल युद्ध के बीच एक बड़े राजनीतिक बदलाव के तहत पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामनेई के बेटे मोजतबा खामनेई को ईरान का नया सुप्रीम लीडर नियुक्त किया गया है। 56 वर्षीय मोजतबा की नियुक्ति के साथ ही ईरान ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दे दी है। ईरानी संसद स्पीकर मोहम्मद बाघेर कालिबाफ ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर Jeffrey Epstein के बहाने करारा तंज कसते हुए कहा कि ईरान का भविष्य एपिस्टीन का गिरोह नहीं बल्कि ईरानी जनता तय करेगी।
‘IRGC ने ली शपथ: मोजतबा के हर आदेश का होगा पालन’
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनने की औपचारिक प्रक्रिया पूरी हो गई है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर यानी IRGC ने शपथ ली है कि ईरान के नए सुप्रीम लीडर जो भी आदेश देंगे उसे माना जाएगा। अब ईरान पर पूरा नियंत्रण मोजतबा खामनेई का रहेगा।
यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब 28 फरवरी को इजराइल और अमेरिका ने मिलकर की गई हवाई कार्रवाई में अयातुल्लाह अली खामनेई की मौत हुई थी और ईरान के कई शीर्ष नेताओं का भी निधन हुआ था। उसके बाद से ईरान और इजराइल के बीच लगातार युद्ध जारी है।
‘”Epstein Gang नहीं तय करेगी ईरान का भविष्य”: Ghalibaf का पलटवार’
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनने के बाद ईरान की प्रतिक्रिया बेहद आक्रामक रही। ईरानी संसद स्पीकर मोहम्मद बाघेर कालिबाफ ने ट्रंप पर सीधा निशाना साधते हुए कहा, “ईरान का भविष्य जेफरी एपिस्टीन के गिरोह नहीं, बल्कि ईरानी जनता तय करेगी।”
यह बयान बेहद तीखा और प्रतीकात्मक है। एपिस्टीन का नाम लेकर अमेरिकी राजनीतिक वर्ग पर निशाना साधा गया है। ईरान का यह बयान उस चेतावनी का करारा जवाब है जो ट्रंप ने मोजतबा की संभावित नियुक्ति को लेकर पहले दी थी।
‘Trump की पहले की चेतावनी: “अमेरिकी इजाजत के बिना किया तो भुगतना होगा”‘
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनाए जाने की चर्चा जब शुरू हुई थी तब ट्रंप ने बड़ा बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि अगर अमेरिका की अनुमति के बिना ईरान ऐसा करता है तो ईरान को इसका खामियाजा भुगतना होगा। यह बयान अमेरिका की उस नीति को दर्शाता है जिसमें वह ईरान के आंतरिक मामलों में भी दखल का अधिकार मानता है।
हालांकि मोजतबा की वास्तविक नियुक्ति के बाद ट्रंप ने सीधी कोई टिप्पणी नहीं की और सिर्फ इतना कहा कि “देखते हैं आगे क्या होता है।”
‘Trump-Netanyahu की “मिलकर फैसला” वाली घोषणा’
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनने के बाद अमेरिका और इजराइल के बीच समन्वय भी सामने आया। एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ चल रहे युद्ध को खत्म करने का फैसला वे और बेंजामिन नेतन्याहू मिलकर करेंगे।
ट्रंप ने यह भी कहा कि इस मुद्दे पर उनकी नेतन्याहू से लगातार बातचीत हो रही है और सही समय आने पर फैसला लिया जाएगा। यह बयान दर्शाता है कि ईरान-इजराइल युद्ध के समाधान में अमेरिका की सक्रिय भूमिका जारी है।
‘White Phosphorus का आरोप: Lebanon में इजराइल पर गंभीर इल्जाम’
Mojtaba Khamenei Supreme Leader विवाद के बीच ईरान-इजराइल युद्ध में एक और गंभीर मोड़ आया है। Human Rights Watch ने रिपोर्ट दी है कि इजराइल ने इस महीने की शुरुआत में लेबनान के दक्षिणी इलाकों में White Phosphorus का इस्तेमाल किया।
रिपोर्ट के अनुसार 3 मार्च को दक्षिणी लेबनान के योहमोर इलाके में White Phosphorus के गोले गिराए गए जिससे कम से कम दो घरों में आग लग गई। White Phosphorus एक अत्यंत खतरनाक रासायनिक पदार्थ है जो हवा के संपर्क में आते ही तुरंत जलने लगता है। यदि यह किसी इंसान के शरीर पर गिरे तो गहरे और दर्दनाक जले के घाव हो सकते हैं और यह जानलेवा भी हो सकता है।
‘Saudi Arabia की दोहरी चेतावनी: “ईरान सबसे बड़ा लूजर बनेगा”‘
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनने और ईरान-इजराइल युद्ध के बीच सऊदी अरब ने भी अपना पक्ष स्पष्ट किया। सऊदी विदेश मंत्रालय ने ईरान के हमलों की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि एयरपोर्ट और तेल केंद्रों जैसे नागरिक इलाकों पर हमला करना अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है।
सऊदी अरब ने ईरान के उस आरोप को भी गलत बताया जिसमें दावा किया गया था कि सऊदी जमीन से लड़ाकू विमान युद्ध के लिए उड़ान भर रहे थे। सऊदी का कहना है कि ये विमान सिर्फ अपने और खाड़ी देशों के आसमान की रक्षा के लिए गश्त कर रहे थे। सऊदी ने चेतावनी दी कि अगर ईरान के हमले जारी रहे तो इससे तनाव और बढ़ेगा और ईरान ही सबसे बड़ा लूजर साबित होगा।
’12 देशों पर हमला: ईरान की आक्रामकता का दायरा’
Mojtaba Khamenei Supreme Leader बनने से पहले की पृष्ठभूमि यह है कि 28 फरवरी को ईरान-इजराइल-अमेरिका के बीच युद्ध शुरू हुआ। उसके बाद से ईरान ने कम से कम 12 देशों पर हमला किया जिनमें कतर, सऊदी अरब और UAE भी शामिल हैं। युद्ध में दोनों तरफ से मिसाइलों और ड्रोनों का व्यापक इस्तेमाल हो रहा है और स्थिति हर दिन भयानक होती जा रही है।
‘मुख्य बातें (Key Points)’
- Mojtaba Khamenei Supreme Leader: 56 वर्षीय मोजतबा खामनेई अली खामनेई के बेटे हैं; IRGC ने शपथ ली कि उनके हर आदेश का पालन होगा।
- ईरानी संसद स्पीकर कालिबाफ बोले: “Epstein Gang नहीं, ईरानी जनता तय करेगी भविष्य”; Trump की पहले की चेतावनी का करारा जवाब।
- HRW रिपोर्ट: इजराइल ने 3 मार्च को दक्षिणी लेबनान के योहमोर में White Phosphorus के गोले गिराए जिससे दो घरों में आग लगी।
- Saudi Arabia ने ईरानी हमलों की निंदा की; कहा अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन; चेतावनी दी “ईरान सबसे बड़ा लूजर बनेगा”; 28 फरवरी से शुरू युद्ध में ईरान ने 12 देशों पर हमला किया।








