Punjab Guru Ravidas Study Centre Land: पंजाब सरकार (Punjab Government) ने श्री गुरु रविदास जी महाराज (Sri Guru Ravidas Ji) की स्मृति में बनने वाले अत्याधुनिक ‘श्री गुरु रविदास बाणी अध्ययन केंद्र’ के लिए बड़ा कदम उठाया है। वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा (Harpal Singh Cheema) ने गुरुवार को जालंधर के करतारपुर रोड स्थित गांव नौगज्जा और फरीदपुर में 10.50 एकड़ भूमि पर कब्जा लेकर इस परियोजना की दिशा में निर्णायक प्रगति की है। यह कदम गुरु रविदास जी की विरासत के सम्मान और संगत (समुदाय) की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करने के रूप में देखा जा रहा है।
कब्जा लेने की पूरी प्रक्रिया वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा, विधायक बलकार सिंह, पंजाब कृषि विकास बैंक के चेयरमैन पवन टीनू, डिप्टी कमिश्नर डॉ. हिमांशु अग्रवाल और डेरा सच्चखंड बल्लां (Dera Sachkhand Ballan) के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में पूरी की गई। इस मौके पर मंत्री चीमा ने कहा कि यह बहुत खुशी की बात है कि सरकार ने विश्व स्तरीय अध्ययन केंद्र के निर्माण के लिए भूमि का कब्जा हासिल कर लिया है।
कितनी जमीन और कहां? बिजली लाइन शिफ्ट करने के लिए 55 लाख मंजूर
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि करतारपुर रोड पर स्थित इस भूमि का उपयोग अब गुरु रविदास जी की शिक्षाओं को समर्पित एक विश्व स्तरीय संस्थान बनाने के लिए किया जाएगा। उन्होंने यह भी घोषणा की कि सरकार इस जगह से गुजरने वाली हाई-टेंशन बिजली की तारों को शिफ्ट करने के लिए 55 लाख रुपये का खर्च वहन करेगी, ताकि निर्माण कार्य बिना किसी देरी के सुचारू रूप से चल सके।
उन्होंने कहा कि भूमि की रजिस्ट्री पहले ही हो चुकी है और अब कब्जा मिलने से यह प्रोजेक्ट लागू होने के महत्वपूर्ण चरण में प्रवेश कर गया है। इस केंद्र का डिजाइन और लेआउट प्लान डेरा सच्चखंड बल्लां के प्रतिनिधियों की सलाह से विशेषज्ञों द्वारा तैयार किया जा रहा है। जल्द ही टेंडर निकाले जाएंगे, जिसके बाद निर्माण कार्य तुरंत शुरू कर दिया जाएगा।
कैसा होगा श्री गुरु रविदास बाणी अध्ययन केंद्र?
वित्त मंत्री ने इस अध्ययन केंद्र के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह केंद्र दुनिया भर में गुरु रविदास जी की शिक्षाओं के प्रसार और उनके संदेश को फैलाने वाले विद्वानों को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा, “पंजाब सरकार गुरु जी की आध्यात्मिक और सामाजिक विरासत को संरक्षित करने और प्रचारित करने के लिए दृढ़ है।” यह केंद्र आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा और गुरु वाणी के अध्ययन एवं शोध के लिए एक प्रमुख संस्थान के रूप में विकसित होगा।
650वें प्रकाश पर्व पर विशेष घोषणा
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने यह भी बताया कि पंजाब सरकार द्वारा श्री गुरु रविदास जी महाराज के 650वें प्रकाश पर्व से संबंधित साल भर चलने वाले कार्यक्रमों की घोषणा पहले ही की जा चुकी है। उन्होंने कहा, “श्री गुरु रविदास जी की विरासत का सम्मान करने और गुरु जी द्वारा दर्शाई गई सांप्रदायिक सद्भावना को प्रोत्साहित करने के लिए पूरे राज्य में बड़े स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।” यह परियोजना इसी भव्य आयोजन की श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
डेरा सच्चखंड बल्लां ने जताया आभार
डेरा सच्चखंड बल्लां के प्रतिनिधियों ने इस प्रोजेक्ट को समयबद्ध तरीके से पूरा करने और संगतों की लंबे समय से चली आ रही मांग को ईमानदारी और तेजी से पूरा करने के लिए पंजाब सरकार का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर वित्त मंत्री चीमा और उनके साथ आए नेता और अधिकारी डेरा सच्चखंड बल्लां पहुंचे और डेरा प्रमुख संत निरंजन दास जी का आशीर्वाद लिया। उनके साथ विधायक बलकार सिंह, चेयरमैन पवन टीनू, वरिष्ठ आप नेता नितिन कोहली और राजविंदर कौर थियाड़ा भी मौजूद थे।
विश्लेषण: धार्मिक विरासत का सम्मान और विकास का नया आयाम
मुख्यमंत्री भगवंत मान (Bhagwant Mann) के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार का यह कदम राज्य में धार्मिक स्थलों और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित एवं बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। गुरु रविदास जी का अनुयायियों में विशेष स्थान है और उनकी स्मृति में एक अध्ययन केंद्र की स्थापना से न सिर्फ उनकी शिक्षाओं का प्रचार-प्रसार होगा, बल्कि इससे स्थानीय विकास को भी बढ़ावा मिलेगा। डेरा सच्चखंड बल्लां के प्रतिनिधियों को शामिल करना और उनकी सलाह से डिजाइन तैयार करना यह दर्शाता है कि सरकार इस परियोजना को जनभागीदारी से पूरा करना चाहती है। 55 लाख रुपये की राशि बिजली लाइन शिफ्ट करने के लिए मंजूर करना इस बात का सूचक है कि सरकार किसी भी बाधा को दूर करने के लिए तत्पर है और इस परियोजना को गंभीरता से ले रही है।
मुख्य बातें (Key Points)
पंजाब सरकार (Punjab Government) ने गुरु रविदास बाणी अध्ययन केंद्र (Guru Ravidas Bani Study Centre) के लिए जालंधर के करतारपुर रोड पर 10.50 एकड़ भूमि का कब्जा लिया।
बिजली की हाई-टेंशन लाइनों को शिफ्ट करने के लिए 55 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई।
यह केंद्र गुरु रविदास जी की शिक्षाओं के प्रसार और विद्वानों को तैयार करने के लिए बनाया जाएगा।
राज्य सरकार गुरु जी के 650वें प्रकाश पर्व को बड़े स्तर पर मनाने जा रही है।
डेरा सच्चखंड बल्लां के प्रतिनिधियों ने परियोजना को समयबद्ध पूरा करने के लिए सरकार का धन्यवाद किया।








