Gold-Silver Rate Today ने एक बार फिर निवेशकों और ज्वेलरी खरीदारों को चौंका दिया है। एक दिन की तेजी के बाद सोने और चांदी दोनों में जोरदार गिरावट दर्ज की गई है। मंगलवार सुबह करीब 10 बजे के आसपास चांदी के दामों में भारी टूट देखने को मिली, जबकि सोना भी कमजोरी के साथ कारोबार करता नजर आया। बाजार के इस उतार-चढ़ाव ने साफ संकेत दे दिया है कि कीमती धातुओं में फिलहाल स्थिरता नहीं है और निवेशकों को हर अपडेट पर नजर रखना जरूरी है।
चांदी में सबसे बड़ी गिरावट, निवेशकों की बढ़ी चिंता
एमसीएक्स यानी Multi Commodity Exchange of India पर चांदी की कीमतों में दिन की शुरुआत से ही तेज उतार-चढ़ाव देखने को मिला। सुबह के सत्र में चांदी में करीब 4000 से 6000 रुपये प्रति किलो तक की गिरावट दर्ज की गई।
इस समय एक किलो चांदी का भाव करीब ₹2,57,052 रुपये के आसपास चल रहा है। कारोबार के दौरान चांदी का निचला स्तर लगभग ₹2,56,000 प्रति किलो तक पहुंच गया, जबकि ऊपरी स्तर करीब ₹2,60,000 प्रति किलो के आसपास दर्ज किया गया।
1.60 लाख से ज्यादा टूट चुकी है चांदी
अगर हाल के दिनों की बात करें तो चांदी लगातार दबाव में नजर आ रही है। पिछले 13 दिनों में चांदी करीब ₹1,600 तक सस्ती हो चुकी है।
29 जनवरी को चांदी ने अपने सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए थे और यह अपने ऑल टाइम हाई स्तर पर पहुंच गई थी। इसके बाद से ही इसमें तेज उतार-चढ़ाव जारी है। ऑल टाइम हाई से तुलना करें तो चांदी अब करीब ₹1,600 तक टूट चुकी है।
सोने में भी कमजोरी, लेकिन गिरावट सीमित
जहां चांदी में तेज गिरावट देखने को मिली, वहीं सोने में भी नरमी दर्ज की गई, लेकिन इसकी गिरावट चांदी जितनी बड़ी नहीं रही।
इस समय 10 ग्राम सोने का भाव करीब ₹1,57,500 के आसपास चल रहा है। सोने में करीब ₹500 से ₹1000 प्रति 10 ग्राम की कमजोरी देखी गई है।
सोने का दिन का हाई-लो लेवल
कारोबार के दौरान सोने का निचला स्तर लगभग ₹1,56,000 प्रति 10 ग्राम रहा, जबकि ऊपरी स्तर करीब ₹1,58,000 प्रति 10 ग्राम के आसपास दर्ज किया गया।
इससे साफ है कि सोने में भी दबाव है, लेकिन निवेशकों की नजर अभी भी इस पर बनी हुई है क्योंकि सोना अक्सर गिरावट के बाद अचानक उछाल दिखाता है।
मुनाफावसूली से टूटी चांदी
विशेषज्ञों का कहना है कि चांदी में आई इस गिरावट की बड़ी वजह मुनाफावसूली है। कारोबारियों ने हाल की तेजी के बाद मुनाफा निकालना शुरू किया, जिससे चांदी के दाम नीचे फिसल गए।
बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चांदी की कीमत 82 अमेरिकी डॉलर प्रति यूनिट से नीचे आई, जिससे दो दिनों की तेजी का सिलसिला टूट गया।
कीमती धातुओं में बनी अस्थिरता
हाल के हफ्तों में ऐतिहासिक ऊंचाई के बाद कीमती धातुओं के बाजार में लगातार अस्थिरता बनी हुई है। निवेशकों का मानना है कि अभी चांदी के दाम में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रह सकता है।
सोने को लेकर भी यही धारणा है कि फिलहाल इसमें स्थिरता नहीं दिख रही, लेकिन बीच-बीच में तेज उछाल देखने को मिल सकता है।
निवेशकों के लिए क्यों जरूरी है यह अपडेट
जो लोग सोना-चांदी में निवेश करने या ज्वेलरी खरीदने की योजना बना रहे हैं, उनके लिए मौजूदा भाव जानना बेहद जरूरी है।
चांदी की कीमतों में आई बड़ी गिरावट शॉर्ट टर्म निवेशकों के लिए जोखिम बढ़ा सकती है, जबकि लंबे समय के निवेशक इसे खरीदारी के मौके के तौर पर देख सकते हैं।
दुनिया के बड़े देशों का सोना भंडार
सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव की एक बड़ी वजह देशों के पास मौजूद गोल्ड रिजर्व भी है। दुनिया के अलग-अलग देशों के पास कितना सोना है, इसका असर बाजार की धारणा पर पड़ता है।
उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक—
- अमेरिका के पास करीब 8133 टन सोना
- जर्मनी के पास 3350 टन
- इटली के पास 2451 टन
- फ्रांस के पास 2437 टन
- रूस के पास 2329 टन
- चीन के पास 2303 टन
- भारत के पास करीब 880 टन सोने का भंडार है
इसके अलावा जापान के पास 846 टन, तुर्की के पास 641 टन और नीदरलैंड के पास 612 टन सोना रिजर्व में रखा गया है।
गोल्ड रिजर्व का बाजार पर असर
विशेषज्ञ मानते हैं कि इन देशों के सोने के भंडार में होने वाले बदलाव और वैश्विक आर्थिक हालात की वजह से सोने-चांदी के दामों में लगातार उतार-चढ़ाव बना रहता है।
जब भी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनिश्चितता बढ़ती है, निवेशक सोने की ओर रुख करते हैं, जिससे दाम ऊपर जाते हैं। वहीं मुनाफावसूली के दौर में कीमतों में गिरावट आती है।
आगे क्या रहेगा रुख
निवेशकों का मानना है कि चांदी में अभी अस्थिरता बनी रह सकती है और इसमें और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
सोने को लेकर बाजार की धारणा यह है कि बीच-बीच में इसमें तेज छलांग लग सकती है, लेकिन फिलहाल दबाव बना रह सकता है।
आम खरीदार के लिए क्या मायने
ज्वेलरी खरीदने वालों के लिए सोने में आई नरमी राहत की खबर हो सकती है, जबकि चांदी की कीमतों में तेज गिरावट औद्योगिक और निवेश दोनों तरह के खरीदारों का ध्यान खींच रही है।
हालांकि, विशेषज्ञ सलाह दे रहे हैं कि किसी भी तरह का निवेश करने से पहले बाजार की चाल को समझना और जल्दबाजी से बचना जरूरी है।
मुख्य बातें (Key Points)
- चांदी में 6000 रुपये प्रति किलो तक की गिरावट
- एक किलो चांदी का भाव करीब ₹2,57,052
- सोना भी ₹500–1000 प्रति 10 ग्राम सस्ता
- मुनाफावसूली से कीमती धातुओं में दबाव
- बाजार में फिलहाल अस्थिरता बनी हुई








