गुरूवार, 26 मार्च 2026
The News Air
No Result
View All Result
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - NEWS-TICKER - Surya Arghya Vidhi: तांबे के लोटे में ये 3 चीजें भूलकर भी न डालें!

Surya Arghya Vidhi: तांबे के लोटे में ये 3 चीजें भूलकर भी न डालें!

सूर्य देव को अर्घ्य देने की सटीक विधि और किस भगवान के लिए कौन सी माला है उपयुक्त, यहां जानें हर जरूरी बात।

The News Air Team by The News Air Team
बुधवार, 10 दिसम्बर 2025
A A
0
Surya Arghya Vidhi
104
SHARES
691
VIEWS
ShareShareShareShareShare
Google News
WhatsApp
Telegram

Surya Arghya Vidhi: क्या आप जानते हैं कि सूर्य देव को जल अर्पित करते समय हुई एक छोटी सी गलती आपके पुण्य को कम कर सकती है? अक्सर लोग इस असमंजस में रहते हैं कि जल कैसे चढ़ाएं, लोटा कैसा हो या फिर किस भगवान का जाप किस माला पर करें। शास्त्रों में इसके लिए बहुत ही सरल लेकिन सटीक नियम बताए गए हैं, जिनका पालन करना बेहद जरूरी है, ताकि आपको पूजा का पूरा फल मिल सके।

सूर्य को अर्घ्य देने की विधि में कोई बहुत बड़ी तकनीकी पेचीदगी नहीं है, लेकिन कुछ बुनियादी बातों का ध्यान रखना जरूरी है। सबसे पहली बात आती है बर्तन के चुनाव की। यदि आप जल में कोई मीठी चीज जैसे शहद, गुड़ या चीनी नहीं डाल रहे हैं, तो तांबे का लोटा सबसे उपयुक्त है। लेकिन अगर आप इन तीनों में से कोई भी चीज जल में मिला रहे हैं, तो आपको तांबे के बर्तन का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं करना चाहिए।

‘जल में क्या मिलाएं और दिशा का ज्ञान’

तांबे के लोटे में स्वच्छ जल भर लें। इसमें थोड़ा सा चावल और रोली डालें। यदि लाल फूल और दूर्वा (दूर्वांकुर) मिल जाए, तो उसे भी जल में मिला लेना शुभ होता है। अब दिशा का ध्यान रखें। सूर्य जिधर से उदय होते हैं, यानी पूर्व दिशा की ओर मुख करके खड़े हो जाएं। चाहे बादलों के कारण सूर्य देव दिखाई दे रहे हों या नहीं, आपको मुख उसी दिशा में रखना है।

यह भी पढे़ं 👇

Illegal Arms Supply Punjab

Illegal Arms Supply Punjab: जर्मनी-अमेरिका से चल रहा था हथियारों का खेल, 10 पिस्तौल के साथ 2 गिरफ्तार

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Sunil Jakhar

Gagandeep Singh Randhawa Case: सुनील जाखड़ ने उठाई डीएम के परिवार की सुरक्षा की मांग

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Sukhjinder Randhawa

Verka Milk Powder Rejected: सेना ने ठुकराया वेरका का दूध पाउडर, सुखजिंदर रंधावा ने मांगी जांच

गुरूवार, 26 मार्च 2026
World News

World News | ख़बरें विदेश की : ईरान ने बातचीत ठुकराई, अब होगा बड़ा हमला

गुरूवार, 26 मार्च 2026
‘मंत्र और जल चढ़ाने का सही तरीका’

अब लोटे को अपने माथे की सीध में उठाएं। मंत्र बोलें- ‘ओम ब्रह्म स्वरूपिणे सूर्य नारायणाय नमः’। यह कहते हुए लोटे का एक तिहाई जल गिरा दें और लोटे को सीधा कर लें। फिर दूसरी बार यही मंत्र बोलते हुए जल का दूसरा हिस्सा गिराएं और लोटा सीधा करें। अंत में, तीसरी बार मंत्र बोलते हुए पूरा जल अर्पित कर दें। यही शास्त्रों में बताई गई सही विधि है।

यह समझना बहुत जरूरी है कि आप अर्घ्य पृथ्वी को नहीं, बल्कि सूर्य को दे रहे हैं। लोटे से जल निकलते ही वह सूर्य तक पहुंच जाता है। इसलिए यह चिंता छोड़ दें कि जल जमीन पर कहां गिर रहा है, उसका इतिहास-भूगोल क्या है या पैरों पर छींटे पड़ रहे हैं। इसका कोई मतलब नहीं है।

‘अगर सूर्योदय के 2 घंटे बाद जल चढ़ाएं तो?’

कई बार दिनचर्या के कारण लोग देर से जल चढ़ाते हैं। अगर आप सूर्योदय के दो घंटे बाद जल चढ़ा रहे हैं, तो विधान के अनुसार आपको एक ‘प्रायश्चित तर्क’ भी देना होगा। इसका तरीका यह है कि सबसे पहले बिना मंत्र पढ़े एक बार जल गिरा दें, उसके बाद तीन बार मंत्र के साथ विधिवत जल अर्पित करें। इन नियमों का पालन करने से मन में संतोष रहता है कि पूजा सही विधि से संपन्न हुई।

‘किस भगवान के लिए कौन सी माला?’

पूजा पद्धति में सिर्फ जल चढ़ाना ही नहीं, बल्कि मंत्र जाप के लिए सही माला का चुनाव भी मायने रखता है। अलग-अलग देवी-देवताओं के लिए अलग-अलग मालाओं का विधान है। भगवान विष्णु, मां पीतांबरा बगलामुखी और बृहस्पति ग्रह के मंत्रों का जाप हल्दी की माला पर किया जाता है।

शुक्र ग्रह और मां लक्ष्मी के मंत्रों के लिए स्फटिक की माला उपयुक्त मानी गई है। हनुमान जी और मंगल ग्रह के जाप के लिए मूंगे की माला का प्रयोग होता है। वहीं, भगवान श्री राम, श्री कृष्ण, राधा रानी, किशोरी जी, सीता माता और भगवान श्री हरि विष्णु के मंत्रों के लिए तुलसी की माला सर्वश्रेष्ठ है। महालक्ष्मी और दुर्गा जी के मंत्रों का जाप कमलगट्टे की माला पर किया जाता है।

‘रुद्राक्ष: सर्वशक्तिमान माला’

इन सबके बीच, एक माला ऐसी है जो सर्वमान्य है—रुद्राक्ष की माला। यह एक ऐसी अद्भुत माला है जिस पर किसी भी देवी-देवता का मंत्र जाप किया जा सकता है और उस पर किए गए सभी जाप फलीभूत होते हैं। इसमें कोई संशय नहीं है। अंत में, यह याद रखना महत्वपूर्ण है कि अगर ग्रह अशांत भी हों, तो भी आपके सत्कर्म और सद्विचार उस अशांति को शांति में बदल सकते हैं।

‘मुख्य बातें (Key Points)’
  • सूर्य को जल चढ़ाते समय यदि उसमें शहद, गुड़ या चीनी मिला रहे हैं, तो तांबे के लोटे का प्रयोग न करें।

  • जल चढ़ाते समय ‘ओम ब्रह्म स्वरूपिणे सूर्य नारायणाय नमः’ मंत्र का उच्चारण करते हुए तीन बार में जल अर्पित करें।

  • सूर्योदय के 2 घंटे बाद जल चढ़ाने पर पहले एक बार बिना मंत्र के जल गिराकर प्रायश्चित करना चाहिए।

  • रुद्राक्ष की माला पर किसी भी देवी-देवता के मंत्रों का जाप किया जा सकता है, यह सभी जापों के लिए उपयुक्त है।

Previous Post

2026 में चमकेगी आपकी किस्मत, ये हैं अचूक Astrological Remedies और महाउपाय

Next Post

Australia Social Media Ban Under 16: अब बच्चों का Facebook और Instagram बंद

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

Illegal Arms Supply Punjab

Illegal Arms Supply Punjab: जर्मनी-अमेरिका से चल रहा था हथियारों का खेल, 10 पिस्तौल के साथ 2 गिरफ्तार

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Sunil Jakhar

Gagandeep Singh Randhawa Case: सुनील जाखड़ ने उठाई डीएम के परिवार की सुरक्षा की मांग

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Sukhjinder Randhawa

Verka Milk Powder Rejected: सेना ने ठुकराया वेरका का दूध पाउडर, सुखजिंदर रंधावा ने मांगी जांच

गुरूवार, 26 मार्च 2026
World News

World News | ख़बरें विदेश की : ईरान ने बातचीत ठुकराई, अब होगा बड़ा हमला

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Alireza Tangsiri Killed

Alireza Tangsiri Killed: Israeli Strike में ईरानी नौसेना कमांडर ढेर

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Top Headlines 26 March 2026

Top Headlines 26 March 2026: Epstein Files से लेकर Sonia Gandhi की सेहत तक, दिनभर की 20 बड़ी खबरें

गुरूवार, 26 मार्च 2026
Next Post
Australia Social Media Ban Under 16

Australia Social Media Ban Under 16: अब बच्चों का Facebook और Instagram बंद

Study Abroad Crisis

Study Abroad Crisis: डॉलर की मार से बर्बाद हुए पेरेंट्स, विदेश में पढ़ाई का खर्च सुनकर उड़ जाएंगे होश!

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

GN Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।