LIVE | ...
शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - इंदौर से हैदराबाद तक: तरक्की की चमक के पीछे छिपी ‘गटर’ की हकीकत

इंदौर से हैदराबाद तक: तरक्की की चमक के पीछे छिपी ‘गटर’ की हकीकत

सभ्यता का शर्मनाक अंत: 2 लाख साल का सफर और आज भी 'मौत का घूंट' पीता इंसान!

The News Air Team by The News Air Team
बुधवार, 7 जनवरी 2026
in Breaking News, NEWS-TICKER, स्पेशल स्टोरी
A A
0
Indore Water Contamination
105
SHARES
701
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Indore Water Contamination : मध्य प्रदेश के इंदौर शहर के भागीरथपुरा इलाके में पीने के पानी में सीवर का मल मिलने से 17 लोगों की मौत हो गई है और हजारों लोग गंभीर रूप से बीमार पड़े हैं। यह वही इंदौर है जिसे लगातार आठ बार पूरे देश में सबसे स्वच्छ शहर का खिताब मिला है। अब सवाल उठ रहे हैं कि जो शहर सफाई में नंबर वन है, वहां के लोग महीनों से गंदा पानी क्यों पी रहे थे।


17 की मौत, हजारों प्रभावित

भागीरथपुरा में 25 और 27 दिसंबर से लोगों के बीमार पड़ने का सिलसिला शुरू हुआ जो 6-7 जनवरी तक जारी रहा। अखबारों में 1400 से लेकर 3000 तक लोगों के प्रभावित होने की खबरें छपी हैं। 450 से ज्यादा लोग अस्पतालों में भर्ती हुए और 17 लोगों ने दम तोड़ दिया।

इस इलाके की आबादी करीब 5000 बताई जाती है। 400 से ज्यादा लोगों की स्क्रीनिंग हुई जिसमें 245 में संक्रमण के लक्षण पाए गए। 13 लोग आईसीयू में भर्ती हैं और 95 लोग अभी भी अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं।


8 साल से गंदा पानी पी रहे थे लोग

भागीरथपुरा के रहने वाले सूर्य प्रकाश की आंखों में आंसू आ जाते हैं। उनकी बहू पूजा बाई चार-पांच दिन आईसीयू में रहने के बाद बाहर तो आ गई लेकिन अभी पूरी तरह ठीक नहीं हुई। पूजा 5 महीने की गर्भवती हैं और इस बीमारी का उनके बच्चे पर क्या असर पड़ा, इसकी कोई जानकारी नहीं।

पूजा के पति जितेंद्र यादव बताते हैं कि जब वे पत्नी को अस्पताल लेकर गए तो डॉक्टर ने कहा था कि 75% चांस है कि यह केस हाथ से निकल गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यहां 8 साल से गंदा पानी आ रहा था और कोई सुनवाई नहीं हो रही थी।


पुलिस चौकी के टॉयलेट से रिसा गंदा पानी

जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। भागीरथपुरा पुलिस चौकी के टॉयलेट के नीचे एक पाइप लीक हो गई थी। इस चौकी में सेप्टिक टैंक ही नहीं था जिसके कारण सीवेज सीधे नर्मदा से आने वाली पानी की सप्लाई में मिल गया।

इंदौर के अखबार प्रजातंत्र की रिपोर्ट के मुताबिक भागीरथपुरा के लोग 15 दिन से पुलिस चौकी के टॉयलेट का गंदा पानी पी रहे थे। 30 दिसंबर को जब यह कारण सामने आया तो शौचालय को ढहा दिया गया लेकिन किसी को निलंबित नहीं किया गया।


अक्टूबर से हो रही थी शिकायत

यह कोई अचानक हुई घटना नहीं थी। लोग महीनों से शिकायत कर रहे थे। इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक:

  • 15 अक्टूबर को शिकायत हुई कि एक मंदिर के पास के बोरवेल में नाले का पानी मिक्स हो रहा है
  • नवंबर में एक और शिकायत हुई कि पानी गंदा है और उसमें एसिड मिला हुआ है
  • 18 दिसंबर को शिकायत हुई कि नर्मदा से आने वाली सप्लाई में बदबू आ रही है
  • 28 दिसंबर तक वार्ड के 90% लोग बीमार पड़ चुके थे

मुख्यमंत्री के बार-बार दौरे, फिर भी कुछ नहीं हुआ

मुख्यमंत्री मोहन यादव इंदौर के प्रभारी मंत्री भी हैं। उनके ट्विटर हैंडल से पता चलता है कि दिसंबर महीने में वे 10 दिन इंदौर में रहे और करीब 16 कार्यक्रमों में शामिल हुए। कहीं भूमि पूजन, कहीं लोकार्पण तो कभी कथा सुनने भी गए।

नवंबर में 4 दिन, अक्टूबर में 5 दिन और सितंबर में 7 दिन मुख्यमंत्री इंदौर के दौरे पर रहे। फिर भी भागीरथपुरा की समस्या उन तक नहीं पहुंची। सवाल उठता है कि इतनी हाई लेवल बैठकों में मोहल्ले के लेवल की समस्या क्यों नहीं आई?


3 साल से लटका था पाइपलाइन का काम

2022 से ढाई करोड़ की नई पाइपलाइन बिछाने का टेंडर जारी हुआ था जो 10 महीने में पूरा होना था। लेकिन आज तक वह काम पूरा नहीं हुआ। 30 दिसंबर को जब लोग मरने लगे तब जाकर एक अफसर ने दूसरे चरण के काम को शुरू करने के आदेश दिए और 24 घंटे में काम शुरू भी हो गया।

दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक जो काम 3 साल से टल रहा था वो 24 घंटे में शुरू हो गया। सवाल है कि अगर पहले ही यह काम हो जाता तो 17 लोगों की जान नहीं जाती।


पानी में मिले खतरनाक बैक्टीरिया

इंदौर के जिलाधिकारी ने भागीरथपुरा के 500 बोरवेल में से 69 के पानी के सैंपल की जांच कराई। आधे से ज्यादा सैंपल में भयंकर प्रदूषण पाया गया। पानी में ई कोलाई, सेल्मनेला, विब्रियो और कोलरा जैसे खतरनाक बैक्टीरिया मिले।

ये बैक्टीरिया शरीर में जाने पर जानलेवा डायरिया, यूटीआई, फूड पॉइजनिंग, तरह-तरह के इंफेक्शन और हैजा कर सकते हैं। गंभीर मामलों में शरीर के अंग काम करना बंद कर सकते हैं। कई मरीजों के साथ यही हुआ।


छह महीने के बच्चे की भी गई जान

मरने वालों में छह महीने का बच्चा अभ्यान साहू भी है। उसकी मां ने दूध में पानी मिलाकर दिया और बच्चे की मौत हो गई। 10 साल की मन्नतों के बाद अभ्यान का जन्म हुआ था। उसकी मौत से पूरा इलाका सदमे में है।

अभ्यान के परिजन बताते हैं कि साईं मंदिर के पास से गाय का दूध लेते थे और उसमें पानी मिलाकर बच्चे को पिलाया। बच्चे को उल्टी-दस्त शुरू हो गए और रात 4 बजे इमरजेंसी में भर्ती कराया। 25,000 रुपए काउंटर पर जमा कराने के बाद बच्चा भर्ती हुआ।


69 साल के बुजुर्ग धार से आए, पानी पिया और मर गए

मध्य प्रदेश के धार से 69 साल के ओम प्रकाश शर्मा अपने बेटे से मिलने भागीरथपुरा आए थे। यहां पानी पिया, बीमार हुए और किडनी फेल होने से उनकी मौत हो गई। वे 17वें शख्स थे जिनकी इस कांड में जान गई।

एक महिला पार्वती कुंडला के शरीर में गयन बरे सिंड्रोम (जीबीएस) पाया गया है। यह बैक्टीरिया से होता है जिसके कारण शरीर का रक्षा तंत्र शरीर पर ही हमला कर देता है। मांसपेशियां शून्य पड़ जाती हैं और कुछ मामलों में लकवा हो जाता है।


10 दिन बाद महामारी घोषित हुई

5 जनवरी 2026 को इंदौर के स्वास्थ्य विभाग ने इस संकट को एपिडेमिक (महामारी) का दर्जा दिया। 25 दिसंबर को मामले सामने आए थे और 4 दिन के भीतर ही 10 लोगों की मौत हो चुकी थी। लेकिन यह समझने में 10 दिन लग गए कि बीमारी का स्तर बड़ा हो गया है।

जब मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सरकार से पूछा कितनों की मौत हुई तो सरकार ने कहा सिर्फ 4 लोगों की मौत गंदे पानी से हुई है। जबकि उसी समय बीजेपी के मेयर पुष्यमित्र भार्गव पीटीआई से कह रहे थे कि 10 लोगों की मौत हो चुकी है।


मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने टाला जवाबदारी

नगर विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से इस्तीफे की मांग हुई लेकिन उन्होंने नहीं दिया। दैनिक भास्कर को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि अधिकारियों की 200% जिम्मेदारी है। लेकिन सवाल है कि मंत्री जी की जिम्मेदारी क्या 1% भी नहीं?

इंदौर के नगर निगम आयुक्त और उपायुक्त को सस्पेंड कर दिया गया। लेकिन राजनीतिक जवाबदेही किसी की तय नहीं हुई। हाईकोर्ट ने कहा है कि इस मामले में सरकार का रवैया संवेदनशील नहीं है।


2019 में CAG ने दी थी चेतावनी

2019 में CAG (कैग) की रिपोर्ट में बताया गया था कि 2013 से 2018 के बीच इंदौर और भोपाल के इलाकों में साढ़े आठ लाख लोग सीवेज मिला पानी पी रहे हैं। बड़े पैमाने पर पानी की सप्लाई में सीवेज घुस आया था।

यह 7 से 12 साल पुरानी रिपोर्ट है। फिर भी सुधार नहीं हुआ। और अब भागीरथपुरा में हजारों लोग संक्रमित हुए और 17 लोग मर गए।


सिर्फ इंदौर नहीं, पूरे देश का यही हाल
  • बड़वानी (मध्य प्रदेश): अक्टूबर में 50 से ज्यादा लोग गंदा पानी पीने से बीमार पड़े
  • गांधीनगर (गुजरात): 100 लोग दूषित पानी से टाइफाइड के साथ भर्ती हुए। केंद्रीय जल मंत्रालय की रिपोर्ट में लिखा है गुजरात में मात्र 47% घरों में साफ पानी मिलता है
  • बेंगलुरु: लिंगराजपुरम इलाके में 40 साल पुरानी जंग लगी पाइपों में सीवर का पानी मिल रहा है
  • ग्रेटर नोएडा: टीडीएस 1500 के पार है, एक साल में 1800 से ज्यादा लोग बीमार हुए
  • गाजियाबाद: नल खोलते ही बदबूदार पानी आता है

हर साल 2 लाख लोग मरते हैं गंदे पानी से

2018 में नीति आयोग की रिपोर्ट में बताया गया था कि साफ पानी नहीं मिलने के कारण हर साल 2 लाख लोग मर जाते हैं। देश का 70% पेयजल दूषित है और 60 करोड़ लोगों पर इसका सीधा असर पड़ रहा है।

67,000 करोड़ की नल जल योजना चल रही है। “जल है तो कल है”, “स्वच्छ भारत मिशन” जैसे नारे हर दीवार पर दिखते हैं। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और है।


विश्लेषण: स्वच्छता का खोखला दावा

इंदौर को 8 बार सबसे स्वच्छ शहर का खिताब मिला। लेकिन इसी शहर में 5000 लोग महीनों से गंदा पानी पी रहे थे। सवाल उठता है कि स्वच्छता का मापदंड क्या है? सिर्फ सड़कों पर झाड़ू लगाना या लोगों को साफ पानी मुहैया कराना भी?

मुख्यमंत्री बार-बार इंदौर जाते रहे, भूमि पूजन करते रहे, ट्वीट करते रहे। लेकिन उनके दौरों का नतीजा क्या निकला? सरकारी अस्पताल एम्स जैसे नहीं बने, कॉलेज की धूम नहीं मची और 5000 की आबादी वाला मोहल्ला नाले का पानी पीता रहा।

भागीरथपुरा की गलियों में पानी रिसता बहता रहता है। यहां की हालत देखकर कोई नहीं कह सकता कि यह देश का सबसे साफ शहर है। ऊपर-ऊपर से कचरा उठा देने और लीपापोती कर देने से कहीं भी सफाई का दावा नहीं किया जा सकता।


‘मुख्य बातें (Key Points)’
  • इंदौर के भागीरथपुरा में सीवेज मिला पानी पीने से 17 लोगों की मौत, 3000 से ज्यादा प्रभावित
  • पुलिस चौकी के टॉयलेट से गंदा पानी नर्मदा की सप्लाई में मिला, सेप्टिक टैंक ही नहीं था
  • अक्टूबर से शिकायतें हो रही थीं लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई, 3 साल से पाइपलाइन का काम अटका था
  • 8 बार स्वच्छ शहर का खिताब जीतने वाले इंदौर में CAG की 2019 की रिपोर्ट के बाद भी सुधार नहीं हुआ
  • देश में हर साल गंदा पानी पीने से 2 लाख लोग मरते हैं, 70% पेयजल दूषित है

FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: इंदौर में गंदे पानी से कितने लोगों की मौत हुई?

उत्तर: इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में सीवेज मिला पानी पीने से 17 लोगों की मौत हुई है और 3000 से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं।

यह भी पढे़ं 👇

IMD weather alert south India

IMD Weather Alert: दक्षिण भारत में भारी बारिश का अलर्ट जारी

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Breaking News Live Updates 17 October

Breaking News Live Updates 17 October 2026: Top Alerts, हर बड़ी खबर सबसे पहले

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Aaj Ka Rashifal 17 October 2026

आज शनिवार को आपकी राशि के लिए लकी रहेगा दिन या सतर्क रहने की जरूरत?

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Aaj Ka Itihas 17 October

Aaj Ka Itihas 17 October: जानें आज की बड़ी ऐतिहासिक घटनाएं

शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026
प्रश्न 2: इंदौर में पानी कैसे दूषित हुआ?

उत्तर: भागीरथपुरा पुलिस चौकी में सेप्टिक टैंक नहीं था जिसके कारण टॉयलेट का सीवेज सीधे नर्मदा से आने वाली पानी की सप्लाई में लीक हो गया।

प्रश्न 3: इंदौर को कितनी बार स्वच्छ शहर का खिताब मिला है?

उत्तर: इंदौर को लगातार 8 बार पूरे भारत में सबसे स्वच्छ शहर का खिताब मिला है, लेकिन इसी शहर में लोग महीनों से गंदा पानी पी रहे थे।

प्रश्न 4: इंदौर जल संकट में किसे सस्पेंड किया गया?

उत्तर: इंदौर नगर निगम के आयुक्त और उपायुक्त को सस्पेंड किया गया लेकिन राजनीतिक जवाबदेही किसी की तय नहीं हुई।

प्रश्न 5: भारत में हर साल गंदे पानी से कितने लोग मरते हैं?

उत्तर: नीति आयोग की 2018 की रिपोर्ट के अनुसार भारत में हर साल साफ पानी नहीं मिलने से करीब 2 लाख लोगों की मौत होती है।

 

 

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Rashifal 8 January 2026: आज का राशिफल, जानें सभी 12 राशियों का हाल

Next Post

Secret Deal Exposed: Venezuela Crisis में US–Russia Swap Agreement का दावा

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

IMD weather alert south India

IMD Weather Alert: दक्षिण भारत में भारी बारिश का अलर्ट जारी

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Breaking News Live Updates 17 October

Breaking News Live Updates 17 October 2026: Top Alerts, हर बड़ी खबर सबसे पहले

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Aaj Ka Rashifal 17 October 2026

आज शनिवार को आपकी राशि के लिए लकी रहेगा दिन या सतर्क रहने की जरूरत?

शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Aaj Ka Itihas 17 October

Aaj Ka Itihas 17 October: जानें आज की बड़ी ऐतिहासिक घटनाएं

शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026
Diljit Dosanjh

Diljit Dosanjh गांव खालिस्तानी नारे केस में 3 गिरफ्तार, मोगा से कनेक्शन

शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026
Chandigarh Outsource Scam

Chandigarh Outsource Scam में CBI की सुबह-सुबह रेड, अफसर भी घेरे में

शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026
Next Post
Secret Deal Exposed

Secret Deal Exposed: Venezuela Crisis में US–Russia Swap Agreement का दावा

Trump–Modi Claim Row

Trump–Modi Claim Row: Apache Deal पर Trump का दावा बेबुनियाद

Nirmala Sitharaman budget

Union Budget 2026 Countdown: इस बार Sunday को पेश होगा Budget?

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।