शनिवार, 9 मई 2026
The News Air
No Result
View All Result
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • पंजाब
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • अंतरराष्ट्रीय
  • सियासत
  • नौकरी
  • LIVE
  • बिज़नेस
  • काम की बातें
  • स्पेशल स्टोरी
  • टेक्नोलॉजी
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
    • हेल्थ
    • धर्म
    • मनोरंजन
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - सामाजिक दबाव, परिवार की अपेक्षाएं छात्रों को आत्महत्या के लिए प्रेरित करती हैं

सामाजिक दबाव, परिवार की अपेक्षाएं छात्रों को आत्महत्या के लिए प्रेरित करती हैं

The News Air Team by The News Air Team
शनिवार, 19 अगस्त 2023
in Breaking News, NEWS-TICKER, लाइफस्टाइल, स्पेशल स्टोरी, हेल्थ
A A
0
सामाजिक दबाव
104
SHARES
690
VIEWS
ShareShareShareShareShare

नई दिल्ली, 19 अगस्त (The News Air) विशेषज्ञों का कहना है कि युवा छात्रों में आत्महत्या के मामलों में चिंताजनक वृद्धि के पीछे समाज का बढ़ता दबाव और परिवार की अपेक्षाएं प्रमुख कारण हैं।

हाल के वर्षों में भारत में छात्रों की आत्महत्या की दर में उछाल आया है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों के अनुसार, 2021 में 13,000 से अधिक छात्रों ने आत्महत्या की। जबकि, 2020 में आत्महत्या करने वालों की संख्या 12,500 से अधिक थी।

गुरुग्राम में नारायणा सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल के क्लिनिकल मनोविज्ञान डॉ. राहुल राय कक्कड़ ने आईएएनएस को बताया कि इस खतरनाक आत्महत्या के ट्रेंड का मूल कारण मुख्य रूप से केवल आर्थिक कारकों के बजाय सामाजिक और पारिवारिक अपेक्षाओं का बढ़ता दबाव है। तेजी से बढ़ती कंपीटीशन और शैक्षणिक चिंताओं के कारण छात्र डर का अनुभव करते हैं। चिंता की स्थायी स्थिति पर अक्सर किसी का ध्यान नहीं जाता है, जो उन्हें परेशान करने वाली मानसिक स्थिति की ओर धकेलती है।

साकेत में मैक्स हॉस्पिटल के निदेशक और प्रमुख, मानसिक स्वास्थ्य और व्यवहार विज्ञान विभाग के डॉ. समीर मल्होत्रा ने बताया कि प्रतियोगी परीक्षाओं का अत्यधिक तनाव, कड़ी मेहनत के बावजूद निराशा, बड़ी संख्या में उम्मीदवारों और कम संख्या में सीटों के बीच बड़ा बेमेल, रिश्ते में तनाव, अशांत जीवनशैली, पारिवारिक संकट, अंतर्निहित अवसाद, निराशा, असुरक्षा की भावना और खतरा महसूस करना, ये ऐसे कारण हैं जो छात्रों को जानलेवा कदम उठाने के लिए प्रेरित करते हैं।’

विशेषज्ञों के अनुसार, हाल के महीनों में आईआईटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों और कोटा जैसे कोचिंग केंद्रों में छात्र आत्महत्या के मामले बढ़े हैं, जो भारतीय युवाओं के भीतर बैठे गहरे संकट का संकेत हैं।

डॉ. कक्कड़ ने कहा कि शैक्षणिक रूप से उत्कृष्टता हासिल करने के लिए समाज और परिवारों का अनियंत्रित दबाव ऐसे माहौल को बढ़ावा देता है, जहां चिंता पनपती है।

यह भी पढे़ं 👇

UFO

US ने खोले UFO के राज: Pentagon ने जारी किए 162 गुप्त दस्तावेज, Tic Tac से Apollo तक की पूरी कहानी

शनिवार, 9 मई 2026
Diljit Dosanjh

“कदे भी नहीं”: Diljit Dosanjh ने ठुकराई राजनीति की अपील, बोले- I am very happy in my field

शनिवार, 9 मई 2026
sanjeev Arora Minister AAP

संजीव अरोड़ा गिरफ्तार: AAP मंत्री पर ₹100 करोड़ GST फ्रॉड, केजरीवाल बोले- मोदी पार्टी तोड़ने में लगे

शनिवार, 9 मई 2026
CM Punjab Bhagwant Mann

“पंजाब मोदी के सामने नहीं झुकेगा”: CM भगवंत मान का BJP पर हमला, ED-CBI मिसयूज का आरोप

शनिवार, 9 मई 2026

बेंगलुरु में मणिपाल हॉस्पिटल के डॉ. सतीश कुमार सीआर ने आईएएनएस को बताया कि छात्रों में उच्च आत्महत्या दर का प्राथमिक अंतर्निहित कारण निस्संदेह अपेक्षाओं का बोझ है। छात्रों को अपनी शैक्षणिक यात्रा शुरू होने से पहले ही प्रवेश परीक्षाओं को लेकर भारी दबाव का सामना करना पड़ता है।

उन्होंने शिक्षा की आसमान छूती लागत, सहकर्मी दबाव के व्यापक प्रभाव और सामाजिक मानदंडों को पूरा करने की जरूरतों को भी जिम्मेदार ठहराया। कुछ छात्र पिछली दर्दनाक घटनाओं के कारण आत्महत्या के ट्रेंड से भी पीड़ित होते हैं।

नई दिल्ली के श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट में मनोचिकित्सा के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. प्रशांत गोयल ने शिक्षा क्षेत्र में तत्काल सामाजिक बदलाव का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि निरंतर प्रतिस्पर्धा और प्रदर्शन पर अनुचित निर्धारण ने शैक्षणिक संस्थानों को युवा दिमागों के लिए दबाव कक्ष में बदल दिया है। मानसिक स्वास्थ्य और शैक्षणिक सफलता के बीच आंतरिक संबंध को स्वीकार करना महत्वपूर्ण है।

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

जादवपुर विश्वविद्यालय में सालों से कुप्रबंधन का राज, बन रहा सुसाइड हॉटस्पॉट

Next Post

आईआईटी-जेईई हब में 20 आत्महत्याओं के बाद कोटा में अब स्प्रिंग-लोडेड पंखे जरूरी

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

UFO

US ने खोले UFO के राज: Pentagon ने जारी किए 162 गुप्त दस्तावेज, Tic Tac से Apollo तक की पूरी कहानी

शनिवार, 9 मई 2026
Diljit Dosanjh

“कदे भी नहीं”: Diljit Dosanjh ने ठुकराई राजनीति की अपील, बोले- I am very happy in my field

शनिवार, 9 मई 2026
sanjeev Arora Minister AAP

संजीव अरोड़ा गिरफ्तार: AAP मंत्री पर ₹100 करोड़ GST फ्रॉड, केजरीवाल बोले- मोदी पार्टी तोड़ने में लगे

शनिवार, 9 मई 2026
CM Punjab Bhagwant Mann

“पंजाब मोदी के सामने नहीं झुकेगा”: CM भगवंत मान का BJP पर हमला, ED-CBI मिसयूज का आरोप

शनिवार, 9 मई 2026
Suvendu Adhikari unmarried

शुभेंदु अधिकारी ने शादी क्यों नहीं की? CM बनने के बाद फिर चर्चा, खुद बताया था कारण

शनिवार, 9 मई 2026
Bihar Pension Update

Bihar Pension Update: 37 लाख पेंशनधारकों को झटका, मार्च से पेंशन रुकी, जीवन प्रमाणीकरण जरूरी

शनिवार, 9 मई 2026
Next Post
News

आईआईटी-जेईई हब में 20 आत्महत्याओं के बाद कोटा में अब स्प्रिंग-लोडेड पंखे जरूरी

सपोर्ट सिस्टम

सही 'सपोर्ट सिस्टम' देकर आत्महत्या पर रोक लगाना संभव - एक्सपर्ट

मूसेवाला

जांच में खुलासा: मूसेवाला की हत्या से पहले शूटरों के साथ यूपी में रुका था थप्‍पन

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।