LPG Cylinder Booking Rule Change: करोड़ों घरों में खाना पकाने के लिए इस्तेमाल होने वाले घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग प्रक्रिया में एक बड़ा बदलाव किया गया है। सरकार ने दो सिलेंडरों के बीच की न्यूनतम अवधि को 15 दिन से बढ़ाकर 21 दिन कर दिया है। यह नियम इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की सभी एजेंसियों के सॉफ्टवेयर में लागू कर दिया गया है।
यह बदलाव अस्थिर वैश्विक परिस्थितियों और गैस आपूर्ति में संतुलन बनाए रखने के मकसद से किया गया है।
क्या बदला है और क्या रहेगा पहले जैसा
पहले के नियम के मुताबिक कोई भी उपभोक्ता एक सिलेंडर लेने के महज 15 दिन बाद अगला सिलेंडर ले सकता था। अब यह अवधि बढ़ाकर 21 दिन कर दी गई है। इसका मतलब यह है कि सिलेंडर डिलीवरी के बाद अगले 21 दिन तक दूसरा सिलेंडर नहीं मिलेगा।
हालाँकि बुकिंग का तरीका पहले जैसा ही रहेगा। उपभोक्ता सिलेंडर मिलते ही अगली बुकिंग कर सकते हैं, लेकिन डिलीवरी 21 दिन पूरे होने के बाद ही होगी। बुकिंग के वक्त सॉफ्टवेयर में स्वचालित लॉक एक्टिव हो जाएगा जो इस नियम को सुनिश्चित करेगा।
एक साल में कितने सिलेंडर मिलेंगे
ऑयल कंपनियों ने पहले से ही यह तय कर रखा है कि एक उपभोक्ता साल भर में अधिकतम 12 सब्सिडी वाले सिलेंडर ले सकता है। इसके अलावा बिना सब्सिडी के तीन अतिरिक्त सिलेंडर भी मिल सकते हैं। इस तरह एक वित्त वर्ष यानी 1 अप्रैल से 31 मार्च के बीच किसी भी परिवार को कुल अधिकतम 15 सिलेंडर ही मिलेंगे।
यह सीमा पहले से लागू है और नए नियम के साथ मिलकर यह घरेलू गैस वितरण प्रणाली को और अधिक नियंत्रित बनाएगी।
24 घंटे में होगी डिलीवरी, कमी नहीं होगी
ऑयल कंपनियों ने यह भी सुनिश्चित किया है कि बुकिंग के 24 घंटे के अंदर सिलेंडर उपभोक्ता तक पहुँच जाए। इंडियन ऑयल के उप महाप्रबंधक ने साफ कहा है कि उपभोक्ताओं को घबराने की कोई ज़रूरत नहीं है और सभी को पर्याप्त सिलेंडर उपलब्ध होंगे। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया गया है कि इस सप्ताह रविवार को भी गैस बॉटलिंग प्लांट काम करेंगे ताकि आपूर्ति किसी भी हाल में बाधित न हो।
आम उपभोक्ता पर क्या पड़ेगा असर
यह बदलाव उन परिवारों को सबसे ज़्यादा प्रभावित करेगा जो 15 दिन में ही सिलेंडर खत्म कर लेते हैं, जैसे बड़े परिवार या ढाबा-रेस्तरां चलाने वाले। हालाँकि एक सामान्य छोटे परिवार के लिए 21 दिन का अंतर बहुत ज़्यादा फर्क नहीं डालेगा, क्योंकि अमूमन घरेलू सिलेंडर इससे ज़्यादा दिन चलता है। फिर भी उपभोक्ताओं को सलाह है कि वे सिलेंडर खत्म होने का इंतजार न करें और समय रहते बुकिंग करा लें।
क्यों किया गया यह बदलाव
सरकार ने इस बदलाव के पीछे अस्थिर वैश्विक परिस्थितियों और गैस आपूर्ति श्रृंखला में संतुलन बनाए रखने की ज़रूरत को वजह बताया है। नए लॉक सिस्टम की वजह से बुकिंग की संख्या एकाएक बढ़ सकती है, लेकिन कंपनियों का कहना है कि आपूर्ति पर इसका कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ेगा।
मुख्य बातें (Key Points)
- घरेलू गैस सिलेंडर की दो बुकिंग के बीच अनिवार्य अंतर 15 दिन से बढ़ाकर 21 दिन किया गया।
- IOC, BPCL और HPCL की सभी एजेंसियों के सॉफ्टवेयर में नया नियम लागू।
- बुकिंग तुरंत हो सकती है लेकिन डिलीवरी 21 दिन बाद ही होगी।
- एक वित्त वर्ष में अधिकतम 12 सब्सिडी वाले और 3 बिना सब्सिडी वाले, कुल 15 सिलेंडर मिलेंगे।
- बुकिंग के 24 घंटे के भीतर डिलीवरी की व्यवस्था, सिलेंडर की कमी नहीं होगी।








