चंडीगढ़, 03 फ़रवरी (The News Air) पंजाब के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद ने हाल ही में घोषणा की है कि मार्च 2022 से अब तक मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में राज्य को ₹88,014 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इन प्रस्तावों के माध्यम से लगभग 4,01,217 लोगों के लिए रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है।
सौंद ने बताया कि इस अवधि में कुल 5,574 निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनमें कई प्रमुख राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कंपनियाँ शामिल हैं। उदाहरण के लिए, टाटा स्टील लिमिटेड (Tata Steel Limited) ने ₹2,600 करोड़, सनाथन पॉलीकोट प्राइवेट लिमिटेड (Sanathan Polycoat Private Limited) ने ₹1,600 करोड़, अंबुजा सीमेंट्स लिमिटेड (Ambuja Cements Limited) ने ₹1,400 करोड़, रुचिरा पेपर्स लिमिटेड (Ruchira Papers Limited) ने ₹1,137 करोड़, टोपन स्पेशलिटी फिल्म्स लिमिटेड (Toppan Specialty Films Limited) ने ₹787 करोड़, नेस्ले इंडिया लिमिटेड (Nestle India Limited) ने ₹583 करोड़, हैप्पी फोर्जिंग्स लिमिटेड (Happy Forgings Limited) ने ₹438 करोड़, फ्रायडेनबर्ग ग्रुप (Freudenberg Group) ने ₹339 करोड़, ओएकेमेटकोरप लिमिटेड (OAKMETCORP Limited) ने ₹309 करोड़, और कारगिल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (Cargill India Private Limited) ने ₹160 करोड़ का निवेश किया है।
इन निवेशों से राज्य में औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे। सौंद ने अन्य उद्योगपतियों को भी पंजाब में निवेश करने का निमंत्रण दिया है और कहा है कि राज्य की उद्योग समर्थकीय नीतियाँ बड़े औद्योगिक घरानों को आकर्षित कर रही हैं।
उद्योग और पूंजी प्रोत्साहन मंत्री ने यह भी बताया कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल के दौरान प्राप्त हुए कुछ प्रमुख प्रोजेक्ट्स में से टाटा स्टील लिमिटेड, सनाथन पॉलीकोट प्राइवेट लिमिटेड, अंबुजा सीमेंट्स लिमिटेड, रुचिरा पेपर्स लिमिटेड, टोपन स्पेशलिटी फिल्म्स लिमिटेड, नेस्ले इंडिया लिमिटेड, हैप्पी फोर्जिंग्स लिमिटेड, फ्रायडेनबर्ग ग्रुप, ओएकेमेटकोरप लिमिटेड, और कारगिल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड ने महत्वपूर्ण निवेश किए हैं।
उन्होंने कहा कि अन्य कारोबारी भी अपना उद्योग पंजाब में शुरू करें, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार प्रत्येक पक्ष से उद्योगपतियों का साथ देगी। उन्होंने कहा कि निवेश के लिए पंजाब का माहौल उपयुक्त एवं शांतिपूर्ण है और उद्योगों की उन्नति और सहृदयता के लिए पंजाब सरकार पूरी गंभीरता के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की नीतियाँ भी उद्योग समर्थकीय हैं और छोटे एवं मध्यमवर्गीय उद्योगपति अपना कारोबार आज ही एक हल्फिया बयान देकर शुरू कर सकते हैं और ज़रूरी दस्तावेज़ी प्रक्रिया 3 सालों के अंदर पूरी की जा सकती है।
सौंद ने बताया कि राज्य का “इन्वेस्ट पंजाब” (Invest Punjab) पोर्टल अपनी कार्यक्षमता से 28 राज्यों में से पहला स्थान रखता है और इस पर 58,000 के करीब छोटे और मध्यमवर्गीय नए उद्योगों ने पंजीकरण करवाया है, जो कि अपने आप में एक रिकॉर्ड है।
पंजाब सरकार की उद्योग समर्थकीय नीतियाँ और निवेशकों के लिए अनुकूल माहौल राज्य को औद्योगिक हब के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन प्रयासों से न केवल राज्य की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।








