इजराइल-हमास जंग भी अब रूस-यूक्रेन जंग की तरह घिसने लगा है. यानी हर दिन इस जंग को लेकर कुछ न कुछ तो खबर आती है लेकिन संघर्षविराम, बंदियों की रिहाई और मानवीय मदद को लेकर कोई ठोस बात नहीं बनती दिखती. इस बीच, एक इजराइली टेलीविजन चैनल ने अपनी रिपोर्ट में दंग कर देने वाले दावे किए हैं. इस रिपोर्ट के मुताबिक 7 अक्टूबर को हमास के हमले से पहले इजराइली सेना को इस बारे में एक दस्तावेज मिल चुकी थी. इस दस्तावेज में न सिर्फ बड़े पैमाने पर हमले का जिक्र था बल्कि लोगों को भी बंधक बनाने की आशंका जताई गई थी.
रिपोर्ट के मुताबिक इजराइली मिलिट्री की 8200 इंटेलिजेंस यूनिट ने संबंधित दस्तावेज को 19 सितंबर को जारी किया था. इस दस्तावेज को इजराइल के वरिष्ठ अधिकारियों की भी नजर में लाया गया लेकिन उस रिपोर्ट को नजरअंदाज कर दिया गया. कान पब्लिक ब्रॉडकास्टर की मानें तो खुफिया यूनिट की रिपोर्ट में यहां तक बताया गया था कि कुल मिलाकर 200 से 250 के बीच लोगों को बंधक बनाया गया था. दिलचस्प बात ये है कि जब 7 अक्टूबर को इजराइल पर हमास का हमला हुआ तो कुल 251 लोगों को बंधक बनाया गया. इस हमले में 1200 इजराइली लोगों की जान गई. इनमें ज्यादातर आम लोग थे.
पुख्ता जानकारी की गई नजरअंदाज
ये रिपोर्ट प्रकाशित करने वाली इजराइल की इकलौती मीडिया एजेंसी कान पब्लिक ब्रॉडकास्टर नहीं है. कुछ और हिब्रू भाषा के मीडिया संस्थानों ने भी इसी तरह के रिपोर्ट्स पब्लिश किए हैं और इजराइली रक्षा विभाग को हमले को लेकर इनपुट होने की बात की है. इजराइली रक्षा विभाग को तब दिए गए दस्तावेज में यहां तक कहा गया था कि हमास किस तरह इजराइल के शहरों और मिलिट्री ठिकानों को निशाना बनाएगा और जवानों, लोगों को बंधक बना गाजा ले जाएगा. इस तरह अगर देखें तो हमले की जानकारी मिनट दर मिनट होने के बावजूद भी इजराइली सेना ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया और हमले से जुड़ी पुख्ता रिपोर्ट को नजरअंदाज किया.
इजराइली सेना ने रिपोर्ट पर क्या कहा?
इजराइली सेना ने इस रिपोर्ट से जुड़ी जानकारी पहले से मौजूद होने की बात से इनकार किया है. हालांकि, इजराइल की सेना आईडीएफ ने यह जरूर कहा है कि वह कमियों का पता लगाने को लेकर लगातार जांच में जुटे हुए हैं और जो भी जानकारी निकलेगी, उसे साफगोई से लोगों के सामने रखा जाएगा. इजराइली सेना ने लगातार समय के साथ अपनी सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद किया है. गाजा, जिसे इजराइल हमास का ठिकाना मानता है, वहां इजराइली सेना के सुरक्षा जवान, बड़े पैमाने पर कैमरों, हाई टेक सेंसर्स की मौजूदगी है. फिर भी हमास का इजराइल के जमीन पर घुसपैठ कर लेना काफी लोगों के लिए चौंकाने वाला है.
इजराइल-हमास जंग की मौजूदा स्थिति
इधर गाजा में मौजूदा स्थिति ये है कि इजराइली हमले लगातार जारी हैं. वहीं घरेलू राजनीति में इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का विरोध बढ़ता जा रहा है. बंधकों के परिवार वाले उनकी रिहाई के लिए लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं और वह इस युद्ध को लेकर नेतन्याहू सरकार की अब तक की रणनीति की आलोचना कर रहे हैं. अब तक इजराइल के गाजा पर हमले में 37 हजार से भी ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है. 85 हजार से भी ऊपर लोग घायल हैं. 10 हजार लोग लापता बताए जा रहे हैं. वेस्ट बैंक के इलाके में भी 548 लोगों की जान जा चुकी है जिनमें बड़ी संख्या में बच्चे हैं. और 5 हजार 200 लोग घायल हैं.








