Gold Silver Price Today: भारत-अमेरिका की डील के बाद शेयर बाजार में भारी उछाल देखने को मिला है। इसी बीच सराफा बाजार में भी जोरदार हलचल देखने को मिली है, जहां सोना और चांदी दोनों की कीमतों में बड़ी तेजी दर्ज की गई है। निवेशकों और ज्वेलरी कारोबारियों के लिए यह दिन बेहद महत्वपूर्ण साबित हुआ क्योंकि चांदी की कीमतों में लगभग ₹18,000 का उछाल आया है, जबकि सोना भी करीब ₹6,000 महंगा हो गया है।
इस तेजी ने ना सिर्फ घरेलू बाजार बल्कि निवेश धारणा यानी सेंटीमेंट्स को भी प्रभावित किया है। सुबह बाजार खुलते ही तेजी के संकेत मिलने लगे थे। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कीमती धातुओं की कीमतों में मजबूती और डॉलर में उतार-चढ़ाव का असर सीधे भारतीय बाजार पर नजर आया।
MCX पर जोरदार खरीदारी
घरेलू स्तर पर मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज यानी MCX पर सोना और चांदी दोनों में तेज खरीदारी देखी गई, जिसके चलते दाम तेजी से ऊपर चढ़ गए। 3 फरवरी 2026 को MCX सिल्वर में 7.42% की तेजी के साथ कीमत ₹2,53,792 प्रति किलो तक पहुंच गई, जबकि MCX गोल्ड में 3.55% की बढ़ोतरी के साथ कीमत ₹1,49,101 प्रति 10 ग्राम हो गई।
चांदी की कीमतों में आया ₹18,000 का उछाल बाजार के लिए बेहद असामान्य और बड़ा मूवमेंट माना जा रहा है। आमतौर पर चांदी में उतार-चढ़ाव सोने की तुलना में ज्यादा होता है, लेकिन इतनी बड़ी तेजी यह दिखाती है कि निवेशकों का रुझान तेजी से सेफ हेवन एसेट्स की ओर काफी ज्यादा बढ़ा है।
औद्योगिक मांग बढ़ा रही चांदी की कीमतें
विशेषज्ञों का मानना है कि इंडस्ट्रियल डिमांड यानी औद्योगिक मांग और निवेश मांग दोनों मिलकर चांदी की कीमतों को ऊपर धकेल रहे हैं। सोलर पैनल, इलेक्ट्रॉनिक्स और इलेक्ट्रिक व्हीकल्स में चांदी का उपयोग बढ़ रहा है, जिससे इसकी मांग लगातार मजबूत बनी हुई है।
2025 में चांदी ने सोने से बेहतर प्रदर्शन किया और 160% से अधिक रिटर्न दिया। इसके अलावा जब भी वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता बढ़ती है, निवेशक चांदी को भी सोने की तरह सुरक्षित निवेश मानकर खरीदारी बढ़ा देते हैं।
सोने में ₹6,000 की तेजी
सोने के करीब ₹6,000 महंगा होना भी निवेशकों के लिए बड़ी खुशखबरी है। शादी-ब्याह के सीजन और त्योहारों से पहले इस तरह की तेजी आम उपभोक्ताओं की जेब पर असर डालती है। हालांकि निवेशकों के नजरिए से देखा जाए तो यह तेजी संकेत देती है कि बाजार में अनिश्चितता बढ़ रही है और लोग जोखिम भरे एसेट से पैसा निकालकर सोने में पार्क कर रहे हैं।
सोना परंपरागत रूप से सुरक्षित निवेश यानी सेफ हेवन माना जाता है। जब शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ता है, भू-राजनीतिक तनाव बढ़ते हैं या मुद्रा में कमजोरी आती है, तब सोने की मांग कई गुना बढ़ जाती है। यही ट्रेंड इस समय भी देखने को मिल रहा है।
तेजी के पीछे प्रमुख कारण
अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर: वैश्विक स्तर पर सोना और चांदी की कीमतों में मजबूती भारतीय बाजार में तेजी का बड़ा कारण है। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव और डॉलर इंडेक्स में कमजोरी से सोने की कीमतों को सहारा मिलता है।
भू-राजनीतिक तनाव: दुनिया के कई हिस्सों में चल रहे तनाव और आर्थिक अनिश्चितता ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है। ऐसे माहौल में सोना और चांदी जैसे एसेट्स की मांग बढ़ जाती है।
रुपए की चाल: हालांकि इंडिया-यूएस ट्रेड डील के बाद रुपया 1.2% मजबूत हुआ है, जो आयातित सोना-चांदी की लागत को कम कर सकता है। लेकिन शुरुआती तेजी फ्यूचर्स मार्केट पोजिशनिंग और वैश्विक कमोडिटी में उतार-चढ़ाव के कारण आई।
घरेलू मांग: भारत में ज्वेलरी की मांग साल भर बनी रहती है। लेकिन त्योहारों और शादी के मौसम से पहले खरीदारी तेज हो जाती है, जिससे कीमतों को सपोर्ट मिलता है।
ज्वेलरी कारोबारियों की प्रतिक्रिया
ज्वेलरी कारोबारियों का कहना है कि इतनी तेजी से दाम बढ़ने पर ग्राहकों की खरीदारी थोड़ी धीमी जरूर पड़ सकती है, लेकिन निवेश के उद्देश्य से खरीदारी बढ़ सकती है। कई लोग गिरावट का इंतजार करने के बजाय डर से खरीदारी यानी फियर बाइंग करने लगते हैं ताकि भविष्य में और महंगा होने से बचा जा सके।
2026 में सोने-चांदी का आउटलुक
विश्लेषकों की मानें तो यह तेजी बताती है कि बाजार में अनिश्चितता अभी भी खत्म नहीं हुई है। सोना और चांदी में तेजी अक्सर जोखिम भरे एसेट से दूरी का संकेत देती है। एक्सपर्ट्स का अनुमान है कि MCX गोल्ड दिवाली 2026 तक ₹1.62-1.82 लाख प्रति 10 ग्राम तक पहुंच सकता है, जो जनवरी 2026 के स्तर से 25-40% की बढ़ोतरी होगी।
चांदी के लिए 2026 में एक्सपर्ट्स का फोरकास्ट ₹2.4 लाख से ₹3.5 लाख प्रति किलो तक है, जो 16% से 70% के बीच रिटर्न दे सकता है। हालांकि लंबी अवधि के निवेश के लिए यह भी ध्यान रखने वाली बात है कि ऊंचे स्तर पर खरीदारी में जोखिम भी काफी ज्यादा होता है।
मुख्य बातें (Key Points)
- इंडिया-यूएस ट्रेड डील के बाद MCX पर चांदी में 7.42% और सोने में 3.55% की तेजी
- चांदी की कीमत ₹2,53,792 प्रति किलो और सोना ₹1,49,101 प्रति 10 ग्राम तक पहुंचा
- चांदी में ₹18,000 और सोने में ₹6,000 का उछाल निवेशकों के लिए बड़ा मूवमेंट
- सोलर पैनल, इलेक्ट्रॉनिक्स और EV में चांदी की बढ़ती औद्योगिक मांग
- 2025 में चांदी ने 160% से अधिक रिटर्न दिया, सोने से बेहतर प्रदर्शन
- एक्सपर्ट्स का अनुमान: दिवाली 2026 तक सोना ₹1.62-1.82 लाख और चांदी ₹2.4-3.5 लाख तक








