Dharmendra Tribute Event Vrindavan हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र के सम्मान में वृंदावन की पावन धरती पर एक भावभीनी श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में देश के कोने-कोने से आए उनके चाहने वालों ने नम आंखों से उन्हें याद करते हुए श्रद्धासुमन अर्पित किए। सभा का माहौल बेहद भावुक और सम्मान से भरा हुआ था, जहां प्रशंसकों के साथ-साथ मथुरा की सांसद हेमा मालिनी और मशहूर फिल्म निर्देशक अनिल शर्मा भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
वृंदावन में आयोजित इस सभा में दिग्गज अभिनेता के प्रति लोगों का गहरा प्रेम और सम्मान साफ देखने को मिला। वक्ताओं ने धर्मेंद्र के शानदार फिल्मी सफर, उनकी यादगार भूमिकाओं और भारतीय सिनेमा में उनके अमूल्य योगदान पर प्रकाश डाला।
‘असली धन यश है, जो जाने के बाद भी कायम रहता है’
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने जीवन की नश्वरता पर बात करते हुए गीता का सार याद दिलाया। एक वक्ता ने कहा कि आत्मा अजर-अमर है, केवल शरीर ही नश्वर है। उन्होंने कहा कि इस संसार में असली दौलत ईंट-पत्थर के बड़े मकान या गाड़ियां नहीं हैं।
उन्होंने जोर देकर कहा कि सबसे बड़ा धन ‘यश’ है। इंसान के जाने के बाद लोग उसे कितना याद करते हैं, यही उसकी असली कमाई है। धर्मेंद्र जी ने अपने क्षेत्र में, और यहां तक कि राजनीति और धर्म के लिए भी इतना काम किया है कि आज लोग उन्हें शिद्दत से याद कर रहे हैं, यही उनकी सबसे बड़ी दौलत है।
हेमा मालिनी और ब्रज सेवा का जिक्र
सभा में इस बात का भी जिक्र हुआ कि हेमा मालिनी पिछले लगभग 12-13 सालों से मथुरा की सांसद हैं और ब्रज की सेवा कर रही हैं। वक्ताओं ने कहा कि हेमा जी के माध्यम से ही उन्होंने धर्मेंद्र के व्यक्तित्व को जाना।
उनके कृष्ण प्रेम को देखते हुए यह विश्वास जताया गया कि क्योंकि हेमा जी ब्रज की सेवा करने वाली हैं, इसलिए भगवान श्रीकृष्ण निश्चित रूप से धर्मेंद्र जी का कल्याण करेंगे।
अनिल शर्मा बोले- ‘न उनके जैसा हीरो आया है, न आएगा’
इस श्रद्धांजलि कार्यक्रम में मुंबई से विशेष रूप से आए मशहूर फिल्म निर्देशक और अनिल शर्मा प्रोडक्शंस के स्वामी अनिल शर्मा भी उपस्थित थे। उन्होंने अभिनेता धर्मेंद्र के साथ बिताए पलों को याद किया। अनिल शर्मा ने उनकी सादगी, मेहनत और फिल्मों के प्रति समर्पण की जमकर सराहना की।
उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र केवल एक महान अभिनेता ही नहीं, बल्कि एक बेहद संवेदनशील और प्रेरणादायी व्यक्तित्व के धनी थे, जिनसे फिल्म जगत ने बहुत कुछ सीखा है। अनिल शर्मा ने भावुक होते हुए कहा, “हम उन्हें मिस कर रहे हैं। न उनके जैसा कोई हीरो आया है, न उनके जैसा कोई हीरो आएगा। बस इतना ही कहना चाहूंगा।”
दो मिनट का मौन और संवेदनाएं
श्रद्धांजलि सभा में मौजूद प्रशंसकों ने धर्मेंद्र के सदाबहार गीतों और दमदार संवादों को याद करते हुए उन्हें नमन किया। सभा के अंत में दिवंगत अभिनेता की याद में दो मिनट का मौन रखा गया और उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई।
इस दौरान लोगों ने उनके आदर्शों को अपने जीवन में उतारने का संकल्प भी लिया। सभा के अंत में वहां मौजूद लोगों ने सांसद हेमा मालिनी से मिलकर अपनी शोक संवेदनाएं प्रकट कीं।
मुख्य बातें (Key Points)
वृंदावन में अभिनेता धर्मेंद्र के सम्मान में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मथुरा सांसद हेमा मालिनी और फिल्म निर्देशक अनिल शर्मा शामिल हुए।
निर्देशक अनिल शर्मा ने भावुक होकर कहा कि धर्मेंद्र जैसा हीरो न कोई आया है और न आएगा।
सभा के अंत में दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत अभिनेता को श्रद्धांजलि दी गई।








