CM Bhagwant Mann Bathinda Tour – पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के कार्यवाहक Chief Justice Ashwani Kumar Mishra को चीफ जस्टिस के रूप में नियुक्त करने को लेकर चल रहे विवाद के बीच मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सोमवार को बठिंडा जिले के पिंड महिराज में होने वाला अपना ‘लोक मिलणी’ कार्यक्रम रद्द कर दिया है। इस कार्यक्रम की अगली तारीख का अभी कोई ऐलान नहीं किया गया है।
देखा जाए तो यह रद्दीकरण केवल एक कार्यक्रम का स्थगन नहीं है, बल्कि इसके पीछे कई राजनीतिक और प्रशासनिक कारण हैं। रविवार को बुलाई गई आपातकालीन कैबिनेट बैठक में राज्य सरकार ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से अपील की थी कि जब तक पंजाब की चिंताओं का उचित समाधान नहीं निकलता, तब तक चीफ जस्टिस की नियुक्ति और शपथ ग्रहण समारोह पर रोक लगाई जाए।
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पंजाब की आवाज दबाई जा रही: CM मान
इस मुद्दे पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा था कि हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस की नियुक्ति के लिए राज्य सरकार से मंजूरी मांगी गई थी, लेकिन पंजाब द्वारा इजाजत न दिए जाने के बावजूद केंद्र सरकार ने यह नियुक्ति कर दी।
समझने वाली बात यह है कि मान ने केंद्र की भाजपा सरकार पर पंजाब की आवाज दबाने के आरोप लगाते हुए साफ कहा, “पंजाब की गल्ल दब्बी जा रही है।” यह बयान राज्य और केंद्र के बीच बढ़ते तनाव को स्पष्ट करता है।
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गुरुग्राम जेल में संजीव अरोड़ा से मुलाकात
मुख्यमंत्री भगवंत मान रविवार रात बठिंडा से दिल्ली के लिए रवाना हो गए थे। सोमवार को उन्हें गुरुग्राम जेल में बंद पूर्व मंत्री संजीव अरोड़ा से मुलाकात करनी थी। अगर गौर करें तो यह मुलाकात भी राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
रविवार को पिंड घुड्डा में ‘लोक मिलणी’ समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने ऐलान किया था कि वह सोमवार को बठिंडा लौटकर महिराज में कार्यक्रम करेंगे। हालांकि, रामपुरा फूल से आप विधायक बलकार सिंह सिद्धू ने अपने फेसबुक पेज पर पोस्ट डालकर मुख्यमंत्री के इस कार्यक्रम के रद्द होने की जानकारी दी।
प्रशासन ने दी पुष्टि
जिला प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री गुरुग्राम में पूर्व मंत्री से मुलाकात के बाद सीधे चंडीगढ़ जाएंगे। अधिकारी ने कहा, “साडे कोल पक्की जाणकारी नहीं है, पर मुख्यमंत्री दे दिल्ली पहुंचण ‘ते सानूं सूचित कीता गिआ सी कि महिराज पिंड दा प्रोग्राम फिलहाल रद्द कर दिता गिआ है।”
यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि महिराज पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह का पैतृक गांव है। इस गांव में मुख्यमंत्री का दौरा राजनीतिक रूप से भी चर्चित रहता।
आंतरिक मतभेद की चर्चा
दिलचस्प बात यह है कि राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी छिड़ी हुई है कि रामपुरा फूल क्षेत्र के दो आप नेताओं के बीच चल रहे आपसी मतभेद भी कार्यक्रम रद्द होने का एक कारण हो सकते हैं। हालांकि इस पर किसी ने आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा है।
प्रशासनिक अधिकारी के मुताबिक मंगलवार को मानसा जिले के पिंड फाफड़े भाईके में होने वाला मुख्यमंत्री का ‘लोक मिलणी’ कार्यक्रम फिलहाल निर्धारित शेड्यूल के अनुसार ही रहेगा।
चीफ जस्टिस विवाद का असर
यह देखा जा रहा है कि चीफ जस्टिस की नियुक्ति को लेकर हुआ विवाद मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों को भी प्रभावित कर रहा है। सोमवार को Chief Justice Ashwani Kumar Mishra ने शपथ ले ली, लेकिन इस समारोह में मुख्यमंत्री भगवंत मान गैरहाजिर रहे।
समझने वाली बात यह है कि यह केवल एक औपचारिक बहिष्कार नहीं था, बल्कि केंद्र सरकार के फैसले के खिलाफ राज्य सरकार का एक स्पष्ट राजनीतिक संदेश था।
केंद्र-राज्य संबंधों में तनाव
यह पूरा प्रकरण केंद्र-राज्य संबंधों में बढ़ते तनाव को दर्शाता है। पंजाब सरकार का मानना है कि राज्य की राय को नजरअंदाज किया जा रहा है। वहीं केंद्र का कहना है कि सभी संवैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किया गया है।
अगर गौर करें तो यह केवल एक नियुक्ति का मामला नहीं है, बल्कि यह संघीय ढांचे में राज्यों की भूमिका पर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। आने वाले दिनों में यह देखना होगा कि यह तनाव किस दिशा में जाता है।
मुख्य बातें (Key Points)
- मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बठिंडा के पिंड महिराज में ‘लोक मिलणी’ कार्यक्रम रद्द किया
- चीफ जस्टिस नियुक्ति विवाद को कार्यक्रम रद्द होने का मुख्य कारण माना जा रहा है
- CM मान गुरुग्राम जेल में पूर्व मंत्री संजीव अरोड़ा से मिलने गए
- रामपुरा फूल के दो आप नेताओं के बीच आंतरिक मतभेद की भी चर्चा
- मानसा जिले का मंगलवार का कार्यक्रम निर्धारित शेड्यूल के अनुसार होगा
- महिराज पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह का पैतृक गांव है








