IMD Weather Alert April 2026: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 1 अप्रैल 2026 को एक अहम प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए देश के बड़े हिस्से में ओलावृष्टि, भारी बारिश, गरज-चमक और तेज आंधी-तूफान की चेतावनी दी है। पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के अंतर्गत काम करने वाले IMD के अनुसार एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण 2 से 5 अप्रैल 2026 के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत में हल्की से मध्यम बारिश होगी, जिसकी चरम गतिविधि 3 और 4 अप्रैल को ओलावृष्टि के साथ देखने को मिलेगी। 3 अप्रैल को कश्मीर घाटी में छिटपुट भारी वर्षा होने की भी आशंका जताई गई है।

पिछले 24 घंटों में कैसा रहा मौसम: कई राज्यों में भारी बारिश और ओलावृष्टि
IMD Weather Alert April 2026 के तहत जारी रिपोर्ट के मुताबिक 1 अप्रैल 2026 को सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटों के दौरान देश के कई हिस्सों में मौसम ने जमकर कहर बरपाया। असम, सिक्किम, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में अलग-अलग स्थानों पर 7 से 11 सेमी तक भारी वर्षा दर्ज की गई।
इसके साथ ही हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान, पश्चिम मध्य प्रदेश और झारखंड में अलग-अलग स्थानों पर ओलावृष्टि की सूचना मिली। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, उत्तराखंड, दिल्ली, महाराष्ट्र, तमिलनाडु, गुजरात समेत कई राज्यों में 50 से 80 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं, जिसने सामान्य जनजीवन को प्रभावित किया।
तापमान की स्थिति: होशंगाबाद में 40.3°C, अमृतसर में सबसे कम 14.6°C
IMD Weather Alert April 2026 की रिपोर्ट के अनुसार पिछले 24 घंटों में तापमान के आंकड़े भी चौंकाने वाले रहे। मध्य प्रदेश और तमिलनाडु के अधिकांश स्थानों पर दिन का अधिकतम तापमान 36°C से 41°C के बीच दर्ज किया गया। देश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 40.3°C होशंगाबाद (मध्य प्रदेश) में रिकॉर्ड किया गया।
वहीं दूसरी तरफ, देश के मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान 14.6°C अमृतसर (पंजाब) में दर्ज हुआ। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और उत्तरी राजस्थान में रात का तापमान 12 से 18°C के बीच रहा। बिहार और पूर्वी मध्य प्रदेश में रात का तापमान सामान्य से काफी अधिक (3.1°C से 5.0°C) दर्ज किया गया।
पश्चिमी विक्षोभ का नया सिस्टम: ऐसे बदलेगा मौसम का मिजाज
IMD के वैज्ञानिकों ने बताया कि पूर्वी ईरान और आसपास के क्षेत्रों में निचले क्षोभमंडल स्तर पर एक नया पश्चिमी विक्षोभ चक्रवाती परिसंचरण के रूप में देखा जा रहा है। इसका गर्त मध्य स्तरीय उष्णकटिबंधीय पछुआ हवाओं के साथ ऊपरी अक्षांशों पर स्थित है और लगभग 50° पूर्व देशांतर से 58° पूर्व देशांतर तक फैला हुआ है।
इसके अलावा दक्षिण-पूर्वी पाकिस्तान और कच्छ, दक्षिण-पूर्वी मध्य प्रदेश, उत्तर-पूर्वी राजस्थान और पूर्वी बिहार के ऊपर भी ऊपरी चक्रवाती परिसंचरण स्थित हैं। झारखंड, उत्तरी छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश से होते हुए पूर्वी बिहार से उत्तरी मध्य महाराष्ट्र तक एक गर्त फैला हुआ है। 7 अप्रैल 2026 से एक और नए पश्चिमी विक्षोभ के आने की संभावना भी जताई गई है।
उत्तर-पश्चिम भारत: 70 किमी प्रति घंटे की तेज हवाओं और ओलावृष्टि की चेतावनी
IMD Weather Alert April 2026 के अनुसार उत्तर-पश्चिम भारत में अगले कुछ दिन मौसम बेहद खतरनाक रहने वाला है। 3, 4 और 7 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर-लद्दाख और हिमाचल प्रदेश में छिटपुट से लेकर काफी व्यापक स्तर पर हल्की से मध्यम बारिश या बर्फबारी, गरज-बिजली और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से 60 किमी प्रति घंटे तक के तेज हवाओं के झोंके चलने की संभावना है।
उत्तराखंड में 3 से 5 अप्रैल के दौरान भी यही स्थिति रहेगी। 3 और 4 अप्रैल को पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 3 से 5 अप्रैल के दौरान, तथा पूर्वी उत्तर प्रदेश में 4 और 5 अप्रैल को बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी है।
सबसे गंभीर चेतावनी यह है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 4 और 5 अप्रैल को और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 5 अप्रैल को गरज के साथ 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से 70 किमी प्रति घंटे तक की तेज हवाएं और ओलावृष्टि होने की आशंका है।
कहां-कहां गिरेंगे ओले: IMD ने जारी की पूरी लिस्ट
IMD ने राज्यवार ओलावृष्टि की पूरी तारीखें बताई हैं जो इस प्रकार हैं:
- जम्मू-कश्मीर: 3 और 4 अप्रैल
- हिमाचल प्रदेश: 3 और 4 अप्रैल
- उत्तराखंड: 4 अप्रैल
- पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली: 3 और 4 अप्रैल
- पश्चिमी उत्तर प्रदेश: 4 और 5 अप्रैल
- पूर्वी उत्तर प्रदेश: 5 अप्रैल
- पश्चिमी राजस्थान: 3 अप्रैल
- पूर्वी राजस्थान: 4 अप्रैल
- मध्य प्रदेश: 1 से 3 अप्रैल
- विदर्भ: 1 और 2 अप्रैल
- मध्य महाराष्ट्र: 1 से 3 अप्रैल
- मराठवाड़ा: 3 अप्रैल
- उत्तरी आंतरिक कर्नाटक: 4 और 5 अप्रैल
- दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक: 5 अप्रैल
3 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की भी संभावना है, जो पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और जलभराव का कारण बन सकती है।
पूर्वोत्तर भारत: अरुणाचल में भारी बारिश, बिजली गिरने की चेतावनी
IMD Weather Alert April 2026 में पूर्वोत्तर भारत के लिए भी गंभीर चेतावनी जारी की गई है। अरुणाचल प्रदेश में 1, 2 और 5-7 अप्रैल के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। असम और मेघालय में 1 अप्रैल को भी भारी बारिश हो सकती है। 4 और 5 अप्रैल को अरुणाचल प्रदेश में, 3-5 अप्रैल के दौरान असम और मेघालय में और 3 अप्रैल को नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है।
मध्य और पश्चिमी भारत: आंधी-तूफान और ओलों से फसलों को खतरा
देश के मध्य भागों में 6 अप्रैल 2026 तक गरज और बिजली के साथ बारिश और छिटपुट ओलावृष्टि की संभावना है। मध्य प्रदेश में 1 से 3 अप्रैल और विदर्भ में 1 और 2 अप्रैल को ओलावृष्टि हो सकती है।
पश्चिमी भारत में 1 से 4 अप्रैल के दौरान मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और गुजरात में छिटपुट से मध्यम बारिश, गरज-बिजली और 30-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार (60 किमी प्रति घंटे तक) की तेज हवाएं चल सकती हैं। 2 और 3 अप्रैल को मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में 50-60 किमी प्रति घंटे (70 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से आंधी-तूफान आने की भी चेतावनी दी गई है।
दक्षिण भारत: केरल से कर्नाटक तक बिजली गिरने का खतरा
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में भी मौसम करवट ले रहा है। अगले 5 दिनों के दौरान तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और आंतरिक कर्नाटक में छिटपुट हल्की से मध्यम वर्षा, गरज-बिजली और 30-50 किमी प्रति घंटे (60 किमी प्रति घंटे तक) की तेज हवाएं चलने की संभावना है। 1 और 2 अप्रैल को केरल, 3 से 5 अप्रैल को तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल, तथा 1 से 3 अप्रैल को तटीय कर्नाटक में बिजली गिरने की संभावना है।
दिल्ली-NCR का विस्तृत मौसम पूर्वानुमान: 1 से 4 अप्रैल
दिल्ली-NCR के लिए IMD ने अलग से विस्तृत पूर्वानुमान जारी किया है। पिछले 24 घंटों में दिल्ली में न्यूनतम तापमान में 2-3°C और अधिकतम तापमान में 1-2°C की गिरावट दर्ज की गई। दिल्ली में अधिकतम तापमान 33-34°C और न्यूनतम तापमान 16-17°C की सीमा में रहा।
1 अप्रैल: आसमान में आंशिक बादल छाए रहेंगे। दोपहर या शाम को गरज-चमक के साथ बहुत हल्की बारिश या बूंदाबांदी संभव। अधिकतम तापमान 33°C से 35°C।
2 अप्रैल: आसमान आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। अधिकतम तापमान 35°C से 37°C और न्यूनतम 18°C से 20°C। दिल्ली में कई जगहों पर अधिकतम तापमान सामान्य से ज्यादा (1.5 से 3.0°C) रहेगा।
3 अप्रैल: आसमान आम तौर पर बादलों से घिरा रहेगा। दोपहर या शाम को गरज-बिजली और 20-30 किमी प्रति घंटे (झोंकों के साथ 40 किमी प्रति घंटे तक) की तेज हवाओं के साथ बहुत हल्की बारिश संभव। अधिकतम 32°C से 34°C, न्यूनतम 20°C से 22°C।
4 अप्रैल: बादलों से घिरा आसमान रहेगा। दोपहर या शाम को गरज-बिजली और तेज हवाओं के साथ बहुत हल्की बारिश होगी। अधिकतम 32°C से 34°C, न्यूनतम 19°C से 21°C। पूरी दिल्ली में अधिकतम तापमान सामान्य से अधिक रहेगा।
गर्म और उमस भरे मौसम की चेतावनी
केरल और माहे में 1 और 2 अप्रैल को, गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल और झारखंड में 2 से 4 अप्रैल तक, और ओडिशा में 1 से 4 अप्रैल तक कुछ इलाकों में गर्म और उमस भरे मौसम की संभावना है। उत्तर-पश्चिम भारत में 6 अप्रैल 2026 तक दिन का तापमान सामान्य के आसपास या सामान्य से कम रहने की संभावना जताई गई है।
अधिकतम तापमान कहां बढ़ेगा, कहां घटेगा
IMD ने क्षेत्रवार तापमान पूर्वानुमान भी जारी किया है। उत्तर-पश्चिम भारत में 2 अप्रैल तक अधिकतम तापमान में 2-4°C की वृद्धि होगी, लेकिन 3 और 4 अप्रैल को 2-4°C की गिरावट आएगी। पूर्वी भारत में 4 अप्रैल तक अधिकतम तापमान में 4-6°C की क्रमिक वृद्धि होगी। महाराष्ट्र में 2 से 7 अप्रैल के दौरान अधिकतम तापमान में 2-4°C की क्रमिक गिरावट आएगी।
तेज हवाओं का कहर: पंजाब में 61 किमी प्रति घंटे तक की हवाएं दर्ज
पिछले 24 घंटों में देश के कई हिस्सों में खतरनाक तेज हवाएं दर्ज की गईं। पंजाब के फरीदकोट में 61, फिरोजपुर में 59, मोहाली में 54, संगरूर में 46 और बठिंडा में 41 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जालौन में 59 और मैनपुरी में 52 किमी प्रति घंटे की हवाएं रिकॉर्ड हुईं। हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली में पंचकुला में 52, करनाल में 44 और चंडीगढ़ में 43 किमी प्रति घंटे की हवाएं चलीं।
किसानों के लिए जरूरी सलाह: फसलों को ऐसे बचाएं
IMD Weather Alert April 2026 में किसानों के लिए बेहद अहम कृषि-मौसम संबंधी परामर्श भी जारी किया गया है। मध्य प्रदेश, विदर्भ, मध्य महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब और हरियाणा के किसानों को फलों के बगीचों और सब्जियों के पौधों को ओलावृष्टि से बचाने के लिए हेल नेट या हेल कैप का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
परिपक्व फसलों और फलों की कटाई तथा तुड़ाई अविलंब करें और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रखें। जम्मू-कश्मीर में परिपक्व सरसों की तुरंत कटाई करने की सलाह दी गई है। कटी हुई फसलों को ठीक से बांधकर ढक दें ताकि तेज हवाओं से नुकसान कम हो सके। बागवानी फसलों और नए पौधों को तेज हवाओं से गिरने से बचाने के लिए सहारा दें।
आम लोगों के लिए सावधानियां: IMD की सलाह
IMD ने आम नागरिकों के लिए भी जरूरी सावधानियां बताई हैं। ओलावृष्टि, बिजली गिरने और तेज हवाओं से पेड़ों की शाखाएं टूट सकती हैं, सड़क किनारे बड़े पेड़ उखड़ सकते हैं, बिजली और संचार लाइनें प्रभावित हो सकती हैं, कच्चे मकानों और झोपड़ियों को नुकसान हो सकता है, तथा खुले स्थानों पर ओलों से लोगों और मवेशियों को चोट लग सकती है।
लोगों को सलाह दी गई है कि वे मौसम की स्थिति पर नजर रखें, घर के अंदर रहें, खिड़कियां और दरवाजे बंद रखें, पेड़ों के नीचे शरण न लें, बिजली के उपकरणों का प्लग निकाल दें और कंक्रीट के फर्श पर न लेटें। भारी वर्षा से निचले इलाकों और नदी तटों में जलभराव और बाढ़ हो सकती है, यातायात बाधित हो सकता है और पुरानी इमारतों के लिए खतरा बढ़ सकता है।
7 अप्रैल से एक और पश्चिमी विक्षोभ की दस्तक
IMD ने आगाह किया है कि 7 अप्रैल 2026 से उत्तर-पश्चिम भारत में एक और नए पश्चिमी विक्षोभ के आने की संभावना है। इसका मतलब यह है कि अप्रैल के पहले सप्ताह में मौसम लगातार अस्थिर बना रह सकता है। किसानों, यात्रियों और आम नागरिकों को अगले कई दिनों तक सतर्क रहने की जरूरत है। IMD की वेबसाइट और जिलावार चेतावनी पोर्टल पर लगातार अपडेट देखते रहना सबसे बेहतर रहेगा।
मुख्य बातें (Key Points)
- IMD Weather Alert April 2026: 2 से 5 अप्रैल तक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर-पश्चिम भारत में ओलावृष्टि, भारी बारिश और 70 किमी प्रति घंटे तक की तेज हवाओं की चेतावनी।
- 3 अप्रैल को कश्मीर घाटी में छिटपुट भारी वर्षा, दिल्ली-पंजाब-हरियाणा में 3-4 अप्रैल को ओलावृष्टि की संभावना।
- सबसे अधिक तापमान 40.3°C होशंगाबाद (मध्य प्रदेश) और सबसे कम 14.6°C अमृतसर (पंजाब) में दर्ज।
- किसानों को फसलों की तुरंत कटाई, हेल नेट का उपयोग और जल निकासी की व्यवस्था करने की सलाह दी गई है।













