Pargat Singh Punjab Assembly: पंजाब के पूर्व शिक्षा मंत्री और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव विधायक परगट सिंह ने 9 मार्च को चंडीगढ़ में पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवा के रवैये को सीधे ‘डिक्टेटरशिप’ बताते हुए तीखा हमला बोला। उन्होंने आम आदमी पार्टी को भारतीय जनता पार्टी की बी-टीम करार देते हुए महिला योजना, किसान, एनकाउंटर, पंजाब के कर्ज और बॉर्डर सुरक्षा समेत एक के बाद एक कई मुद्दों पर सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया।
‘स्पीकर पर सीधा हमला: जीरो-ऑवर न देना लोकतंत्र की हत्या’
Pargat Singh Punjab Assembly मामले में परगट ने बिना किसी लाग-लपेट के कहा कि स्पीकर कुलतार सिंह संधवा का रवैया किसी डिक्टेटर से कम नहीं है। उनके अनुसार विधानसभा में विपक्षी पार्टियों को जीरो-ऑवर का अधिकार नहीं दिया जा रहा, जो कि संसदीय लोकतंत्र की बुनियादी परंपरा के खिलाफ है।
उन्होंने कहा कि जब विपक्ष को बोलने का मौका ही नहीं मिलेगा तो विधानसभा की कार्यवाही एकतरफा हो जाती है। यह लोकतंत्र की हत्या है और इसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
‘AAP पर तीर: भाजपा की बी-टीम बनकर किसानों की पीठ में छुरा’
Pargat Singh Punjab Assembly बयान में परगट सिंह ने आम आदमी पार्टी पर भाजपा का अनुसरण करने का सीधा आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा कभी किसानों की हितैशी नहीं रही और अब AAP भी उसी रास्ते पर चलते हुए पंजाब के किसानों का नुकसान कर रही है।
उन्होंने बताया कि अपनी मांगों के लिए सड़कों पर उतरने वाले किसानों को भीड़ बताकर लाठियां बरसाई जा रही हैं। परगट सिंह का कहना था कि यह किसानों के संवैधानिक अधिकारों का खुला उल्लंघन है।
‘₹1000-1500 की योजना: चुनावी ड्रामा या असली मदद?’
Pargat Singh Punjab Assembly में परगट ने पंजाब सरकार की महिला वित्तीय सहायता योजना को चुनावी दिखावा करार दिया। उन्होंने कहा कि चुनावी साल में कुछ महीने पहले ₹1000-1500 की घोषणा करके महिलाओं को भरमाने की कोशिश की जा रही है।
परगट ने इस योजना की टाइमलाइन पर भी सवाल खड़े किए। उनका तर्क था कि 13 अप्रैल से रजिस्ट्रेशन शुरू होगा, फिर तीन-चार महीने वैरीफिकेशन और सर्वे में निकल जाएंगे, और अंतिम दो महीनों में हजार-हजार रुपए खाते में डालकर दावा किया जाएगा कि वादा पूरा हो गया।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि बजट में ₹9,300 करोड़ किस हिसाब से रखे गए, यह भी स्पष्ट नहीं है। परगट ने कहा कि पंजाब की महिलाओं को ₹1000 से ज्यादा जरूरी अपने बच्चों और परिवार की सुरक्षा है और सरकार को पंजाब को पुलिस स्टेट नहीं बनाना चाहिए।
’35 एनकाउंटर पर बड़ा सवाल: गुरदासपुर के 19 साल रणजीत का संस्कार’
Pargat Singh Punjab Assembly बयान में सबसे संवेदनशील मुद्दा पुलिस एनकाउंटर का रहा। परगट सिंह ने कहा कि पिछले तीन महीनों में हुए 35 एनकाउंटर की कहानी हर बार एक जैसी है, जो गंभीर संदेह पैदा करती है।
उन्होंने खासतौर पर गुरदासपुर के 19 वर्षीय रणजीत सिंह के एनकाउंटर का जिक्र किया, जिनका उसी दिन अंतिम संस्कार हो रहा था और जिसे लेकर पहले से सवाल उठ रहे थे। परगट ने मांग की कि रणजीत के एनकाउंटर को छोड़कर बाकी सभी एनकाउंटर की जांच किसी सिटिंग जज की अगुवाई में गठित कमेटी से कराई जाए।
‘कर्ज का बोझ: ₹2.63 से ₹4.17 लाख करोड़, बजट में रोडमैप नदारद’
Pargat Singh Punjab Assembly बयान में परगट ने पंजाब के बढ़ते कर्ज के आंकड़े पेश करते हुए सरकार पर सबसे तगड़ा हमला बोला। उन्होंने बताया कि जब AAP सरकार सत्ता में आई तब पंजाब पर ₹2.63 लाख करोड़ का कर्ज था और अब यह बढ़कर ₹4.17 लाख करोड़ हो चुका है।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगले चुनाव तक यह आंकड़ा ₹5 लाख करोड़ पार कर जाएगा। सबसे बड़ी बात यह कि इस बजट में बढ़ते कर्ज को घटाने का कोई रोडमैप तक नहीं दिया गया, जो भविष्य के लिए चिंताजनक है।
‘BSF बॉर्डर से ड्रोन नशा और हथियार: AAP केंद्र से डरती है पूछने में’
Pargat Singh Punjab Assembly बयान में परगट ने बॉर्डर सुरक्षा का मुद्दा उठाते हुए कहा कि पंजाब का 50 किलोमीटर बॉर्डर सीमा सुरक्षा बल के हवाले है और इसी सीमा से ड्रोन के जरिए नशा और हथियार आ रहे हैं।
उन्होंने सवाल उठाया कि AAP सरकार इस मामले पर केंद्र सरकार से जवाब मांगने से क्यों डरती है। परगट के अनुसार इस अहम मुद्दे पर AAP सरकार की चुप्पी खुद अपने आप में एक बड़ा जवाब है।
‘चुनावी साल में बड़े दावे, सवाल भी बड़े’
Pargat Singh Punjab Assembly के इस बयान को चुनावी परिप्रेक्ष्य में देखें तो एक साफ तस्वीर उभरती है। एक तरफ AAP सरकार बजट, महिला योजना और विकास के दावे कर रही है तो दूसरी तरफ कांग्रेस ₹4.17 लाख करोड़ का कर्ज, 35 एनकाउंटर, किसानों पर लाठीचार्ज और बॉर्डर से ड्रोन तस्करी के सवालों के साथ मतदाताओं तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
₹9,300 करोड़ के बजट प्रावधान पर सवाल हो, योजना की टाइमलाइन पर संदेह हो या एनकाउंटर की जांच की मांग हो, यह सब मिलकर एक ऐसा नैरेटिव बनाते हैं जो आम मतदाता को सीधे छूता है। पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले यह जुबानी जंग और तीखी होने वाली है।
‘मुख्य बातें (Key Points)’
- Pargat Singh Punjab Assembly: पूर्व शिक्षा मंत्री परगट सिंह ने Speaker कुलतार सिंह संधवा को ‘Dictator’ बताया; विपक्ष को जीरो-ऑवर न देने को लोकतंत्र की हत्या कहा; AAP को BJP की बी-टीम और किसान-विरोधी बताया।
- पंजाब सरकार की ₹1000-1500 महिला योजना को चुनावी दिखावा बताया; 13 अप्रैल रजिस्ट्रेशन के बाद 3-4 महीने वैरीफिकेशन; ₹9,300 करोड़ के बजट प्रावधान पर हिसाब मांगा; महिलाओं को पैसे नहीं, बच्चों की सुरक्षा चाहिए।
- 3 महीने में 35 एनकाउंटर की कहानी एक जैसी; गुरदासपुर में 19 वर्षीय रणजीत सिंह एनकाउंटर पर सवाल; सिटिंग जज की कमेटी से जांच की मांग।
- पंजाब कर्ज ₹2.63 लाख करोड़ से बढ़कर ₹4.17 लाख करोड़; अगले चुनाव तक ₹5 लाख करोड़ पार होने का अनुमान; बजट में कोई रोडमैप नहीं; 50 KM BSF बॉर्डर से ड्रोन द्वारा नशा-हथियार तस्करी पर AAP की चुप्पी।








