Chandra Grahan 2026 Rashifal: हिंदू पंचांग के अनुसार विक्रम संवत 2082, फाल्गुन मास शुक्ल पक्ष पूर्णिमा तिथि पर मंगलवार 3 मार्च 2026 को दोपहर में साल 2026 का पहला खंडग्रास चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है। ज्योतिषीय गणनाओं के मुताबिक यह चंद्र ग्रहण सिंह राशि और पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र पर पड़ेगा, जिसका प्रभाव आने वाले 15 दिनों तक सभी 12 राशियों पर बना रहेगा।
जानेमाने ज्योतिषाचार्य कमल ने इस ग्रहण को लेकर सभी राशियों के लिए विस्तृत भविष्यफल और विशेष उपाय बताए हैं। जब भी कोई खगोलीय घटना होती है, तो वह कुछ राशियों के लिए शुभ और कुछ के लिए अशुभ साबित होती है। आइए जानते हैं कि यह चंद्र ग्रहण किन राशियों के लिए सुनहरा अवसर लेकर आ रहा है और किन्हें विशेष सावधानी बरतनी होगी।
मेष राशि (Aries) — पंचम भाव पर प्रभाव: बच्चों की चिंता और भावनात्मक उतार-चढ़ाव
मेष राशि वाले जातकों के लिए यह ग्रहण पंचम भाव को प्रभावित करेगा। करियर और जॉब के क्षेत्र में रचनात्मक विचारों की वृद्धि तो होगी, लेकिन वर्कप्लेस पर किसी भी तरह की ऑफिस पॉलिटिक्स से बचकर रहना बेहद जरूरी है। जो लोग बिजनेस करते हैं, उन्हें कोई भी नया इन्वेस्टमेंट बड़े ही सोच-समझकर करना होगा।
फाइनेंस की बात करें तो सट्टेबाजी और शेयर बाजार में पैसा लगाने से बचना चाहिए, वरना नुकसान बहुत बड़ा हो सकता है। परिवार में बच्चों की सेहत या उनके भविष्य को लेकर चिंताएं परेशानी का कारण बनेंगी। एजुकेशन के मामले में छात्रों को कंसंट्रेट करने में काफी संघर्ष करना पड़ेगा — ऐसे में मेडिटेशन का सहारा जल्द से जल्द ले लेना फायदेमंद रहेगा।
मैरिड लाइफ और लव लाइफ में भावनाओं का उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। पार्टनर के साथ संवाद बनाए रखना बहुत जरूरी है — कोल्ड शोल्डर ट्रीटमेंट यानी बात न करने की स्थिति से बचें। हेल्थ के लिहाज से पेट संबंधित समस्याएं और एसिडिटी इस दौरान उभर सकती हैं।
उपाय: ग्रहण काल में राशि स्वामी मंगल के मंत्र का जाप करें। ग्रहण समाप्त होने के बाद किसी जरूरतमंद व्यक्ति को गुड़ और चावल का दान करें।
वृषभ राशि (Taurus) — चतुर्थ भाव पर प्रभाव: माताजी के स्वास्थ्य पर ध्यान दें
वृषभ राशि वालों के लिए यह ग्रहण चतुर्थ भाव में बनेगा। करियर और जॉब में स्थिरता तो रहेगी, लेकिन काम का दबाव मानसिक रूप से थकाने वाला साबित होगा। प्रॉपर्टी, रियल एस्टेट या इनसे जुड़े बिजनेस करने वालों को कोई भी बड़ी डील फाइनल करने से पहले पेपरवर्क को बहुत अच्छी तरह जांच लेना चाहिए।
फाइनेंस के मोर्चे पर घर की मरम्मत या वाहन पर अचानक बड़े खर्चे सामने आ सकते हैं। परिवार में माताजी के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना होगा। घरेलू शांति बनाए रखने के लिए वाद-विवाद से बचना और मौन रहना सबसे बेहतर रहेगा।
अच्छी बात यह है कि एजुकेशन के क्षेत्र में उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले छात्रों के लिए यह समय अनुकूल रहेगा। मैरिड लाइफ में जीवनसाथी का पूरा सहयोग मिलेगा, जिससे मानसिक तनाव कम होगा। हेल्थ के नजरिए से छाती और हृदय से जुड़ी कोई पुरानी समस्या है तो डॉक्टरी परामर्श जरूर ले लें।
उपाय: ग्रहण काल में राशि अधिपति शुक्र के मंत्र का जाप करें। ग्रहण के बाद किसी जरूरतमंद व्यक्ति को दूध और चावल का दान करें।
मिथुन राशि (Gemini) — तृतीय भाव पर प्रभाव: अत्यधिक शुभ, प्रमोशन के योग
मिथुन राशि वालों के लिए खुशखबरी है। यह ग्रहण तीसरे भाव में घटित होगा, जो अत्यधिक शुभ परिणाम देने वाला माना जाता है। करियर और जॉब में आपकी कम्युनिकेशन स्किल्स बहुत काम आएंगी। प्रमोशन हो या नई नौकरी के अवसर — यह सब इस समय मिल सकते हैं। बिजनेस के विस्तार के लिए की गई कोई छोटी यात्रा भी लाभदायक सिद्ध होगी और नए क्लाइंट्स जोड़ने का बढ़िया मौका मिलेगा।
फाइनेंस की स्थिति बेहद मजबूत रहेगी और आय के नए स्रोत बनाने में सफलता मिलेगी। हालांकि परिवार में भाई-बहनों के साथ रिश्तों में थोड़ी खटास आ सकती है, इसलिए वाणी पर नियंत्रण रखना बहुत जरूरी होगा।
मीडिया, कला या साहित्य से जुड़े छात्रों के लिए यह बड़ी सफलता का समय बन सकता है। मैरिड लाइफ खुशहाल रहेगी और पार्टनर के साथ कहीं घूमने का प्लान भी बन सकता है। हेल्थ में कंधे या गले का हल्का दर्द उभर सकता है।
उपाय: ग्रहण काल में राशि अधिपति बुध के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद जरूरतमंद व्यक्ति को मीठी खीर या दूध, चावल और शक्कर का दान करें।
कर्क राशि (Cancer) — द्वितीय भाव पर प्रभाव: शब्दों पर रखें कड़ी नजर
कर्क राशि के स्वामी स्वयं चंद्रमा हैं, इसलिए द्वितीय भाव में लगने वाला यह ग्रहण आपको गहराई से प्रभावित करेगा। करियर और जॉब में सीनियर्स से बात करते समय शब्दों, टोन और व्यवहार पर बहुत ज्यादा सावधानी बरतनी होगी। ओवर फ्रेंडली बनने की गलती कतई न करें, वरना बनी-बनाई बात बिगड़ सकती है।
बिजनेसमैन को उधारी देने से बचना है और पुराने अटके हुए पैसों की वसूली पर ज्यादा फोकस करना चाहिए। फाइनेंस में यह समय बचत का है — बिना जरूरत के खर्चों पर लगाम लगाएं। परिवार में पैतृक संपत्ति को लेकर चर्चाएं उठ सकती हैं, कोशिश करें कि माहौल शांत बना रहे।
फाइनेंस और कॉमर्स के छात्रों को और ज्यादा मेहनत करनी होगी — हार्ड वर्क ही सफलता की कुंजी होगी। मैरिड लाइफ में ससुराल पक्ष की वजह से अनबन हो सकती है, जिसे समझदारी से सुलझाना बेहतर रहेगा। आक्रोश दिखाना या गलत भाषा का इस्तेमाल और ज्यादा नुकसानदायक बनेगा। हेल्थ में दांत, आंख, गले से जुड़ा इंफेक्शन या एलर्जी की संभावना है।
उपाय: ग्रहण काल में चंद्रमा के मंत्र का जाप करें। ग्रहण के बाद सफेद वस्तु, सफेद कपड़े का दान करें। बहन, बेटी, बुआ या साली को चांदी भेंट कर सकते हैं।
सिंह राशि (Leo) — लग्न भाव पर सीधा प्रभाव: सबसे ज्यादा प्रभावित राशि
सिंह राशि वालों के लिए यह ग्रहण सबसे अहम है क्योंकि यह सीधे आपकी राशि पर ही घटित हो रहा है। करियर और जॉब में कार्यशैली में बदलाव करने की जरूरत होगी। जल्दबाजी में कोई भी बड़ा निर्णय लेने की गलती बिल्कुल न करें। बिजनेस में पार्टनरशिप को लेकर गलतफहमियां उभर सकती हैं — ट्रांसपेरेंसी रखना सबसे जरूरी है।
फाइनेंस की स्थिति सामान्य रहेगी, लेकिन भविष्य में कोई बड़ा इन्वेस्टमेंट करने की योजना है तो अभी से पैसे बचाना शुरू कर दें। परिवार का माहौल सपोर्टिव रहेगा, बशर्ते आप अपना गुस्सा घरवालों पर न निकालें।
एजुकेशन में खुद को साबित करने का जुनून हावी रहेगा और अंत में अच्छे परिणाम जरूर मिलेंगे — बस इस जुनून को बनाए रखना है। मैरिड लाइफ में अहंकार और ईगो को लेकर जीवनसाथी के साथ टकराव हो सकता है। हेल्थ में मानसिक तनाव, सिरदर्द, नींद की कमी और चौंककर उठने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
उपाय: ग्रहण काल में राशि अधिपति सूर्य के मंत्र का जाप करें। ग्रहण के बाद जरूरतमंद को गुड़ और चीनी का दान करें।
कन्या राशि (Virgo) — द्वादश भाव पर प्रभाव: विदेश यात्रा के लिए शुभ संकेत
कन्या राशि वालों के लिए यह ग्रहण 12वें भाव (द्वादश भाव) में घटित होगा। करियर और जॉब में अगर आप मल्टीनेशनल कंपनी में काम करते हैं या विदेश जाना चाहते हैं, तो शुभ समाचार मिल सकता है। इंपोर्ट-एक्सपोर्ट के बिजनेस वालों को अच्छा फायदा दिखेगा, लेकिन अनजान लोगों पर भरोसा करने और उनके साथ डीलिंग करने से बचना चाहिए।
फाइनेंस में खर्चे अचानक बढ़ सकते हैं, इसलिए बजट बनाकर चलना समझदारी होगी। परिवार में किसी सदस्य के स्वास्थ्य पर धन खर्च होने की भी संभावना है। विदेश में पढ़ाई के इच्छुक छात्रों के लिए यह अनुकूल समय है।
मैरिड लाइफ में बेडरूम का माहौल थोड़ा नीरस हो सकता है — एक-दूसरे को समय दें और शिकायतें कम करें। हेल्थ में पैरों में दर्द, नींद न आना और आंखों में कमजोरी जैसी समस्याएं उभर सकती हैं।
उपाय: ग्रहण काल में बुध के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद हरी सब्जी, हरी दाल या हरे वस्त्र का दान करें। विशेष रूप से किसी किन्नर को दान करना अत्यंत लाभकारी रहेगा।
तुला राशि (Libra) — एकादश भाव पर प्रभाव: कई मायनों में फलदाई, मुनाफे के योग
तुला राशि वालों के लिए 11वें भाव में लगने वाला यह चंद्र ग्रहण कई मायनों में फलदाई रहने वाला है। करियर में नेटवर्क का दायरा बढ़ेगा और किसी पुराने संपर्क से बेहतरीन जॉब ऑफर मिल सकता है। बिजनेस में मुनाफा बढ़ने के स्पष्ट संकेत हैं — कोई रुकी हुई बड़ी डील फाइनल हो सकती है।
फाइनेंस की स्थिति शानदार बनी रहेगी और पुराने इन्वेस्टमेंट से अच्छा रिटर्न मिलेगा। परिवार में बड़े भाई-बहनों से पूरा सहयोग और प्रेम मिलने की उम्मीद है। कंपीटिशन एग्जाम की तैयारी कर रहे छात्रों को मेहनत का पूरा फल मिलेगा — जिस समय का इंतजार था, वह अब आ चुका है।
मैरिड लाइफ में प्यार और रोमांस बढ़ने वाला है। सिंगल लोगों को किसी खास इंसान से मुलाकात हो सकती है। हेल्थ बढ़िया बनी रहेगी, पुरानी बीमारियों से छुटकारा मिलेगा और ऊर्जा का स्तर ऊंचा रहेगा।
उपाय: ग्रहण काल में शुक्र के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद जरूरतमंद को घी और शक्कर का दान करें।
वृश्चिक राशि (Scorpio) — दशम भाव पर प्रभाव: पेशेवर जीवन में बड़ी हलचल
वृश्चिक राशि वालों के लिए दशम भाव (10वां घर) में यह ग्रहण घटित होगा, जो पेशेवर जीवन में बड़ी हलचल मचाने वाला है। करियर में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं या अचानक जॉब बदलने का विचार आ सकता है। कार्यक्षेत्र में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना जरूरी होगा।
बिजनेस में पब्लिक इमेज और ब्रांड वैल्यू बढ़ेगी, लेकिन सरकारी कामकाज में किसी भी लापरवाही से बचें — यह नोटिस दिलवा सकती है। फाइनेंस में इनकम स्थिर रहेगी, पर वर्कप्लेस से जुड़े कुछ खर्चे परेशानी का कारण बन सकते हैं।
परिवार में पिताजी के साथ वैचारिक मतभेद हो सकते हैं — उनके अनुभव का सम्मान करें और बहस से बचें। मैनेजमेंट और इंजीनियरिंग के छात्रों को प्रोजेक्ट्स में अच्छी सफलता मिलेगी। मैरिड लाइफ में काम के दबाव के कारण जीवनसाथी को कम समय दे पाएंगे, जिससे मनमुटाव बढ़ सकता है। हेल्थ में हड्डियों, घुटनों और कमर दर्द की शिकायत बढ़ सकती है।
उपाय: ग्रहण काल में मंगल के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद गुड़ और चावल का दान करें।
धनु राशि (Sagittarius) — नवम भाव पर प्रभाव: भाग्य से ज्यादा कर्म पर भरोसा रखें
धनु राशि वालों के लिए नवम भाव में यह ग्रहण घटित होगा। करियर में भाग्य से ज्यादा कर्म पर भरोसा रखना होगा। ट्रांसफर या लंबी यात्रा के योग बन सकते हैं, जो अंततः शुभ साबित होंगे। पब्लिशिंग, ट्रैवल और कंसलटेंसी से जुड़े बिजनेस वालों का काम इस दौरान गति पकड़ेगा।
फाइनेंस की स्थिति धीरे-धीरे सुधरेगी और कोई पुराना कर्ज चुकाने में सफलता मिलेगी। परिवार के साथ किसी धार्मिक स्थल की यात्रा का प्लान बन सकता है और घर में आध्यात्मिक माहौल उभरेगा।
हायर एजुकेशन और विशेषकर रिसर्च स्कॉलर्स के लिए यह समय वरदान साबित होगा। मैरिड लाइफ में जीवनसाथी के साथ वैचारिक तालमेल शानदार रहेगा। हेल्थ में जांघ और नसों से जुड़ी हल्की समस्या उभर सकती है, बाकी स्वास्थ्य सामान्य रहेगा।
उपाय: ग्रहण काल में बृहस्पति के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद हल्दी, चने की दाल, बेसन या पीले वस्त्र का दान करें। पूजा-कर्मकांड करने वाले पंडित जी को पीला पीतांबर भेंट कर सकते हैं।
मकर राशि (Capricorn) — अष्टम भाव पर प्रभाव: सबसे ज्यादा सावधानी जरूरी
मकर राशि वालों के लिए अष्टम भाव (8वां घर) में यह ग्रहण घटित होगा, जहां सावधानी बरतना सबसे ज्यादा जरूरी है। करियर में अचानक बदलाव उभर सकते हैं — काम से काम रखें और ऑफिस गॉसिपिंग से दूर रहें। बिजनेस में जोखिम भरे इन्वेस्टमेंट से परहेज करें और नया पार्टनर बनाने से इस समय विशेष रूप से दूरी बनाए रखें।
फाइनेंस में एक दिलचस्प बात है — गुप्त धन, बीमा या विरासत से अचानक पैसा मिल सकता है, लेकिन टैक्स से जुड़े मामलों में सतर्क रहना होगा। परिवार में ससुराल पक्ष के साथ संबंधों को सौहार्दपूर्ण बनाए रखने की कोशिश करें।
ज्योतिष, रिसर्च और रहस्यमय विद्याएं सीखने वाले छात्रों के लिए यह बेहतरीन समय है। मैरिड लाइफ में शक या गलतफहमी उभर सकती है — रिश्तों में दरार न आने दें, कड़वी बात को जहर का घूंट समझकर पी जाएं। हेल्थ के लिए यह समय बहुत सेंसिटिव है — गाड़ी चलाते समय सावधानी बरतें और पेट व मूत्राशय से संबंधित इंफेक्शन की संभावना है।
उपाय: ग्रहण काल में शनि के मंत्र का जाप करें। ग्रहण के बाद सरसों का तेल और चावल का दान करें।
कुंभ राशि (Aquarius) — सप्तम भाव पर प्रभाव: लीडरशिप का मौका, मैरिड लाइफ में टर्निंग पॉइंट
कुंभ राशि वालों के लिए सप्तम भाव (7वां घर) में यह ग्रहण घटित होगा। करियर और जॉब में कलीग्स के साथ टीमवर्क पर फोकस करें — किसी प्रोजेक्ट में लीडरशिप की भूमिका मिल सकती है। पार्टनरशिप में बिजनेस करने वालों के लिए यह समय अच्छा रहेगा, लेकिन कानूनी कागजी कार्रवाई में ट्रांसपेरेंसी रखना और सोच-समझकर आगे बढ़ना जरूरी है।
फाइनेंस अच्छी स्थिति में रहेगी और व्यापारिक यात्राओं से अच्छा पैसा कमाने का मौका मिलेगा। परिवार में मांगलिक कार्य की रूपरेखा बन सकती है। एजुकेशन में ग्रुप स्टडी से ज्यादा फायदा मिलेगा।
मैरिड लाइफ के लिए यह एक टर्निंग पॉइंट साबित होगा। जीवनसाथी के व्यवहार में चिड़चिड़ापन आ सकता है — बहुत पेशेंस रखें और प्रेम से पेश आएं। हेल्थ में अपने साथ-साथ जीवनसाथी के स्वास्थ्य पर भी ध्यान दें — मानसिक थकान दोनों पर हावी हो सकती है।
उपाय: ग्रहण काल में शनि के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद सरसों का तेल, चावल और सफेद मिठाई का दान करें।
मीन राशि (Pisces) — षष्ठम भाव पर प्रभाव: विरोधियों से रहें सावधान, पर फाइनेंस मजबूत
मीन राशि वालों के लिए यह ग्रहण छठे भाव में घटित होगा। करियर और जॉब में बहुत ज्यादा मेहनत करनी पड़ेगी, तभी मनमुताबिक परिणाम मिलेंगे। वर्कप्लेस पर विरोधी और शत्रु आपको शांत नहीं रहने देंगे — आपको टारगेट बनाया जा सकता है। बिजनेस में कर्ज या लोन लेकर विस्तार करने की सोच को फिलहाल ड्रॉप कर दें और मौजूदा फंड्स से ही काम चलाएं।
अच्छी बात यह है कि फाइनेंस की स्थिति मजबूत रहेगी और फंसा हुआ पैसा भी वापस मिल सकता है। परिवार में ननिहाल पक्ष से कोई अच्छी खबर आ सकती है। सरकारी नौकरी या मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए यह बेहद फायदेमंद समय रहेगा।
मैरिड लाइफ सामान्य रहेगी और छोटी-छोटी बातों पर चल रही बहस यहां सुलझ सकती है। हेल्थ में इम्यूनिटी पर काम करना जरूरी है — मौसमी बीमारियां और एलर्जी से बचाव करें।
उपाय: ग्रहण काल में गुरु (बृहस्पति) के मंत्रों का जाप करें। ग्रहण के बाद बेसन, पीले वस्त्र का दान करें या कर्मकांडी पंडित जी को पीले रंग का पीतांबर भेंट करें।
ग्रहण काल में सभी राशियों के लिए सामान्य नियम और विशेष दान
जिन लोगों की जन्म राशि, जन्म नक्षत्र या जन्म लग्न सिंह राशि या पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र पर है, उन्हें इस ग्रहण का दर्शन बिल्कुल नहीं करना चाहिए। ग्रहण स्पर्श होते ही स्नान करके जप और पाठ शुरू करें, मध्य में हवन और देव पूजन करें, और ग्रहण के अंत में दान करें। मोक्ष काल के बाद फिर से स्नान करें।
यह चंद्र ग्रहण पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र में लगेगा जिसके स्वामी शुक्र हैं — इसलिए श्वेत वस्त्र, सजावट का सामान, चावल, इत्र, कपूर, सफेद चंदन, शक्कर, मिश्री, दही का दान या गौशाला में सेवा विशेष रूप से लाभकारी होगी। सिंह राशि में ग्रहण होने के कारण दूध देने वाली गाय का दान (सामर्थ्य हो तो), सोने का दान, लाल-सफेद कपड़ा, तांबा, गेहूं, गुड़, केसर, चांदी, घी, शंख या मोती का दान किया जा सकता है।
चूंकि यह चंद्र ग्रहण है, चंद्रमा से संबंधित सफेद वस्तुओं — सफेद वस्त्र, सफेद चावल, शक्कर, घी, कपूर, मोती या चांदी — का दान विशेष रूप से फलदायी माना गया है।
मुख्य बातें (Key Points)
- 3 मार्च 2026 (मंगलवार) को दोपहर में खंडग्रास चंद्र ग्रहण लगेगा — यह सिंह राशि और पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र पर पड़ेगा और इसका प्रभाव अगले 15 दिनों तक रहेगा।
- मिथुन और तुला राशि वालों के लिए सबसे शुभ समय — प्रमोशन, मुनाफा, नए अवसर और प्यार में इजाफा होगा।
- सिंह, मकर और कर्क राशि वालों को सबसे ज्यादा सावधानी बरतनी होगी — सिंह राशि पर ग्रहण सीधा प्रभाव डालेगा, मकर को अष्टम भाव में चुनौतियां मिलेंगी और कर्क के स्वामी चंद्रमा होने से गहरा प्रभाव पड़ेगा।
- सभी राशियों को ग्रहण काल में अपनी राशि के स्वामी ग्रह का मंत्र जाप करना चाहिए और ग्रहण समाप्त होने के बाद राशि अनुसार दान करना चाहिए।








