MCD By-Election Delhi 2025: राजधानी दिल्ली की सियासत में रविवार का दिन बेहद अहम होने वाला है। दिल्ली नगर निगम (MCD) की 12 सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए प्रचार का शोर थम चुका है और अब फैसला जनता के हाथ में है। रविवार को मतदान होगा और नतीजे 3 दिसंबर को आएंगे। इन 12 सीटों पर कुल 51 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं, जिनके भाग्य का फैसला 6,99,537 मतदाता करेंगे। इस बार पहली बार 4884 मतदाता ईवीएम का इस्तेमाल कर अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।
बीजेपी और आप के लिए साख की लड़ाई
दिल्ली विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को मिली बड़ी जीत के बाद यह एमसीडी उपचुनाव पार्टी के लिए किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं है। प्रचार के अंतिम दिन तक बीजेपी, आम आदमी पार्टी (AAP), कांग्रेस और निर्दलीय उम्मीदवारों ने पूरी ताकत झोंक दी।
बीजेपी प्रत्याशियों के समर्थन में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से लेकर दिल्ली के बीजेपी सांसद, पार्षद और विधायकों तक ने धुआंधार प्रचार किया। यह साफ है कि बीजेपी इन उपचुनावों के जरिए एक बार फिर दिल्ली में अपना दबदबा साबित करना चाहती है। वहीं, आम आदमी पार्टी भी कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती और अपनी खोई हुई जमीन वापस पाने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है।
इन 12 वार्डों में होगा मतदान
जिन 12 सीटों पर उपचुनाव होने हैं उनमें मुंडका, शालीमार बाग, अशोक विहार, चांदनी चौक, चांदनी महल, द्वारका बी, दिचाऊ कलां, नारायणा, संगम विहार ए, दक्षिणपुरी, ग्रेटर कैलाश और विनोद नगर शामिल हैं।
उपचुनाव की नौबत क्यों आई?
ये सीटें इसलिए खाली हुईं क्योंकि कई पार्षदों का सियासी कद बढ़ गया। शालीमार बाग बी वार्ड से पार्षद रहीं रेखा गुप्ता अब दिल्ली की मुख्यमंत्री हैं। द्वारका बी से पार्षद कमलजीत सहरावत पश्चिमी दिल्ली से सांसद बन गए। इसके अलावा, फरवरी में हुए दिल्ली विधानसभा चुनाव में कई अन्य पार्षदों ने भी किस्मत आजमाई और विधायक बन गए, जिससे उनकी पार्षद की सीटें खाली हो गईं।
बदलता सियासी समीकरण
साल 2022 में जब तीनों एमसीडी को मिलाकर एक निगम बनाया गया था, तब 250 वार्डों पर चुनाव हुए थे। उस समय आम आदमी पार्टी ने 134 सीटें जीतकर बहुमत हासिल किया था, जबकि बीजेपी को 104 सीटें मिली थीं। लेकिन 2024-25 में सियासी हवा बदली और ‘आप’ के कई पार्षद बीजेपी में शामिल हो गए, जबकि 16 पार्षदों ने मिलकर ‘इंद्रप्रस्थ विकास पार्टी’ (IVP) नाम का नया दल बना लिया। इसी बदलती तस्वीर के कारण अप्रैल 2025 में हुए महापौर चुनाव में बीजेपी बहुमत हासिल कर महापौर पद जीतने में कामयाब रही। वर्तमान में, एमसीडी में बीजेपी के पास 116, आप के पास 98, कांग्रेस के पास 8 और IVP के पास 15 सीटें हैं।
मतदान के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम
रविवार को होने वाले मतदान के लिए चुनाव आयोग ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। 30 नवंबर को सुबह 7:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक 580 मतदान केंद्रों पर वोटिंग होगी। सभी केंद्रों पर वेबकास्टिंग की व्यवस्था की गई है। 2320 मतदान कर्मियों को तैनात किया गया है और सुरक्षा के लिए 265 सुरक्षाकर्मियों के साथ-साथ केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की 13 टुकड़ियां भी मुस्तैद रहेंगी। मतदाता मतदान के बाद क्यूआर कोड के जरिए अपना फीडबैक भी दे सकेंगे।
मुख्य बातें (Key Points)
दिल्ली एमसीडी की 12 सीटों पर रविवार (30 नवंबर) को मतदान होगा।
51 उम्मीदवार मैदान में हैं, नतीजे 3 दिसंबर को आएंगे।
बीजेपी और आप दोनों ने इन सीटों को जीतने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है।
पार्षदों के विधायक या सांसद बनने के कारण ये सीटें खाली हुई थीं।
मतदान के लिए 580 केंद्र बनाए गए हैं और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।








