Women Reservation Bill को लेकर अब देश की राजनीति में एक ऐतिहासिक मोड़ आने वाला है। 16 अप्रैल 2026 से भारतीय संसद का तीन दिवसीय विशेष सत्र शुरू होने जा रहा है, जिसमें नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण कानून, 2023) में संशोधन पर चर्चा होगी। जेडीयू और बीजेपी समेत सत्तापक्ष के दलों ने अपने सांसदों के लिए थ्री लाइन व्हिप जारी कर दिया है, जिसका मतलब है कि तीनों दिन सांसदों की उपस्थिति अनिवार्य होगी।
क्यों बुलाया गया विशेष सत्र
Women Reservation Bill यानी नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 में संसद से पारित तो हो गया था, लेकिन इसके लागू होने की शर्त नई जनगणना और उसके बाद परिसीमन से जुड़ी हुई थी। चूंकि जनगणना में देरी हो रही है, इसलिए सरकार अब इन शर्तों को हटाकर 2011 की जनगणना के आंकड़ों के आधार पर ही परिसीमन करने और 2029 के लोकसभा और विधानसभा चुनावों से पहले महिला आरक्षण लागू करने की तैयारी में है।
लोकसभा सीटें बढ़ाकर 816 करने का प्रस्ताव
सूत्रों के मुताबिक संशोधन के मसौदे में लोकसभा की कुल सीटें मौजूदा 543 से बढ़ाकर 816 करने का प्रस्ताव शामिल हो सकता है। इसके पीछे तर्क यह है कि 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू करते समय मौजूदा सीटों में कटौती न हो और सभी वर्गों का प्रतिनिधित्व बना रहे। अगर यह संशोधन पास हो जाता है तो भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में यह सबसे बड़ा संसदीय विस्तार होगा।
प्रधानमंत्री मोदी की 2029 की डेडलाइन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बार-बार इस बात पर जोर दिया है कि Women Reservation Bill को 2029 के चुनावों तक हर हाल में लागू किया जाएगा। यही वजह है कि सरकार ने नियमित सत्र की प्रतीक्षा किए बिना विशेष सत्र बुलाने का फैसला लिया। कांग्रेस ने भी अपने लोकसभा सांसदों को व्हिप जारी किया है, लेकिन विपक्षी नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने परिसीमन और लागू करने के रोडमैप पर सर्वदलीय बैठक की मांग की है।
आम महिलाओं के लिए क्या बदलेगा
अगर यह संशोधन विधेयक पारित हो गया तो लोकसभा और विधानसभाओं में एक-तिहाई सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हो जाएंगी। इसका मतलब है कि 2029 के चुनावों में करोड़ों महिलाओं को सीधे राजनीतिक प्रतिनिधित्व मिलेगा और भारतीय संसद में महिलाओं की भागीदारी एक ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच जाएगी।
मुख्य बातें (Key Points)
- 16 से 18 अप्रैल 2026 तक संसद का तीन दिवसीय विशेष सत्र
- नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन पर होगी चर्चा
- 2029 चुनावों से पहले महिला आरक्षण लागू करने की तैयारी
- JDU, BJP और कांग्रेस ने जारी किया थ्री लाइन व्हिप













