Venezuela Airstrike : अमेरिका ने कल वेनेजुएला में करीब 90 मिनट तक चले सैन्य ऑपरेशन में सिर्फ सैन्य ठिकानों को ही नहीं, बल्कि रिहायशी इलाकों को भी निशाना बनाया। इस हमले में कई घरों को भारी नुकसान पहुंचा है और नागरिकों के घायल होने की खबरें सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि 40 से ज्यादा लोगों की मौत हुई है, जबकि अमेरिकी हमले में एक व्यक्ति की मौत की भी पुष्टि हुई है। हमले के बाद तबाही की तस्वीरें लगातार सामने आ रही हैं, जिसने पूरे वेनेजुएला को हिला कर रख दिया है।
रिहायशी इलाकों तक पहुंची बमबारी
हमले के दौरान वेनेजुएला के कई रिहायशी इलाकों में बम गिरे। स्थानीय इलाकों में मकान क्षतिग्रस्त हुए और आम नागरिकों को भी चोटें आईं। यह स्थिति इस बात की ओर इशारा करती है कि सैन्य कार्रवाई का असर सीधे तौर पर आम लोगों के जीवन पर पड़ा है।

कौन-कौन से ठिकाने बने निशाना
अमेरिका ने जिन प्रमुख ठिकानों को टारगेट करने का दावा किया है, उनमें ला कार्लोटा एयरबेस शामिल है। अमेरिका का कहना है कि यहीं से कथित नार्को नेटवर्क को संचालित किया जा रहा था। इसके अलावा पटो तियोना सैन्य बेस को भी निशाना बनाया गया। ये दोनों ठिकाने एक-दूसरे के आसपास स्थित बताए गए हैं।
कोस्टल इलाकों पर भी हमला
हमले में एंटीनास एल वोकॉन जैसे तटीय इलाकों को भी टारगेट किया गया। अमेरिका का दावा है कि इन क्षेत्रों से कथित कमांड एंड कंट्रोल सेंटर संचालित हो रहे थे। इसके साथ ही पोर्टोला गोरा को भी महत्वपूर्ण मानते हुए निशाना बनाया गया, जहां से शिपिंग और बोट गतिविधियों की बात कही गई।
निशाने पर आर्मी कमांड सिस्टम
इस पूरे ऑपरेशन का मकसद वेनेजुएला की आर्मी के कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम को कमजोर करना बताया गया। हालांकि, इस कार्रवाई में रिहायशी इलाकों को नुकसान पहुंचने से मानवीय संकट गहराता नजर आ रहा है।

तेल के खेल से जुड़ा बड़ा संकेत
हमले के बीच साउथ अमेरिका के तेल भंडार की तस्वीर भी सामने रखी गई। वेनेजुएला के पास करीब 303 अरब बैरल तेल भंडार बताया गया है, जो उसे दुनिया के सबसे बड़े तेल भंडार वाले देशों में खड़ा करता है। तुलना में ब्राजील, अर्जेंटीना, कोलंबिया और मैक्सिको जैसे देशों के भंडार इससे कहीं कम बताए गए हैं। इस पूरे घटनाक्रम में तेल और ऊर्जा संसाधनों की भूमिका को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
मानवीय असर और बढ़ती चिंता
रिहायशी इलाकों में हुए नुकसान ने आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा कर दी है। घायल नागरिकों और तबाह हुए घरों की तस्वीरें इस संघर्ष की मानवीय कीमत को साफ दिखाती हैं।
जानें पूरा मामला
अमेरिका ने वेनेजुएला में 90 मिनट तक चले ऑपरेशन में कई सैन्य और रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाने का दावा किया है। इस दौरान आर्मी कमांड सेंटर, एयरबेस, तटीय इलाके और पोर्ट क्षेत्र टारगेट किए गए। लेकिन इस कार्रवाई में रिहायशी इलाकों को भी नुकसान पहुंचा, जिससे नागरिक हताहत हुए और बड़े पैमाने पर तबाही देखने को मिली।

मुख्य बातें (Key Points)
- अमेरिकी हमले में वेनेजुएला के रिहायशी इलाकों को नुकसान
- 90 मिनट के ऑपरेशन में सैन्य ठिकाने और पोर्ट क्षेत्र निशाने पर
- 40 से ज्यादा मौतों और कई नागरिकों के घायल होने की खबर
- वेनेजुएला के विशाल तेल भंडार को लेकर भी चर्चा तेज








