UGC Act Controversy: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के नए भेदभाव विरोधी नियमों को लेकर पूरे देश में जमकर बवाल मचा हुआ है। उत्तर प्रदेश से लेकर राजधानी दिल्ली और बिहार तक लोग सड़कों पर उतरकर इसका विरोध कर रहे हैं। अब यह मामला सुप्रीम कोर्ट में पहुंच गया है जहां आज इस पर अहम सुनवाई होने वाली है।
CJI सूर्यकांत की पीठ करेगी सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट के अनुसार मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ इस मामले में सुनवाई करेगी। यूजीसी के नए नियमों को चुनौती देने वाली जनहित याचिका पर तत्काल सुनवाई के लिए अदालत ने पहले ही सहमति जता दी थी।
याचिका में क्या आरोप लगाए गए हैं?
याचिका में आरोप लगाया गया है कि आयोग ने जाति आधारित भेदभाव की एक गैर-समावेशी परिभाषा अपनाई है और कुछ वर्गों को संस्थागत सुरक्षा से बाहर रखा गया है। याचिकाकर्ता के वकील ने कहा कि इन नियमों से सामान्य वर्ग के खिलाफ भेदभाव की आशंका है।
इस पर मुख्य न्यायाधीश ने कहा, “हमें पता है कि क्या चल रहा है। सुनिश्चित करें कि कमियां दूर हो जाएं। हम इसे सूचीबद्ध करेंगे।”
क्या हैं नए नियम?
13 जनवरी को अधिसूचित नए नियमों में सभी उच्च शिक्षा संस्थानों को समानता समितियों का गठन करने का निर्देश दिया गया है। ये समितियां भेदभाव की शिकायतों की जांच करेंगी और समानता को बढ़ावा देंगी। यूजीसी नियम 2026 के अनुसार इन समितियों में ओबीसी, एससी, एसटी, विकलांग व्यक्तियों और महिला सदस्य को शामिल करना अनिवार्य है। ये नए नियम यूजीसी 2012 के नियमों को प्रतिस्थापित करते हैं।
सामान्य वर्ग को क्यों है आपत्ति?
याचिका में आरोप है कि इसमें जाति आधारित भेदभाव को केवल अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़े वर्गों के खिलाफ परिभाषित किया गया है। यूजीसी ने सामान्य या गैर-आरक्षित श्रेणियों के लोगों को संस्थागत सुरक्षा और शिकायत निवारण से प्रभावी ढंग से वंचित कर दिया है। इन लोगों को भी उनकी जाति पहचान के आधार पर उत्पीड़न या भेदभाव का सामना करना पड़ सकता है।
मौलिक अधिकारों के उल्लंघन का आरोप
याचिका में कहा गया है कि ये नियम संविधान के अनुच्छेद 14 के तहत प्रदत्त मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करते हैं जो सभी नागरिकों को कानून के समक्ष समानता की गारंटी देता है।
देशभर में चल रहा विरोध प्रदर्शन
इन नियमों के खिलाफ अलग-अलग जगहों पर विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। छात्र समूह और अलग-अलग संगठन इन्हें तत्काल वापस लेने की मांग कर रहे हैं। अब यह मामला सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के लिए पहुंच चुका है और सभी की निगाहें अदालत के फैसले पर टिकी हैं।
मुख्य बातें (Key Points)
- UGC के नए भेदभाव विरोधी नियमों को चुनौती देने वाली याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।
- CJI जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ मामले की सुनवाई करेगी।
- याचिका में आरोप है कि नए नियम सामान्य वर्ग के खिलाफ भेदभावपूर्ण हैं और अनुच्छेद 14 का उल्लंघन करते हैं।
- उत्तर प्रदेश, दिल्ली और बिहार समेत देशभर में इन नियमों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन जारी है।








