Dr Ramvilas Vedanti Dies – राम जन्मभूमि आंदोलन के प्रमुख स्तंभों में से एक और पूर्व सांसद डॉ. रामविलास दास वेदांती का सोमवार को निधन हो गया। 67 वर्षीय वेदांती ने मध्य प्रदेश के रीवा में अंतिम सांस ली। उनका जाना सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक जगत के लिए एक बड़ी क्षति मानी जा रही है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
डॉ. रामविलास वेदांती पिछले दो दिनों से रीवा के एक सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती थे। वे 10 दिसंबर को दिल्ली से रीवा पहुंचे थे, जहां उनकी रामकथा चल रही थी। इसी कथा के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
अंतिम पलों में साथ नहीं दिया मौसम ने
सोमवार की सुबह उनकी हालत और गंभीर हो गई थी। उनकी बिगड़ती सेहत को देखते हुए मध्य प्रदेश के डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने उन्हें एयरलिफ्ट करके भोपाल एम्स ले जाने की तैयारी की थी। इसके लिए एक एयर एंबुलेंस भी बुलाई गई थी। लेकिन, किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। मौसम की खराबी और घने कोहरे की वजह से एयर एंबुलेंस को लैंडिंग की परमिशन नहीं मिल पाई।
इस कारण उन्हें एयरलिफ्ट कर एम्स नहीं ले जाया जा सका और आखिरकार रीवा में ही इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। यह खबर आते ही उनके अनुयायियों और संत समाज में शोक की लहर दौड़ गई।
अयोध्या से दिल्ली और फिर रीवा का सफर
डॉ. वेदांती 7 दिसंबर को अयोध्या से दिल्ली गए थे, जहां उन्होंने विश्व हिंदू परिषद (VHP) के केंद्रीय मार्गदर्शन मंडल की बैठक में हिस्सा लिया था। इसके बाद 10 दिसंबर को वे रामकथा के लिए दिल्ली से रीवा पहुंचे थे, जहां यह दुखद घटना घटी।
सीएम योगी ने जताया गहरा दुख
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डॉ. वेदांती के निधन को एक युग का अंत बताया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक भावुक पोस्ट लिखते हुए कहा, “श्री राम जन्मभूमि आंदोलन के प्रमुख स्तंभ, पूर्व सांसद और अयोध्या धाम स्थित वशिष्ठ आश्रम के पूज्य संत डॉ. रामविलास वेदांती जी महाराज का गोलोक गमन आध्यात्मिक जगत और सनातन संस्कृति के लिए अपूरणीय क्षति है।”
सीएम योगी ने आगे लिखा, “धर्म, समाज और राष्ट्र की सेवा को समर्पित उनका त्यागमय जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा है। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें और शोक संतप्त शिष्यों और अनुयायियों को यह असीम दुख सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ओम शांति।”
मुख्य बातें (Key Points)
राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख संत और पूर्व सांसद डॉ. रामविलास वेदांती का 67 वर्ष की आयु में निधन।
मध्य प्रदेश के रीवा में रामकथा के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई थी।
खराब मौसम और कोहरे के कारण एयर एंबुलेंस को लैंडिंग की इजाजत नहीं मिली, जिससे उन्हें एयरलिफ्ट नहीं किया जा सका।
यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने उनके निधन को आध्यात्मिक जगत के लिए एक बड़ी क्षति बताया है।








