Sikh History : पंजाब राज्य जंगली जीव बोर्ड की स्टैंडिंग कमेटी ने आज एक ऐतिहासिक फैसला लेते हुए रूपनगर जिले की झज्जर-बचौली जंगली जीव सैंक्चुअरी का नाम नौवें सिख गुरु श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी के नाम पर रखने की मंजूरी दे दी है। इसके बाद इस सैंक्चुअरी को श्री गुरु तेग बहादुर जंगली जीव सैंक्चुअरी के रूप में जाना जाएगा।
मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए जंगलात एवं जंगली जीव सुरक्षा मंत्री लाल चंद कटारूचक्क ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी का 350वां शहीदी दिवस पिछले साल 25 नवंबर को श्री आनंदपुर साहिब में धार्मिक उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया गया था। कैबिनेट मंत्री हरजोत सिंह बैंस द्वारा झज्जर-बचौली जंगली जीव सैंक्चुअरी का नाम बदलकर श्री गुरु तेग बहादुर जी के नाम पर रखने की सिफारिश भेजी गई थी।
उल्लेखनीय है कि यह जंगली जीव सैंक्चुअरी तीन गांवों झज्जर, बचौली और लमलेहरी में 289 एकड़ क्षेत्र में फैली हुई है। इनमें से 218 एकड़ क्षेत्र झज्जर में, 55 एकड़ बचौली में और बाकी लमलेहरी में आता है। इसके अलावा, जंगली जीवों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए, जंगली जीव सुरक्षा अधिनियम, 1972 की धारा 18 (1) के अनुसार पूरे 289 एकड़ क्षेत्र को झज्जर-बचौली जंगली जीव सैंक्चुअरी घोषित किया गया था।
इस मौके पर अन्यों के अलावा जंगलात एवं जंगली जीव सुरक्षा विभाग के सचिव प्रियांक भारती, प्रमुख मुख्य वनपाल (जंगलात फोर्स के प्रमुख) धर्मिंदर शर्मा, चीफ वाइल्डलाइफ वार्डन बसंता राज कुमार और सी.सी.एफ. (जंगली जीव) सतिंदर सागर मौजूद थे।








