SAD Punjab Rally Plan : चंडीगढ़ में शुक्रवार को Shiromani Akali Dal ने बड़ा राजनीतिक फैसला लेते हुए घोषणा की कि पार्टी अगले महीने से पंजाब के सभी विधानसभा हलकों में रैलियों की श्रृंखला आयोजित करेगी। इन रैलियों के जरिए पार्टी पंजाबियों को राज्य के विकास में अकाली दल की ऐतिहासिक भूमिका और 2027 में सरकार बनने के बाद के विज़न से अवगत कराएगी। यह फैसला पार्टी अध्यक्ष Sukhbir Singh Badal की अध्यक्षता में हुई हलका इंचार्जों की बैठक में लिया गया।
बैठक में यह भी तय किया गया कि पार्टी का पूरा संगठनात्मक ढांचा 10 फरवरी तक तैयार कर लिया जाएगा, ताकि जमीनी स्तर पर राजनीतिक गतिविधियों को तेज किया जा सके।
विकास कार्यों को लेकर अकाली दल का दावा
बैठक की जानकारी देते हुए पार्टी के वरिष्ठ नेता Daljit Singh Cheema ने कहा कि अकाली दल सरकारों के दौरान पंजाब में अभूतपूर्व विकास कार्य हुए। उन्होंने कहा कि राज्य को बिजली सरप्लस बनाना, प्रमुख शहरों को चार लेन सड़कों से जोड़ना, नए थर्मल पावर प्लांट और हवाई अड्डों की स्थापना, साथ ही ग्रामीण बुनियादी ढांचे का कायाकल्प—ये सभी अकाली दल शासन की उपलब्धियां रही हैं।
कांग्रेस और AAP सरकारों पर सीधा हमला
डॉ. चीमा ने आरोप लगाया कि पिछली कांग्रेस सरकार और मौजूदा Aam Aadmi Party सरकार राज्य में एक भी नया बुनियादी ढांचा खड़ा करने में नाकाम रही हैं। उनके मुताबिक इसका सीधा नुकसान पंजाब के विकास और रोजगार के अवसरों पर पड़ा है। पार्टी का कहना है कि अब वह विकास और इंफ्रास्ट्रक्चर निर्माण के एक नए दौर की शुरुआत के लिए प्रतिबद्ध है।
जनआंदोलन और क्षेत्रीय पार्टी का संदेश
अकाली दल ने साफ किया कि रैलियों के दौरान वह पंजाबियों से अपनी क्षेत्रीय पार्टी का समर्थन करने की अपील करेगा और साथ ही आम आदमी पार्टी सरकार की “पंजाब विरोधी नीतियों” के खिलाफ जनआंदोलन भी शुरू करेगा। पार्टी नेतृत्व का दावा है कि उसका लक्ष्य राज्य को मौजूदा अराजकता से बाहर निकालना, शांति और सांप्रदायिक सद्भाव सुनिश्चित करना तथा युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने के लिए निवेश को पंजाब वापस लाना है।
संगठन विस्तार पर बड़ा फैसला
बैठक में यह भी तय हुआ कि 10 फरवरी तक बूथ स्तर की कमेटियों का गठन पूरा कर लिया जाएगा। इसके साथ ही यूथ अकाली दल, स्त्री अकाली दल, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग और व्यापार विंग का पुनर्गठन किया जाएगा। हाल ही में हुए ब्लॉक कमेटी और जिला परिषद चुनावों में अहम भूमिका निभाने वाले नेताओं को संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां देने का निर्णय भी लिया गया।
पंचायतों और सेहत बीमा योजना पर आपत्ति
मीटिंग में पंचायतों पर ट्यूबवेल निगम के बकाया बिलों के भुगतान के लिए बनाए जा रहे दबाव पर कड़ी आपत्ति जताई गई। पार्टी ने कहा कि गांवों के विकास के लिए मिलने वाले केंद्रीय फंड का उपयोग बिजली बिल चुकाने के लिए नहीं किया जा सकता। इसके अलावा आम आदमी पार्टी सरकार की सेहत बीमा योजना को लेकर भी सवाल उठाए गए और इसे “घोषणाओं और डेटा कलेक्शन की राजनीति” बताया गया।
अन्य मुद्दों पर भी चर्चा
बैठक में पटना साहिब गुरुद्वारा बोर्ड के आगामी चुनावों में गैर-सिख मतदाताओं के पंजीकरण के तरीके की निंदा की गई। साथ ही दिल्ली की आप नेता Atishi द्वारा गुरु साहिबान को लेकर की गई टिप्पणी की स्वतंत्र जांच की मांग भी उठाई गई।
मुख्य बातें (Key Points)
- अकाली दल अगले महीने से सभी हलकों में रैलियां करेगा
- 10 फरवरी तक पूरा संगठनात्मक ढांचा तैयार होगा
- पार्टी ने विकास कार्यों को लेकर अपना रिकॉर्ड गिनाया
- AAP सरकार की नीतियों के खिलाफ जनआंदोलन का ऐलान
- पंचायत, सेहत बीमा और गुरुद्वारा चुनावों पर कड़ा रुख








