Punjab Vigilance Bureau ने भ्रष्टाचार के खिलाफ अपने अभियान के तहत एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए PSPCL के सब डिवीजनल ऑफिसर (SDO) हरदीप सिंह को ₹10,000 की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। हरदीप सिंह PSPCL ऑफिस, सब डिवीजन कूप कलां, जिला मालेरकोटला में पदस्थ थे। यह कार्रवाई 2 अप्रैल 2026 को पटियाला रेंज की विजिलेंस ब्यूरो टीम द्वारा शिकायत के आधार पर ट्रैप लगाकर की गई।
‘अनाधिकृत मीटर जारी रखने के बदले मांगी रिश्वत’
Punjab Vigilance Bureau के प्रवक्ता ने बताया कि यह गिरफ्तारी मालेरकोटला जिले के गांव भोगीवाल के एक निवासी की शिकायत पर हुई है। शिकायतकर्ता ने बताया कि आरोपी SDO हरदीप सिंह ने उनके घर का निरीक्षण किया और कहा कि घर में अनाधिकृत बिजली मीटर लगे हुए हैं। इसके बाद आरोपी SDO ने इन बिजली मीटरों को जारी रखने के एवज में ₹10,000 की रिश्वत मांगी।
शिकायतकर्ता ने बड़ी सूझबूझ दिखाते हुए SDO की रिश्वत मांगने की पूरी बातचीत को रिकॉर्ड कर लिया। यह रिकॉर्डिंग शिकायत के साथ विजिलेंस ब्यूरो को सौंपी गई, जिसने मामले की प्रारंभिक जांच की पुष्टि की।
‘ट्रैप में फंसे SDO, दो गवाहों की मौजूदगी में पकड़े गए’
Punjab Vigilance Bureau पटियाला रेंज ने शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद ट्रैप लगाया। इस दौरान आरोपी SDO हरदीप सिंह को दो आधिकारिक गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से ₹10,000 की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) के तहत विजिलेंस ब्यूरो थाना पटियाला में मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।
यह कार्रवाई पंजाब सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति का हिस्सा है। आम नागरिकों के लिए यह संदेश है कि अगर कोई सरकारी अधिकारी रिश्वत मांगता है तो बातचीत रिकॉर्ड करके विजिलेंस ब्यूरो से शिकायत की जा सकती है और कार्रवाई सुनिश्चित होगी।
मुख्य बातें (Key Points)
- Punjab Vigilance Bureau ने मालेरकोटला में PSPCL SDO हरदीप सिंह को ₹10,000 रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया।
- शिकायतकर्ता ने SDO की रिश्वत मांगने की बातचीत रिकॉर्ड कर विजिलेंस ब्यूरो को शिकायत की।
- दो गवाहों की मौजूदगी में ट्रैप लगाकर गिरफ्तारी, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत FIR दर्ज।













