Punjab Drug Crackdown : पंजाब में नशों के खिलाफ चल रही जंग ने एक बार फिर बड़ा मोड़ लिया है। 3 जनवरी को राज्यभर में की गई व्यापक कार्रवाई में पंजाब पुलिस ने 119 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई चंडीगढ़ से लेकर पूरे प्रदेश में एक साथ की गई, जहां 347 स्थानों पर छापेमारी कर 2.2 किलो हेरोइन समेत बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थ बरामद किए गए।
यह ऑपरेशन मुख्यमंत्री Bhagwant Singh Mann की अगुवाई में चल रही नशा विरोधी मुहिम ‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ के तहत किया गया। अभियान के लगातार 308वें दिन की इस कार्रवाई ने राज्य में नशा तस्करों के नेटवर्क को बड़ा झटका दिया है।
राज्यभर में एक साथ छापेमारी
पंजाब पुलिस की 120 से अधिक टीमों ने 74 गजटिड अधिकारियों की निगरानी में यह अभियान चलाया। करीब 1000 से ज्यादा पुलिस कर्मियों ने दिनभर ऑपरेशन को अंजाम दिया। इस दौरान 355 संदिग्ध व्यक्तियों की जांच भी की गई और 103 एफआईआर दर्ज की गईं।
हेरोइन, नशीली गोलियां और ड्रग मनी बरामद
छापेमारी के दौरान तस्करों के कब्जे से 2.2 किलो हेरोइन, 595 नशीली गोलियां और कैप्सूल के साथ 17,620 रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई। पुलिस के अनुसार, यह बरामदगी नशा तस्करी की गहरी जड़ों की ओर इशारा करती है।

308 दिनों में 43,095 तस्कर गिरफ्तार
‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ अभियान के तहत अब तक कुल 43,095 नशा तस्करों की गिरफ्तारी हो चुकी है। यह आंकड़ा बताता है कि राज्य सरकार नशों के खिलाफ किसी भी तरह की ढील देने के मूड में नहीं है।
तीन-आयामी रणनीति पर काम
पंजाब सरकार ने नशों के खात्मे के लिए इन्फोर्समेंट, डी-एडिक्शन और प्रीवेंशन की तीन-आयामी रणनीति लागू की है। इसी के तहत आज 46 लोगों को नशा मुक्ति और पुनर्वास के इलाज के लिए राजी किया गया।
कैबिनेट स्तर पर निगरानी
नशा विरोधी अभियान की निगरानी के लिए वित्त मंत्री Harpal Singh Cheema की अध्यक्षता में 5 सदस्यीय कैबिनेट सब-कमेटी बनाई गई है, जो पूरे अभियान पर लगातार नजर रख रही है।

आम जनता पर असर
इस कार्रवाई से न सिर्फ नशा तस्करों में खौफ पैदा हुआ है, बल्कि आम लोगों में भी भरोसा बढ़ा है कि सरकार और पुलिस मिलकर नशे के खिलाफ सख्ती से लड़ रही है। नशा मुक्ति के लिए आगे आए लोगों की संख्या इस बात का संकेत है कि समाज में बदलाव की शुरुआत हो चुकी है।
क्या है पृष्ठभूमि
पंजाब लंबे समय से नशे की समस्या से जूझता रहा है। इसी को देखते हुए राज्य सरकार ने ‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ अभियान की शुरुआत की थी, जिसका मकसद सिर्फ तस्करों को पकड़ना नहीं, बल्कि युवाओं को नशे से बाहर निकालना भी है।
मुख्य बातें (Key Points)
- 308वें दिन 119 नशा तस्कर गिरफ्तार
- 2.2 किलो हेरोइन और नशीली गोलियां बरामद
- 347 जगहों पर एक साथ छापेमारी
- अब तक 43,095 तस्करों की गिरफ्तारी
- 46 लोगों को नशा मुक्ति इलाज के लिए तैयार किया गया








