NMDC Coal Mining Start: NMDC ने 23 जनवरी 2026 को Jharkhand के हजारीबाग जिले में स्थित Tokisud North Coal Mine में कोयला खनन कार्यों की औपचारिक शुरुआत कर दी। इस कदम के साथ ही NMDC ने लौह अयस्क से आगे बढ़ते हुए कोयला खनन क्षेत्र में प्रवेश किया है। यह पहल कंपनी के रणनीतिक विविधीकरण की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर मानी जा रही है, जिससे पूर्वी भारत में NMDC की औद्योगिक मौजूदगी और मजबूत हुई है।
Tokisud North Coal Mine की शुरुआत ऐसे समय में हुई है, जब देश में ऊर्जा सुरक्षा, घरेलू कोयला उपलब्धता और आत्मनिर्भरता पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इस खदान के चालू होने से बिजली क्षेत्र को समर्थन मिलने और आयात पर निर्भरता कम होने की उम्मीद है।
लौह अयस्क से आगे बढ़कर कोयला क्षेत्र में कदम
Tokisud North परियोजना NMDC की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसके तहत कंपनी लौह अयस्क खनन, हीरा खनन और विदेशी स्वर्ण परियोजनाओं के साथ-साथ अब कोयला जैसे रणनीतिक संसाधनों में भी अपनी भूमिका बढ़ा रही है। कोयला खनन क्षमता के विस्तार से घरेलू आपूर्ति मजबूत होगी और ऊर्जा क्षेत्र को दीर्घकालिक स्थिरता मिलेगी।
प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर खनिज दृष्टिकोण से जुड़ा कदम
NMDC का यह रणनीतिक विस्तार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा खनिज आत्मनिर्भरता पर दिए गए राष्ट्रीय दृष्टिकोण के अनुरूप माना जा रहा है। 15 अगस्त 2025 को अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने महत्वपूर्ण खनिजों में आत्मनिर्भरता को ऊर्जा, उद्योग और रक्षा क्षेत्रों के लिए आवश्यक बताया था और राष्ट्रीय महत्वपूर्ण खनिज मिशन का उल्लेख किया था।
केंद्रीय मंत्री ने बताया क्यों जरूरी है विविधीकरण
केंद्रीय इस्पात एवं भारी उद्योग मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने NMDC के इस कदम को भविष्य के लिए आवश्यक बताते हुए कहा कि कंपनी को एकल खनिज पर निर्भर रहने के बजाय कोयला और अन्य रणनीतिक संसाधनों में विस्तार करना चाहिए। उनके अनुसार, यह विविधीकरण भारत की संसाधन सुरक्षा और दीर्घकालिक आर्थिक स्थिरता को मजबूत करेगा।
ग्रीनफील्ड खनन में NMDC की क्षमता
Tokisud North परियोजना बड़े पैमाने पर ग्रीनफील्ड खनन परियोजनाओं के विकास और संचालन में NMDC की सिद्ध विशेषज्ञता को दर्शाती है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि खदान में सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय समुदायों की भागीदारी के उच्चतम मानकों का पालन किया जाएगा।
स्थानीय रोजगार और क्षेत्रीय विकास को मिलेगा बढ़ावा
इस कोयला खदान से झारखंड में रोजगार सृजन, अवसंरचना विकास और आसपास के क्षेत्रों में सामाजिक-आर्थिक गतिविधियों के विस्तार की उम्मीद है। इससे न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी, बल्कि रणनीतिक खनिज विविधीकरण के जरिए राष्ट्रीय विकास में NMDC की भूमिका और सशक्त होगी।
विश्लेषण
Tokisud North Coal Mine की शुरुआत यह संकेत देती है कि NMDC अब केवल लौह अयस्क उत्पादक कंपनी नहीं रहना चाहती, बल्कि वह ऊर्जा और रणनीतिक संसाधनों के क्षेत्र में एक बहुआयामी सार्वजनिक उपक्रम के रूप में खुद को स्थापित कर रही है। ऐसे समय में, जब देश ऊर्जा सुरक्षा और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रहा है, NMDC का कोयला क्षेत्र में प्रवेश नीतिगत और आर्थिक दोनों दृष्टि से अहम माना जा रहा है।
मुख्य बातें (Key Points)
- Jharkhand के Tokisud North में NMDC ने कोयला खनन शुरू किया
- लौह अयस्क से आगे बढ़कर कोयला क्षेत्र में रणनीतिक प्रवेश
- घरेलू कोयला उपलब्धता और ऊर्जा सुरक्षा को मिलेगा समर्थन
- झारखंड में रोजगार और क्षेत्रीय विकास की उम्मीद








