Monalisa Film की चर्चा के बीच प्रयागराज पहुंचीं मोनालिसा ने बड़ा फैसला लिया है। महाकुंभ में माला बेचने वाली यह वायरल लड़की अब फिल्म इंडस्ट्री में तेजी से पहचान बना रही हैं। अपनी पहली हिंदी फिल्म The Diary of Manipur के लॉन्च के दौरान वह भावुक हो गईं और ऐलान किया कि फिल्म की कमाई से मध्य प्रदेश के खरगोन जैसे इलाकों में लड़कियों के लिए स्कूल खोलेंगी।
उन्होंने कहा कि शिक्षा की कमी देखकर उनका मन बदल गया और अब वह चाहती हैं कि बच्चियां अशिक्षित न रहें, बल्कि समाज की मुख्यधारा से जुड़ें।
महाकुंभ से फिल्मों तक का सफर
प्रयागराज के महाकुंभ में माला बेचने का उनका सफर आज प्रेरणा की कहानी बन चुका है। मोनालिसा ने कहा कि उन्होंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि वह फिल्म इंडस्ट्री तक पहुंच जाएंगी।
मंगलवार को वह प्रयागराज लौटीं और मां गंगा का आशीर्वाद लिया। उन्होंने कहा कि उनकी जिंदगी में जो बदलाव आया, वह ईश्वर की कृपा और मेहनत का परिणाम है।
फिल्म लॉन्च पर भावुक हुईं मोनालिसा
‘The Diary of Manipur’ के ट्रेलर लॉन्च के दौरान मोनालिसा ने कहा कि फिल्मी दुनिया और उनकी पुरानी जिंदगी में उनके लिए कोई फर्क नहीं है। दोनों ही उनके लिए सुंदर अनुभव हैं।
फिल्म मेकर Sanoj Mishra की इस फिल्म से उन्होंने अभिनय की दुनिया में कदम रखा है। ट्रेलर में वह Amit Rao के साथ नजर आ रही हैं और एक बेफिक्र लड़की के किरदार में दिखाई देती हैं, जो बाद में मणिपुर की राजनीति में उलझ जाती है।
तीन फिल्मों में व्यस्त
मोनालिसा इस समय तीन फिल्मों में काम कर रही हैं। इनमें दो तेलुगु फिल्में और एक हिंदी फिल्म शामिल है। तेजी से मिल रहे अवसरों ने उन्हें नई पहचान दी है, लेकिन वह अपनी जड़ों को नहीं भूलीं।
उनका कहना है कि वह अपनी पहली फिल्म की कमाई को समाज के काम में लगाना चाहती हैं। खासतौर पर उन इलाकों में, जहां लड़कियों की शिक्षा अब भी बड़ी चुनौती है।
लड़कियों की शिक्षा को लेकर बड़ा संकल्प
मोनालिसा ने कहा कि मध्य प्रदेश के खरगोन जैसे क्षेत्रों में शिक्षा की कमी उन्हें अंदर तक झकझोरती है। वह चाहती हैं कि वहां लड़कियों के लिए एक स्कूल खोला जाए, ताकि वे पढ़-लिखकर आत्मनिर्भर बन सकें।
उनका मानना है कि अगर एक लड़की शिक्षित होती है तो पूरा परिवार और समाज आगे बढ़ता है।
प्रेरणा की कहानी
महाकुंभ में माला बेचने वाली एक साधारण लड़की का फिल्म इंडस्ट्री तक पहुंचना आज चर्चा का विषय है। उनकी कहानी यह बताती है कि मेहनत और अवसर मिलकर किसी की भी जिंदगी बदल सकते हैं।
प्रयागराज में ट्रेलर लॉन्च करना उनके लिए खास रहा, क्योंकि यहीं से उनकी पहचान बनी थी।
विश्लेषण: लोकप्रियता से जिम्मेदारी तक
मोनालिसा का यह फैसला सिर्फ एक भावनात्मक बयान नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी का संकेत है। अगर उनकी योजना जमीन पर उतरती है तो यह कई लड़कियों के जीवन में बदलाव ला सकती है।
फिल्मी सफलता के साथ सामाजिक सोच जुड़ जाए, तो वह कहानी सिर्फ मनोरंजन नहीं, प्रेरणा बन जाती है।
मुख्य बातें (Key Points)
- महाकुंभ में माला बेचने वाली मोनालिसा अब फिल्म इंडस्ट्री में सक्रिय।
- ‘The Diary of Manipur’ से हिंदी फिल्मों में डेब्यू।
- पहली फिल्म की कमाई से खरगोन में लड़कियों के लिए स्कूल खोलने का ऐलान।
- इस समय तीन फिल्मों में काम कर रहीं।








