Maharashtra Blast Republic Day : गणतंत्र दिवस के मौके पर महाराष्ट्र के मालेगांव में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब पुलिस परेड ग्राउंड के पास अचानक जोरदार धमाका हो गया। यह घटना सोमवार 26 जनवरी की सुबह उस समय हुई, जब रिपब्लिक डे का झंडारोहण कार्यक्रम चल रहा था। हादसे में पांच लोग गंभीर रूप से झुलस गए, जिनमें दो महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं। शुरुआती जांच में धमाके की वजह गुब्बारे बेचने वाले के नाइट्रोजन गैस सिलेंडर का फटना बताई गई है।
Malegaon Blast Lede : महाराष्ट्र के मालेगांव में गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान पुलिस परेड ग्राउंड से करीब 100 मीटर की दूरी पर एक नाइट्रोजन गैस सिलेंडर फट गया। धमाका इतना तेज था कि उसकी आवाज दूर तक सुनाई दी और मौके पर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। हादसे में पांच लोग गंभीर रूप से झुलस गए, जिनमें से दो की हालत नाजुक बताई जा रही है।
परेड ग्राउंड के पास कैसे हुआ धमाका
घटना के वक्त पुलिस परेड ग्राउंड में गणतंत्र दिवस का कार्यक्रम चल रहा था। इस कार्यक्रम में अतिरिक्त जिला कलेक्टर, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, स्कूली छात्र और बड़ी संख्या में आम नागरिक मौजूद थे। इसी दौरान पास में एक गुब्बारे बेचने वाला व्यक्ति गुब्बारों में नाइट्रोजन गैस भर रहा था। अचानक सिलेंडर फट गया और तेज विस्फोट हो गया।
धमाके से फैली दहशत
विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई। लोग कुछ देर के लिए समझ ही नहीं पाए कि यह हादसा है या कोई बड़ी साजिश। चूंकि यह घटना राष्ट्रीय पर्व के दौरान हुई, इसलिए सुरक्षा एजेंसियां तुरंत अलर्ट हो गईं।
घायलों की पहचान और हालत
इस हादसे में जिन पांच लोगों के घायल होने की पुष्टि हुई है, उनकी पहचान विनोद थोरात, मोहित यादव, अतुल शिवाले, प्रमिला यादव और उज्ज्वला महाजन के रूप में हुई है। सभी को तुरंत स्थानीय निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इनमें से दो घायलों की हालत बेहद गंभीर होने के कारण उन्हें बेहतर इलाज के लिए नासिक रेफर किया गया है।
पुलिस की शुरुआती जांच में क्या सामने आया
पुलिस के अनुसार, फिलहाल यह स्पष्ट है कि धमाका किसी आतंकी साजिश का हिस्सा नहीं था, बल्कि यह एक हादसा था। शुरुआती जांच में नाइट्रोजन गैस सिलेंडर के फटने को ही विस्फोट की वजह माना जा रहा है। हालांकि, सिलेंडर की गुणवत्ता, सुरक्षा मानकों और अनुमति से जुड़े पहलुओं की जांच की जा रही है।
गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
राष्ट्रीय पर्व के दौरान हुए इस हादसे ने सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आम तौर पर ऐसे आयोजनों में कड़े सुरक्षा इंतजाम होते हैं, लेकिन खुले तौर पर गैस सिलेंडर का इस्तेमाल कैसे हो रहा था, इस पर प्रशासन को जवाब देना होगा।
आम लोगों पर असर
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में डर का माहौल है। त्योहार और राष्ट्रीय आयोजनों के दौरान सड़क किनारे लगने वाले अस्थायी कारोबार और गैस सिलेंडरों के इस्तेमाल को लेकर अब और सख्ती की मांग उठने लगी है।
क्या है पृष्ठभूमि
मालेगांव जैसे घनी आबादी वाले शहर में बड़े सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान अस्थायी दुकानदारों की मौजूदगी आम बात है। लेकिन इस हादसे ने यह साफ कर दिया है कि थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े नुकसान का कारण बन सकती है, खासकर तब जब मामला गैस सिलेंडर जैसे खतरनाक उपकरणों से जुड़ा हो।
मुख्य बातें (Key Points)
- गणतंत्र दिवस पर मालेगांव में बड़ा धमाका।
- नाइट्रोजन गैस सिलेंडर फटने से हादसा।
- पांच लोग गंभीर रूप से झुलसे, दो की हालत नाजुक।
- पुलिस परेड ग्राउंड के पास हुई घटना से मची अफरा-तफरी।








