Cheque Bounce Case : उत्तराखंड में चेक बाउंस के लंबित मामलों को लेकर बड़ी न्यायिक पहल सामने आई है। Uttarakhand High Court ने चेक बाउंस मामलों की प्रक्रिया को आसान और तेज करने के लिए डिजिटल समन की अनुमति दे दी है। अब ऐसे मामलों में समन WhatsApp और ईमेल के जरिए भेजा जाएगा।

लंबित मामलों को तेज निपटाने की कोशिश
चेक बाउंस से जुड़े मामलों की संख्या लंबे समय से अदालतों पर बोझ बनी हुई है। इन्हीं पेंडिंग मामलों को देखते हुए हाई कोर्ट ने प्रक्रिया को सरल बनाने की दिशा में यह अहम कदम उठाया है, ताकि समन भेजने में होने वाली देरी को कम किया जा सके।
अब डिजिटल माध्यम से पहुंचेगा समन
हाई कोर्ट के फैसले के बाद चेक बाउंस केस में समन भेजने की पारंपरिक प्रक्रिया बदलेगी। अब संबंधित पक्ष को समन WhatsApp और ईमेल के माध्यम से भेजा जाएगा, जिससे समय की बचत होगी और प्रक्रिया ज्यादा प्रभावी बनेगी।

न्यायिक प्रक्रिया में तकनीक का इस्तेमाल
डिजिटल समन की अनुमति देकर अदालत ने यह साफ किया है कि न्यायिक कामकाज को तेज करने के लिए तकनीक को अपनाया जा रहा है। इससे न सिर्फ अदालतों का बोझ कम होगा, बल्कि मामलों की सुनवाई भी समय पर हो सकेगी।
आम लोगों पर क्या असर पड़ेगा
इस फैसले से चेक बाउंस मामलों में फंसे आम लोगों को राहत मिल सकती है। समन समय पर मिलने से केस की कार्यवाही आगे बढ़ेगी और अनावश्यक तारीखों से बचा जा सकेगा।

जानें पूरा मामला
उत्तराखंड हाई कोर्ट ने चेक बाउंस के लंबित मामलों को ध्यान में रखते हुए डिजिटल समन की इजाजत दी है। अब ऐसे मामलों में समन WhatsApp और ईमेल के जरिए भेजा जाएगा, जिससे प्रक्रिया को आसान और तेज किया जा सके।
मुख्य बातें (Key Points)
- उत्तराखंड हाई कोर्ट का बड़ा फैसला
- चेक बाउंस मामलों में डिजिटल समन की अनुमति
- WhatsApp और ईमेल से भेजा जाएगा समन
- प्रक्रिया आसान और तेज करने की दिशा में कदम








