Amritsar Heroin Seized मामले में पंजाब पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस (CI) अमृतसर ने 25 मार्च को एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए नशीले पदार्थों की तस्करी करने वाले एक खतरनाक मॉड्यूल का पर्दाफाश कर दिया। इस ऑपरेशन में दो तस्करों को 7 किलोग्राम हेरोइन समेत गिरफ्तार किया गया है। यह जानकारी डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (DGP) पंजाब गौरव यादव ने खुद दी। DGP ने बताया कि गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी हेरोइन की खेप की डिलीवरी में सक्रिय रूप से शामिल थे और संभावित तौर पर इस क्षेत्र में काम कर रहे नशीले पदार्थों के एक व्यापक नेटवर्क का हिस्सा हैं।
कौन हैं गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी
Amritsar Heroin Seized मामले में गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों की पहचान इंदरजीत सिंह निवासी कलसियां खुर्द, तरनतारन और रविंदर शर्मा निवासी गुरबख्श नगर, नवां कोट, अमृतसर के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपी लंबे समय से हेरोइन की तस्करी में सक्रिय थे और इस इलाके में ड्रग्स की सप्लाई चेन का अहम हिस्सा बने हुए थे। गिरफ्तारी के बाद पुलिस इनके ऊपर और नीचे के कनेक्शन यानी सप्लायर और खरीदारों की पहचान करने के लिए गहन पूछताछ कर रही है।
कैसे हुआ पूरा ऑपरेशन: खुफिया सूचना से लेकर गिरफ्तारी तक
DGP गौरव यादव ने Amritsar Heroin Seized ऑपरेशन की पूरी कहानी बताते हुए कहा कि काउंटर इंटेलिजेंस अमृतसर की टीमों को एक खास खुफिया सूचना मिली थी। सूचना में बताया गया था कि संदिग्ध इंदरजीत सिंह और रविंदर शर्मा हेरोइन की एक बड़ी खेप की डिलीवरी के लिए अमृतसर से झबाल रोड, अड्डा बोहड़ू के नजदीक स्थित इलाके में, दरिया के साथ लगते रास्ते पर आ रहे हैं।
खुफिया सूचना मिलते ही पुलिस टीमों ने तुरंत कार्रवाई की। इलाके के चारों तरफ नाकेबंदी लगा दी गई और दोनों संदिग्धों को घेरकर गिरफ्तार कर लिया गया। पूरा ऑपरेशन इतनी तेजी और सटीकता से अंजाम दिया गया कि आरोपियों को भागने या सबूत नष्ट करने का कोई मौका नहीं मिला।
कार की सीट के नीचे छिपाई थी 4 किलो हेरोइन
Amritsar Heroin Seized मामले में सबसे अहम बात यह रही कि तस्कर बेहद शातिर तरीके से हेरोइन छिपाकर ले जा रहे थे। तलाशी के दौरान इंदरजीत सिंह की मारुति सुजुकी ब्रेजा कार (रजिस्ट्रेशन नंबर PB39L7651) की ड्राइवर सीट के नीचे से 4 किलोग्राम हेरोइन बरामद की गई। वहीं दूसरे आरोपी रविंदर शर्मा के पास से 3 किलोग्राम हेरोइन बरामद हुई।
इसके अलावा पुलिस ने एक हीरो पैशन मोटरसाइकिल (रजिस्ट्रेशन नंबर PB02BU2253) भी जब्त की है, जिसका इस्तेमाल नशीले पदार्थों की खेप की डिलीवरी के लिए किया जाता था। यानी ये तस्कर कार और बाइक दोनों का इस्तेमाल करके ड्रग्स की सप्लाई कर रहे थे, ताकि पकड़े जाने की संभावना कम रहे।
NDPS एक्ट की सख्त धाराओं में दर्ज हुई FIR
Amritsar Heroin Seized मामले में कानूनी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने FIR नंबर 19 दिनांक 25 मार्च 2026 को थाना स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल, अमृतसर में NDPS एक्ट की धारा 21, 25 और 29 के तहत दर्ज की है।
NDPS एक्ट की धारा 21 नशीले पदार्थों के कब्जे और बिक्री से संबंधित है, धारा 25 तस्करी के लिए इस्तेमाल की गई संपत्ति की जब्ती से जुड़ी है और धारा 29 आपराधिक षड्यंत्र से संबंधित है। 7 किलोग्राम हेरोइन की मात्रा को देखते हुए यह “कमर्शियल क्वांटिटी” की श्रेणी में आती है, जिसमें दोषी पाए जाने पर 10 साल से लेकर 20 साल तक की सख्त सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान की नशा मुक्त पंजाब मुहिम को मिली मजबूती
यह सफल ऑपरेशन मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के दिशा-निर्देशों के तहत पंजाब को नशा मुक्त सूबा बनाने की चल रही मुहिम का हिस्सा है। पंजाब सरकार ने सत्ता में आने के बाद से ही नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है और काउंटर इंटेलिजेंस, STF समेत तमाम एजेंसियां इस मुहिम में लगातार सक्रिय हैं।
DGP गौरव यादव ने स्पष्ट किया कि इस मामले में आगे-पीछे के सभी कनेक्शन स्थापित करने के लिए जांच जारी है। उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां और बरामदगी होने की प्रबल संभावना है। इसका मतलब यह है कि पुलिस इस मॉड्यूल के पूरे नेटवर्क को जड़ से उखाड़ फेंकने की तैयारी में है।
सीमावर्ती अमृतसर क्यों बना है ड्रग तस्करी का हॉटस्पॉट
अमृतसर पाकिस्तान सीमा से बेहद करीब होने की वजह से हमेशा से ड्रग तस्करों के निशाने पर रहा है। अंतरराष्ट्रीय सीमा से हेरोइन और अन्य नशीले पदार्थों की तस्करी के मामले यहां लगातार सामने आते रहते हैं। तरनतारन जिला भी सीमावर्ती क्षेत्र होने की वजह से तस्करों के लिए एक प्रमुख रूट बना हुआ है।
इस बार पकड़े गए मॉड्यूल में एक आरोपी तरनतारन का और दूसरा अमृतसर का है, जो इस बात की पुष्टि करता है कि ये तस्कर सीमावर्ती इलाकों में एक व्यवस्थित नेटवर्क के तहत काम कर रहे थे। काउंटर इंटेलिजेंस की इस कार्रवाई से इस नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है, लेकिन असली सफलता तब मानी जाएगी जब इनके ऊपर के सप्लायरों और फंडिंग करने वालों तक पुलिस की पहुंच हो।
आम लोगों के लिए क्या है संदेश
Amritsar Heroin Seized जैसे मामले यह बताते हैं कि पंजाब पुलिस नशे के खिलाफ लगातार सख्ती बरत रही है। 7 किलोग्राम हेरोइन की बरामदगी कोई छोटी बात नहीं है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इतनी मात्रा की कीमत करोड़ों रुपये होती है। अगर यह खेप सड़कों पर पहुंच जाती तो सैकड़ों परिवारों को तबाह कर सकती थी। पंजाब के युवाओं और उनके परिवारों के लिए यह एक राहत की खबर है कि सुरक्षा एजेंसियां चौकस हैं और तस्करों को पकड़ रही हैं।
मुख्य बातें (Key Points)
- काउंटर इंटेलिजेंस अमृतसर ने ड्रग तस्करी मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए 7 किलोग्राम हेरोइन के साथ दो आरोपियों इंदरजीत सिंह (तरनतारन) और रविंदर शर्मा (अमृतसर) को गिरफ्तार किया।
- मारुति सुजुकी ब्रेजा कार की ड्राइवर सीट के नीचे से 4 किलो और दूसरे आरोपी से 3 किलो हेरोइन बरामद हुई, एक बाइक भी जब्त की गई।
- NDPS एक्ट की धारा 21, 25 और 29 के तहत FIR दर्ज, कमर्शियल क्वांटिटी होने से 10 से 20 साल तक की सजा का प्रावधान है।
- DGP गौरव यादव ने बताया कि जांच जारी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां व बरामदगी होने की प्रबल संभावना है।








