AGTF Punjab Bathinda Arrest : एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) पंजाब ने बठिंडा पुलिस के साथ मिलकर एक संयुक्त ऑपरेशन में बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए शहर के एक कारोबारी को लूटने की साजिश रचने वाले दो मुलजिमों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के कब्जे से दो गैर-कानूनी देसी .32 बोर पिस्तौलें, मैगजीन और चार जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (DGP) पंजाब गौरव यादव ने शनिवार, 21 मार्च 2026 को यह जानकारी देते हुए बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ये हथियार दिल्ली से खरीदे गए थे।
कौन हैं गिरफ्तार आरोपी: एक का आपराधिक रिकॉर्ड
गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों की पहचान जैकी कुमार उर्फ जैकी, निवासी परसराम नगर, बठिंडा और विकास अरोड़ा, निवासी विशाल नगर, बठिंडा के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार विकास अरोड़ा कोई सामान्य अपराधी नहीं है, बल्कि वह आपराधिक पृष्ठभूमि वाला दोषी है और पहले से घरेलू हिंसा के एक मामले में भी शामिल रहा है। यह बात साफ करती है कि ये आरोपी पहले से कानून की नजर में थे और अब एक बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।
DGP गौरव यादव ने स्पष्ट किया कि दोनों मुलजिम बठिंडा के एक प्रतिष्ठित व्यापारी को निशाना बनाकर उसे लूटने की पूरी योजना बना चुके थे। अगर पुलिस ने समय रहते कार्रवाई नहीं की होती तो शहर में एक बड़ी लूट की वारदात हो सकती थी। DGP ने यह भी बताया कि हथियारों की दिल्ली से आपूर्ति के तार जुड़ने के बाद अब इस मामले में आगे-पीछे के सभी संबंधों की गहराई से जांच की जा रही है।
ऐसे हुआ संयुक्त ऑपरेशन: भागने की कोशिश भी नाकाम
ऑपरेशन की विस्तृत जानकारी देते हुए डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (DIG) AGTF गुरमीत चौहान ने बताया कि AGTF बठिंडा की टीम को विश्वसनीय सूत्रों से पुख्ता खबर मिली कि जैकी उर्फ जैकी और विकास अरोड़ा, जो डकैती करने की योजना बना रहे थे और जिनके पास गैर-कानूनी हथियार थे, उन्हें पंचवटी क्षेत्र में मित्तल मॉल के पास देखा गया है।
इस सूचना पर तेजी से कार्रवाई करते हुए DSP AGTF बठिंडा रेंज जसपाल सिंह ने तुरंत बठिंडा जिला पुलिस के साथ सूचना साझा की और संयुक्त ऑपरेशन की कमान संभाली। सीनियर पुलिस सुपरिंटेंडेंट (SSP) बठिंडा डॉ. ज्योति यादव ने बताया कि ऑपरेशन के दौरान दोनों संदिग्ध व्यक्तियों को GT रोड, बठिंडा की तरफ से आते हुए देखा गया। जैसे ही उन्होंने सरहिंद नहर के निकट संतपुरा रोड पर लगे पुलिस नाके को देखा, उन्होंने भागने की कोशिश की, लेकिन मुस्तैद पुलिस पार्टी ने उन्हें दबोच लिया और उनके कब्जे से गैर-कानूनी हथियार बरामद कर लिए।
यह पूरा ऑपरेशन AGTF और बठिंडा पुलिस के बीच शानदार तालमेल की मिसाल है। सूचना मिलने से लेकर गिरफ्तारी तक पुलिस ने जिस तेजी और सटीकता से काम किया, उसने एक बड़ी वारदात को अंजाम दिए जाने से पहले ही नाकाम कर दिया।
दिल्ली से बठिंडा तक हथियारों की सप्लाई चेन: जांच के दायरे में
इस पूरे मामले का सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि गैर-कानूनी हथियार दिल्ली से खरीदे गए थे। DGP गौरव यादव ने स्पष्ट किया कि जांच एजेंसियां अब इस बात की पड़ताल कर रही हैं कि दिल्ली में कौन सा नेटवर्क इन हथियारों की सप्लाई कर रहा है और क्या इन दोनों आरोपियों के किसी बड़े गिरोह से संबंध हैं। यह जांच आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासों की तरफ ले जा सकती है।
पंजाब में गैर-कानूनी हथियारों की तस्करी कोई नई बात नहीं है, लेकिन दिल्ली से सीधे बठिंडा तक हथियारों का पहुंचना यह दर्शाता है कि अपराधी तत्व अंतरराज्यीय नेटवर्क का इस्तेमाल कर रहे हैं। ऐसे में AGTF का यह ऑपरेशन सिर्फ दो आरोपियों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसकी जड़ तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
‘गैंगस्टरां ते वार’ अभियान के तहत पंजाब में जारी है सख्त कार्रवाई
यह गिरफ्तारी मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर पंजाब को अपराध-मुक्त और सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चलाए जा रहे ‘गैंगस्टरां ते वार’ अभियान का हिस्सा है। 20 जनवरी 2026 से शुरू हुए इस अभियान के तहत अब तक पूरे राज्य में सैकड़ों गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। अकेले 14 मार्च 2026 को अभियान के 53वें दिन 186 लोगों को गिरफ्तार किया गया था।
बठिंडा के व्यापारिक समुदाय के लिए यह गिरफ्तारी राहत की खबर है। पिछले कुछ समय से शहर में लूटपाट और अपराध की घटनाओं को लेकर व्यापारियों में डर का माहौल था। AGTF और स्थानीय पुलिस की इस कार्रवाई से व्यापारियों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत होगा।
FIR दर्ज, आगे की जांच जारी
इस मामले में बठिंडा के पुलिस स्टेशन कोतवाली में आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत FIR नंबर 65, दिनांक 20 मार्च 2026 को दर्ज की गई है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि आरोपियों का दिल्ली में किस हथियार तस्कर से संपर्क था, क्या कोई तीसरा व्यक्ति भी इस लूट की योजना में शामिल था और उस कारोबारी को निशाना बनाने के पीछे क्या वजह थी। DGP गौरव यादव ने स्पष्ट किया कि जब तक इस पूरी सप्लाई चेन को ध्वस्त नहीं कर दिया जाता, जांच जारी रहेगी।
मुख्य बातें (Key Points)
- AGTF पंजाब और बठिंडा पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन में कारोबारी को लूटने की योजना बना रहेजैकी कुमार और विकास अरोड़ा को गिरफ्तार किया।
- दोनों के कब्जे से दो गैर-कानूनी देसी .32 बोर पिस्तौलें, मैगजीन और चार जिंदा कारतूस बरामद हुए, जो दिल्ली से खरीदे गए थे।
- विकास अरोड़ा आपराधिक पृष्ठभूमि वाला दोषी है, जो घरेलू हिंसा के मामले में भी शामिल रहा है।
- DGP गौरव यादव ने कहा कि दिल्ली कनेक्शन और हथियारों की सप्लाई चेन की गहराई से जांच जारी है।








