LIVE | ...
सोमवार, 31 अगस्त 2026
🏅 सोना ... | 🥈 चांदी ...
The News Air
📈 NIFTY 50 ... | 🏦 NIFTY BANK ...
No Result
View All Result
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
  • होम
  • राज्य
    • हरियाणा
    • चंडीगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • पश्चिम बंगाल
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
  • LIVE
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • सियासत
  • बिज़नेस
    • टेक्नोलॉजी
    • नौकरी
  • स्पेशल स्टोरी
  • धर्म
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
    • काम की बातें
    • हेल्थ
  • WEB STORIES
No Result
View All Result
The News Air
No Result
View All Result

The News Air - Breaking News - Drug Abuse Warning Signs: क्या आपका बच्चा नशे की ओर बढ़ रहा? जानें शुरुआती संकेत

Drug Abuse Warning Signs: क्या आपका बच्चा नशे की ओर बढ़ रहा? जानें शुरुआती संकेत

पंजाब सरकार ने अभिभावकों से नशीले पदार्थों के सेवन के शुरुआती संकेत पहचानने की अपील की, देखभाल संवेदनशीलता और बातचीत से हर बच्चे को नशे की लत से बचाया जा सकता है, टेली-मानस हेल्पलाइन 1800-89-14416 पर मिलेगा मुफ्त परामर्श

The News Air Team by The News Air Team
सोमवार, 31 अगस्त 2026
in Breaking News, NEWS-TICKER, पंजाब
A A
0
teen age
104
SHARES
691
VIEWS
ShareShareShareShareShare

Drug Abuse Prevention Punjab: किशोरावस्था में मूड स्विंग सामान्य बात है या किसी बड़े खतरे का शुरुआती संकेत? यह सवाल आज हर अभिभावक के मन में उठता है। भगवंत मान सरकार के ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के तहत अब नशे की आपूर्ति पर रोक लगाने के साथ-साथ युवाओं के नशे की चपेट में आने की संभावना को शुरुआती चरण में पहचानने पर भी ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।

देखा जाए तो राज्य सरकार का प्रयास है कि युवाओं को उसी समय मदद मिल सके, जब कभी-कभार या प्रयोग के तौर पर किया जाने वाला नशीले पदार्थों का सेवन आगे चलकर नशे पर निर्भरता या लत में न बदल जाए।

🔍 यह भी पढ़ें- Punjab Drug Bust: विदेशी हैंडलर के गुर्गे से 20 किलो हेरोइन बरामद, ड्रोन से आ रहा था पाकिस्तान से नशा

परिवार ही पहली सुरक्षा पंक्ति

पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा, “देखभाल, संवेदनशीलता और बातचीत के माध्यम से हर बच्चे को नशे की लत से बचाया जा सकता है। परिवार, देखभाल करने वालों और पूरे समाज के रूप में हमें अपनी आंखें, कान और दिल खुले रखने होंगे।”

उन्होंने आगे कहा, “यदि आपको अपने किसी करीबी व्यक्ति के व्यवहार में कुछ चिंताजनक बदलाव दिखाई देते हैं, तो उन पर ध्यान दें और संवेदनशीलता के साथ प्रतिक्रिया दें।”

समझने वाली बात यह है कि नशे की लत अचानक नहीं होती। यह एक धीमी प्रक्रिया है जिसके शुरुआती संकेत होते हैं। अगर परिवार इन संकेतों को पहचान ले, तो समय रहते बच्चे को बचाया जा सकता है।

🔍 यह भी पढ़ें- Punjab Drug Free Campaign में बड़ा कदम: सूरमा मुहिम से बदलेगी तस्वीर

शुरुआती संकेत जो अभिभावक अनदेखा कर देते हैं

नशे की लत हमेशा किसी बड़े या स्पष्ट चेतावनी संकेत के साथ सामने नहीं आती। अक्सर इसकी शुरुआत बहुत चुपचाप होती है।

व्यवहार में बदलाव (Behavioral Changes):

संकेतउदाहरण
दोस्तों में बदलावपुराने दोस्तों की जगह नए, अनजान दोस्त
गुप्त व्यवहारकिसी छिपे समूह का हिस्सा बनना
अलगावघंटों तक बाथरूम या बंद कमरे में रहना
रुचियों में कमीशौक और गतिविधियों में अचानक रुचि खत्म होना
गुस्सैल स्वभावछोटी-छोटी बातों पर चिड़चिड़ापन

अभिभावकों के साथ बातचीत के दौरान बच्चे के व्यवहार में गुस्सा, भावनात्मक उत्तेजना जैसे बदलाव दिखाई दे सकते हैं। स्कूल या शिक्षकों की ओर से बार-बार शिकायतें मिलना भी एक संकेत हो सकता है।

नींद और दैनिक दिनचर्या में बदलाव:

नींद में बदलाव एक महत्वपूर्ण संकेत है:

  • पूरी रात जागते रहना
  • असामान्य समय पर सोना
  • दैनिक दिनचर्या में अचानक बदलाव

दिलचस्प बात यह है कि किशोर का कभी-कभार देर रात तक जागना सामान्य हो सकता है। लेकिन यदि यह Pattern बन जाए, तो चिंता का विषय है।

आर्थिक संकेत:

  • बिना स्पष्ट कारण के बार-बार पैसे मांगना
  • यह न बता पाना कि पैसा कहां खर्च हुआ
  • घर से पैसे गायब होना
  • कीमती सामान चोरी होना
शारीरिक संकेत जो नजरअंदाज नहीं करने चाहिए

दिखावट और स्वच्छता:

  • व्यक्तिगत स्वच्छता में लापरवाही
  • कपड़ों की परवाह न करना
  • नहाने-धोने में अनियमितता

खान-पान में बदलाव:

  • भूख कम होना या अचानक बढ़ना
  • वजन घटना या बढ़ना
  • खाने की आदतों में अचानक बदलाव

स्पष्ट शारीरिक लक्षण:

लक्षणसंभावित संकेत
लाल या धुंधली आंखेंनशीले पदार्थों का सेवन
पुतलियों में असामान्य बदलावविशेष प्रकार के ड्रग्स
अत्यधिक सुस्तीSedatives या अन्य drugs
बार-बार थकानWithdrawal symptoms
बेचैनी, हाथ-पैर कांपनाAddiction के संकेत
बोलने में अस्पष्टताIntoxication
शारीरिक तालमेल में कमीMotor skills प्रभावित
बार-बार चोट के निशानAccidents या self-harm
इंजेक्शन के निशानInjectable drugs का उपयोग
एक संकेत काफी नहीं: Pattern देखना जरूरी

यहां ध्यान देने वाली बात है: किसी एक संकेत के आधार पर नशीले पदार्थों के सेवन की पुष्टि नहीं की जा सकती।

लेकिन यदि कोई बच्चा:

  • लगातार खुद को अलग-थलग रखने लगे
  • बहुत अधिक गुप्त व्यवहार करे
  • अपने आसपास की चीजों के प्रति उदासीन नजर आए
  • मामूली सवाल पूछने पर भी रक्षात्मक हो जाए

तो इन संकेतों के एक साथ दिखाई देने को व्यवहार में बन रहे एक Pattern के रूप में देखना चाहिए। ऐसे समय अभिभावकों को विशेषज्ञ की मदद लेने पर विचार करना चाहिए।

80% छात्रों को नहीं मिलता Practical Experience

जिला नोडल मनोचिकित्सक, संगरूर, डॉ. ईशान प्रकाश ने महत्वपूर्ण जानकारी दी:

“80% Higher Education Students को Practical Experience नहीं मिलता। 47% Formal Workers को नौकरी लेने जाते समय Experience पूछा जाता है, लेकिन Experience है नहीं।”

उन्होंने कहा, “परिवारों द्वारा की जाने वाली सबसे बड़ी गलतियों में से एक है मदद लेने में देरी करते रहना। बच्चा नशीले पदार्थों का सेवन कर रहा है, यह साबित करने के लिए बातचीत शुरू करने या किसी विशेषज्ञ से सलाह लेने से पहले पक्के सबूत की प्रतीक्षा करना जरूरी नहीं है।”

‘लोग क्या कहेंगे’ की चिंता सबसे बड़ी बाधा

समझने वाली बात यह है कि हमारे समाज में कई अभिभावकों की सामाजिक बदनामी या ‘लोग क्या कहेंगे’ जैसी चिंता युवा को समय पर सहायता मिलने में बाधा बन सकती है।

डॉ. ईशान प्रकाश ने कहा, “किसी युवा के गंभीर मुश्किल में फंसने की प्रतीक्षा करने के बजाय समय रहते मार्गदर्शन लेना हमेशा बेहतर होता है। देखभाल करने वाले अभिभावक नशे की लत के खिलाफ पहली सुरक्षा पंक्ति हैं। बच्चों के लिए ऐसा सुरक्षित सहारा बनें कि नशा उनके लिए कभी भी बचने का रास्ता न बने।”

समय पर हस्तक्षेप: कैसे करें बात?

एक बार व्यवहार में किसी तरह का Pattern दिखाई देने लगे, तो उसकी पहचान करने के साथ-साथ अभिभावकों की प्रतिक्रिया भी उतनी ही महत्वपूर्ण हो जाती है।

यह भी पढे़ं 👇

OBC Scholarship Punjab

OBC Scholarship Punjab: 39,320 छात्रों को मिली 15.72 करोड़ की छात्रवृत्ति, सपनों को मिली उड़ान

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Major Rishabh Singh Sambyal

Major Rishabh Singh Sambyal Retires: राष्ट्रपति के ADC ने अचानक छोड़ी Indian Army, क्या है पूरी कहानी?

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Raja Warring

Raja Warring Arrest Order: राष्ट्रीय SC आयोग ने दिए 5 दिन में गिरफ्तारी के आदेश

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Dowry Deaths India

Dowry Deaths India: हर दिन 19 बेटियों की मौत, दहेज प्रथा को खत्म करना क्यों जरूरी?

सोमवार, 31 अगस्त 2026

क्या करें (DO’s):

  1. खुले सवाल पूछें:
    “हमें लगता है कि कोई बात तुम्हें परेशान कर रही है। क्या तुम बताना चाहोगे कि इन दिनों स्कूल में क्या चल रहा है?”
  2. शांत और निष्पक्ष रवैया:
  • बच्चे को भाषण देने या डांटने के बजाय सुनें
  • Calm environment बनाएं
  • Judgment से बचें
  1. वास्तव में सुनें:
  • बच्चे की बात को ध्यान से सुनें
  • Interrupt न करें
  • Empathy दिखाएं

क्या न करें (DON’Ts):

गलत तरीकासही तरीका
शर्मिंदा करनासहानुभूति दिखाना
धमकानासमझना
नकारात्मक लेबल लगानासहारा देना
केवल सजा पर निर्भर रहनासमाधान खोजना
हिंसा चक्र को कैसे तोड़ें?

यदि अभिभावकों को पता चलता है कि बच्चा नशीले पदार्थों का सेवन कर रहा है, तो स्वाभाविक रूप से सख्त प्रतिक्रिया देने का मन हो सकता है। लेकिन ऐसा करना अक्सर स्थिति को और बिगाड़ सकता है।

भावनात्मक रूप से तनावपूर्ण टकराव बच्चे को और अधिक गुप्त व्यवहार की ओर धकेल सकता है।

बेहतर तरीका:

  1. पहले खुद को शांत करें
  2. फिर बच्चे के साथ निजी और शांतिपूर्ण बातचीत करें
  3. उसके व्यवहार के पीछे के कारणों को समझने का प्रयास करें
  4. उसकी बात ध्यान से सुनें
  5. अपनी चिंता और परवाह व्यक्त करें
  6. बच्चे के साथ मिलकर उचित सहायता का रास्ता तलाशें
टेली-मानस हेल्पलाइन: मुफ्त और गोपनीय सहायता

यदि आप अपने बच्चे को लेकर चिंतित हैं या यह समझ नहीं पा रहे हैं कि शुरुआत कहां से करनी है, तो आपको यह सब कुछ अकेले करने की आवश्यकता नहीं है।

टेली-मानस हेल्पलाइन: 1800-89-14416

सुविधाएं:

  • पूरी तरह गोपनीय (Confidential)
  • विशेषज्ञ मनोचिकित्सकों से परामर्श
  • मुफ्त सेवा
  • पंजाबी और हिंदी में उपलब्ध
  • 24/7 उपलब्ध
नशे से बचाव के लिए सरकार के प्रयास

पंजाब सरकार के ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के मुख्य बिंदु:

क्षेत्रकार्यक्रम
रोकथामजागरूकता अभियान, स्कूल कार्यक्रम
पहचानScreening camps, Community outreach
उपचारDe-addiction centers, Rehabilitation
परामर्शटेली-मानस हेल्पलाइन, Counseling centers
कानूननशा तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई
माता-पिता के लिए व्यावहारिक सुझाव

दैनिक स्तर पर:

  1. Quality Time दें: रोज 15-20 मिनट बच्चे के साथ बातचीत
  2. स्कूल से जुड़े रहें: Teachers से नियमित संपर्क
  3. Friends को जानें: बच्चे के दोस्तों से परिचित हों
  4. Digital Activity monitor करें: लेकिन Privacy का सम्मान करें
  5. Trust building करें: ऐसा माहौल बनाएं जहां बच्चा खुलकर बात कर सके

लंबे समय के लिए:

  1. Financial Literacy सिखाएं: पैसे की value समझाएं
  2. Coping Mechanisms सिखाएं: Stress handle करना
  3. Peer Pressure से निपटना: “ना” कहने की हिम्मत देना
  4. Self-esteem बढ़ाना: बच्चे में आत्मविश्वास पैदा करना
  5. Hobbies को प्रोत्साहित करना: Productive activities में व्यस्त रखना
School और Community की भूमिका

केवल परिवार ही नहीं, पूरे समुदाय को जिम्मेदारी लेनी होगी:

Schools:

  • Regular Drug Awareness programs
  • Counselors की उपलब्धता
  • Students में behavioral changes पर नजर
  • Parents-Teachers regular meetings

Community:

  • Neighborhood watch
  • Youth engagement programs
  • Sports और Cultural activities
  • Drug-free zones की निगरानी
Success Stories: बचाव संभव है

डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि सरकार के प्रयासों से हजारों युवा नशे की लत से बाहर आ चुके हैं। Early intervention की सफलता दर बहुत अधिक है।

“जब परिवार समय पर कदम उठाता है, तो 80-90% मामलों में युवा को पूरी तरह से ठीक किया जा सकता है,” उन्होंने कहा।

अंतिम संदेश: प्यार और समझ से जीतें

नशे की लत एक बीमारी है, नैतिक विफलता नहीं। इसे समझना और उसके अनुसार प्रतिक्रिया देना जरूरी है।

हर बच्चे को दूसरा मौका मिलना चाहिए। हर परिवार को सहायता मिलनी चाहिए। और हर समाज को अपने युवाओं की रक्षा करनी चाहिए।

याद रखें: आप अकेले नहीं हैं। मदद उपलब्ध है। टेली-मानस हेल्पलाइन 1800-89-14416 पर संपर्क करें।

मुख्य बातें (Key Points)
  • नशे की लत के शुरुआती संकेत पहचानना जरूरी: व्यवहार, नींद, खान-पान में बदलाव
  • एक संकेत काफी नहीं, Pattern देखना जरूरी
  • ‘लोग क्या कहेंगे’ की चिंता सबसे बड़ी बाधा, समय पर मदद लेना जरूरी
  • बच्चे को शर्मिंदा या धमकाने के बजाय समझें और सहारा दें
  • टेली-मानस हेल्पलाइन 1800-89-14416 पर मुफ्त और गोपनीय परामर्श
  • देखभाल, संवेदनशीलता और बातचीत से हर बच्चे को बचाया जा सकता है

FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न 1: क्या किशोरावस्था में मूड स्विंग हमेशा नशे का संकेत है?

उत्तर: नहीं। Teenage में hormonal changes के कारण mood swings सामान्य हैं। लेकिन अगर ये बदलाव अन्य संकेतों के साथ आएं (अलगाव, गुप्त व्यवहार, शारीरिक लक्षण), तो चिंता का विषय हो सकता है। Single symptom से निष्कर्ष न निकालें, pattern देखें।

प्रश्न 2: अगर बच्चा नशीले पदार्थों का सेवन स्वीकार न करे तो क्या करें?

उत्तर: Force करने या झगड़ा करने के बजाय: (1) शांत रहें, (2) Open-ended questions पूछें, (3) Non-judgmental approach रखें, (4) Trust build करें, (5) Professional help लें – टेली-मानस हेल्पलाइन counselors आपको guide करेंगे कि कैसे बात करें।

प्रश्न 3: De-addiction centers में भर्ती करना जरूरी है क्या?

उत्तर: हर case में hospitalization जरूरी नहीं। शुरुआती stages में outpatient counseling, family therapy और behavioral interventions बहुत effective होते हैं। Severe addiction या health complications में ही residential treatment की जरूरत पड़ती है। विशेषज्ञ ही सही निर्णय ले सकते हैं।

ताज़ा खबरों के लिए हमसे जुड़ें
Google News
WhatsApp
Telegram
Previous Post

Major Rishabh Singh Sambyal Retires: राष्ट्रपति के ADC ने अचानक छोड़ी Indian Army, क्या है पूरी कहानी?

Next Post

OBC Scholarship Punjab: 39,320 छात्रों को मिली 15.72 करोड़ की छात्रवृत्ति, सपनों को मिली उड़ान

The News Air Team

The News Air Team

द न्यूज़ एयर टीम (The News Air Team) अनुभवी पत्रकारों, विषय विशेषज्ञों और शोधकर्ताओं का एक समर्पित समूह है, जो पाठकों तक सटीक, निष्पक्ष और त्वरित समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी टीम राजनीति, सरकारी योजनाओं, तकनीक और जन-सरोकार से जुड़े मुद्दों पर गहराई से विश्लेषण कर तथ्य-आधारित रिपोर्टिंग करती है। 'द न्यूज़ एयर' का मुख्य उद्देश्य डिजिटल पत्रकारिता के उच्चतम मानकों को बनाए रखना और समाज के हर वर्ग को जागरूक करना है। हम हर खबर को पूरी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ आप तक पहुँचाते हैं, ताकि आपको मिले केवल भरोसेमंद जानकारी।

Related Posts

OBC Scholarship Punjab

OBC Scholarship Punjab: 39,320 छात्रों को मिली 15.72 करोड़ की छात्रवृत्ति, सपनों को मिली उड़ान

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Major Rishabh Singh Sambyal

Major Rishabh Singh Sambyal Retires: राष्ट्रपति के ADC ने अचानक छोड़ी Indian Army, क्या है पूरी कहानी?

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Raja Warring

Raja Warring Arrest Order: राष्ट्रीय SC आयोग ने दिए 5 दिन में गिरफ्तारी के आदेश

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Dowry Deaths India

Dowry Deaths India: हर दिन 19 बेटियों की मौत, दहेज प्रथा को खत्म करना क्यों जरूरी?

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Lucknow Venom Centre

Lucknow Venom Centre: सांप के जहर से बनेगी जान बचाने वाली दवा, यूपी का पहला सरकारी केंद्र

सोमवार, 31 अगस्त 2026
UPTET Result Shock

UPTET Result Shock: 62,000 Teachers फेल, क्या जाएगी नौकरी?

सोमवार, 31 अगस्त 2026
Next Post
OBC Scholarship Punjab

OBC Scholarship Punjab: 39,320 छात्रों को मिली 15.72 करोड़ की छात्रवृत्ति, सपनों को मिली उड़ान

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

The News Air

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।

Google News Follow us on Google News

  • About
  • Editorial Policy
  • Privacy & Policy
  • Disclaimer & DMCA Policy
  • Contact

हमें फॉलो करें

No Result
View All Result
  • प्रमुख समाचार
    • राष्ट्रीय
    • अंतरराष्ट्रीय
    • सियासत
  • राज्य
    • पंजाब
    • चंडीगढ़
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • नई दिल्ली
    • महाराष्ट्र
    • पश्चिम बंगाल
    • उत्तर प्रदेश
    • बिहार
    • उत्तराखंड
    • मध्य प्रदेश
    • राजस्थान
  • काम की बातें
  • नौकरी
  • बिज़नेस
  • टेक्नोलॉजी
  • मनोरंजन
  • धर्म
  • हेल्थ
  • स्पेशल स्टोरी
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • WEB STORIES

© 2026 The News Air | सटीक समाचार। सर्वाधिकार सुरक्षित।